उत्तर प्रदेश: वीर महान ने भदोही का नाम किया रोशन

May 3rd, 2022

हाईलाइट

  • उनकी छाती और बाहों पर टैटू उनकी छवि को मजबूत करते हैं।

डिजिटल डेस्क, भदोही। उत्तर प्रदेश का एक जिला भदोही है जिसने एक नई और एक वैश्विक पहचान पाई है। यह जिला कारपेट (कालीन) के लिए जाना जाता है। यहां के वीर महान डब्ल्यूडब्ल्यूई में पहुंच गए हैं, और भदोही के गोपीगंज को एक नई पहचान दिलाई है।

एक कालीन मजदूर नूर मोहम्मद ने कहा कि लोग भदोही के बारे में बात कर रहे हैं क्योंकि वीर महान सुर्खियों में आ गए। हम अब तक केवल कालीनों के लिए जाने जाते थे, लेकिन अब हमारे पास शेखी बघारने के लिए कुछ नया है। 8 अगस्त 1988 को जन्मे वीर महान के पिता ट्रक ड्राइवर हैं। वीर के नौ भाई-बहन हैं। वीर महान का पहले नाम रिंकू सिंह था। उनका परिवार, किसी कारण से, फेमस हो गए अपने बेटे के बारे में बात करने को तैयार नहीं हैं।

कुश्ती में नाम कमा चुके वीर महान कॉलेज के दिनों में भाला फेंकते थे। उन्होंने इस खेल में जूनियर स्तर का राष्ट्रीय पदक भी हासिल किया है। रिंकू सिंह राजपूत, जिन्हें अब वीर महान के नाम से जाना जाता है, का जन्म उत्तर प्रदेश के गोपीगंज में हुआ था। वह 6 फीट 4 इंच लंबे हैं, और उसका वजन 276 पाउंड है।

वह पेशेवर बेसबॉल खेलने वाले पहले भारतीय खिलाड़ी भी थे, जिन्हें पिट्सबर्ग पाइरेट्स ने शामिल किया था। दरअसल, फिल्म मिलियन डॉलर आर्म (2014) भी उन्हीं की जिंदगी पर आधारित थी। रिंकू सिंह ने अपने सपनों को पूरा करने के लिए सालों पहले घर छोड़ दिया था, इसलिए गोपीगंज में बहुत से लोग उनसे परिचित नहीं हैं।

गृहिणी श्रीकांता मिश्रा ने कहा कि अब हम उन्हें टेलीविजन पर देखते हैं और यह हमारे लिए हमेशा गर्व का क्षण होता है। हम उस दिन का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं जब वह एक सेलिब्रिटी के रूप में घर लौटेंगे।रिंकू सिंह ने जनवरी 2018 में अपना पहला डब्ल्यूडब्ल्यूई अनुबंध साइन किया और एनएक्सटी टैग टीम इंडस शेर में प्रतिस्पर्धा की थी, जिसमें जिंदर महल और शंकी उनके साथी थे। वह मई 2020 में वीर नाम के स्टेज के साथ मेन रोस्टर पर पहुंचे थे। जिसके बाद 2021 में उनका नाम वीर महान हो गया।

इसके बाद रिंकू ने गोविंद सिंह स्पोर्ट्स एक्टिविटी फैकल्टी में एडमिशन लिया। रिंकू सिंह को वीर महान बनने से पहले बेसबॉल खिलाड़ी की जानकारी दी गई थी। लंबे बाल, बहती दाढ़ी और माथे पर त्रिपुंडी (चंदन से बनी तीन रेखाएं) के साथ वीर महान खुद को एक पौराणिक चरित्र के रूप में प्रस्तुत करते हैं। उनकी छाती और बाहों पर टैटू उनकी छवि को मजबूत करते हैं।

 

(आईएएनएस)