एक ही सांस में पानी पीना पड़ सकता है भारी, किडनी पर पड़ सकता है बुरा असर

एक ही सांस में पानी पीना पड़ सकता है भारी, किडनी पर पड़ सकता है बुरा असर
भागदौड़ भरी जिंदगी में थकान होना लाजिमी है, लेकिन अक्सर देखा जाता है कि कई लोग थकान को मिटाने के लिए पानी की पूरी बोतल एक ही बार में खत्म कर देते हैं। खासकर युवा एक सांस में पूरा पानी पीने की आदत को मजेदार समझते हैं। स्वास्थ्य विशेषज्ञों की मानें तो यह आदत खतरनाक है।

नई दिल्ली, 27 मार्च (आईएएनएस)। भागदौड़ भरी जिंदगी में थकान होना लाजिमी है, लेकिन अक्सर देखा जाता है कि कई लोग थकान को मिटाने के लिए पानी की पूरी बोतल एक ही बार में खत्म कर देते हैं। खासकर युवा एक सांस में पूरा पानी पीने की आदत को मजेदार समझते हैं। स्वास्थ्य विशेषज्ञों की मानें तो यह आदत खतरनाक है।

वैज्ञानिक रिसर्च के मुताबिक, हमारा शरीर पानी को धीरे-धीरे अवशोषित करता है। शरीर में मौजूद किडनी का काम खून को साफ करना और जरूरी तत्वों का संतुलन बनाए रखना होता है। किडनी के अंदर छोटे-छोटे फिल्टर होते हैं, जिन्हें नेफ्रॉन कहा जाता है। जब हम एकदम से बहुत ज्यादा पानी पी लेते हैं, तो किडनी पर अचानक अतिरिक्त दबाव पड़ता है। इस दबाव के कारण किडनी को पानी को फिल्टर करने में ज्यादा मेहनत करनी पड़ती है, जिससे लंबे समय में उसकी कार्यक्षमता प्रभावित हो सकती है।

विशेषज्ञों का कहना है कि एक बार में ज्यादा पानी पीना शरीर के इलेक्ट्रोलाइट संतुलन को भी बिगाड़ सकता है। शरीर में सोडियम और अन्य मिनरल्स का संतुलन बहुत जरूरी होता है। जब अचानक बहुत सारा पानी शरीर में पहुंचता है, तो यह संतुलन गड़बड़ा सकता है, जिससे चक्कर आना, कमजोरी या उल्टी जैसी समस्याएं हो सकती हैं। कुछ मामलों में यह स्थिति गंभीर भी हो सकती है, जिसे मेडिकल भाषा में वाटर इंटॉक्सिकेशन कहा जाता है।

इसके अलावा, पानी की कमी और गलत आदतें जैसे पेशाब को लंबे समय तक रोककर रखना भी शरीर के लिए नुकसानदायक है। जब कोई व्यक्ति बार-बार पेशाब रोकता है, तो इससे मूत्र मार्ग में बैक्टीरिया पनपने का खतरा बढ़ जाता है। यह धीरे-धीरे इंफेक्शन का रूप ले सकता है और अगर समय पर ध्यान न दिया जाए तो इसका असर किडनी तक पहुंच सकता है।

गर्मियों के मौसम में प्यास ज्यादा लगना सामान्य बात है, लेकिन इसका मतलब यह नहीं है कि एक बार में बहुत सारा पानी पी लिया जाए। शरीर को पानी की जरूरत लगातार और संतुलित मात्रा में होती है। जब हम थोड़ी-थोड़ी मात्रा में पानी पीते हैं, तो शरीर उसे बेहतर तरीके से उपयोग कर पाता है। इससे न केवल किडनी पर दबाव कम पड़ता है, बल्कि शरीर हाइड्रेट भी बना रहता है।

स्वास्थ्य विशेषज्ञ सलाह देते हैं कि पानी हमेशा आराम से, बैठकर और घूंट में पीना चाहिए। इससे शरीर को पानी को अवशोषित करने का समय मिलता है और वह अपने सभी जरूरी कार्य सही तरीके से कर पाता है।

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Created On :   27 March 2026 1:33 PM IST

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