Indus Water Treaty: सिंधु जल संधि को लेकर भारत का पाकिस्तान को करारा जवाब, पाक पर लगाया ये बड़ा इलजाम!

डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। भारत और पाकिस्तान के बीच सिंधु जल संधि को लेकर एक बार फिर से तनातनी देखने को मिल रही है। अमेरिका में भारत के राजदूत विनय क्वात्रा ने इस मुद्दे पर भारत का पक्ष रखा है। उन्होंने कहा है कि दोनों देशों के बीच यह समझौता भरोसे और अच्छे रिश्तों की सोच के साथ हुआ था, लेकिन पाकिस्तान के व्यवहार ने उस माहौल को कमजोर कर दिया है। उन्होंने यह भी कहाहै कि हाल के आतंकी हमले के बाद भारत ने जो भी फैसला लिया है, वो उस स्थिति को देखते हुए लिया गया है। राजदूत का यह भी साफ कहना है कि अगर पाकिस्तान अच्छे संबंध चाहता है, तो उसे पहले आतंकवाद के खिलाफ ठोस कदम उठाने पड़ेंगे।
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पाकिस्तान के रवैये पर सवाल
विनय क्वात्रा ने कहा कि सिंधु जल समझौता दोस्ती की भावना से बनाया गया था। उनका कहना है कि कई सालों में पाकिस्तान ने उस भरोसे को नुकसान पहुंचाने की पूरी कोशिशें की हैं। इसलिए भारत का फैसला अचानक नहीं, बल्कि हालात को देखते हुए लिया गया कदम है। राजदूत ने कहा कि अगर पाकिस्तान भारत से किसी भी मुद्दे पर बात करना चाहता है, तो उसे सबसे पहले आतंकवाद पर कार्रवाई करनी होगी। उन्होंने कहा कि हिंसा और बातचीत एक साथ नहीं चल सकती है। इसी तरह शांति और आतंक एक साथ नहीं रह सकते हैं।
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समझौते पर भी दी जानकारी
उन्होंने बताया कि 1960 में हुए इस समझौते के तहत छह नदियों को दो हिस्सों में बांटा गया था। तीन पूर्वी नदियों का उपयोग भारत को मिला और जबकि तीन पश्चिमी नदियों का बड़ा हिस्सा पाकिस्तान के पास गया था। उन्होंने कहा कि समझौते की यही व्यवस्था आज भी चर्चा का विषय बनी हुई है।
Created On :   2 Aug 2026 3:50 PM IST












