ममता बनर्जी के नेतृत्व वाले तृणमूल गुट ने कलकत्ता हाईकोर्ट में रैली वाली जगह पर लगी रोक के आदेश को दी चुनौती

ममता बनर्जी के नेतृत्व वाले तृणमूल गुट ने कलकत्ता हाईकोर्ट में रैली वाली जगह पर लगी रोक के आदेश को दी चुनौती
ममता बनर्जी के नेतृत्व वाले तृणमूल कांग्रेस गुट ने सोमवार को कलकत्ता हाईकोर्ट की एकल पीठ का रुख करते हुए कोलकाता पुलिस की उस अधिसूचना को चुनौती दी, जिसमें व्यस्त एस्प्लेनेड चौराहे के पास स्थित सीईएससी हाउस के सामने 60 दिनों के लिए निषेधाज्ञा लागू की गई है। यह स्थान पार्टी के वार्षिक शहीद दिवस कार्यक्रम का पारंपरिक आयोजन स्थल माना जाता है।

कोलकाता, 13 जुलाई (आईएएनएस)। ममता बनर्जी के नेतृत्व वाले तृणमूल कांग्रेस गुट ने सोमवार को कलकत्ता हाईकोर्ट की एकल पीठ का रुख करते हुए कोलकाता पुलिस की उस अधिसूचना को चुनौती दी, जिसमें व्यस्त एस्प्लेनेड चौराहे के पास स्थित सीईएससी हाउस के सामने 60 दिनों के लिए निषेधाज्ञा लागू की गई है। यह स्थान पार्टी के वार्षिक शहीद दिवस कार्यक्रम का पारंपरिक आयोजन स्थल माना जाता है।

न्यायमूर्ति सौगत भट्टाचार्य की एकल पीठ ने याचिका स्वीकार कर ली है। मामले की अगली सुनवाई 15 जुलाई को होगी।

हाल ही में कोलकाता पुलिस ने एक अधिसूचना जारी कर भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (बीएनएसएस), 2023 की धारा 163 लागू की थी। इसके तहत मध्य कोलकाता के व्यस्त एस्प्लेनेड चौराहे के पास स्थित सीईएससी हाउस के सामने चार या उससे अधिक लोगों के एकत्र होने पर प्रतिबंध लगाया गया है।

संयोग से यह प्रतिबंध जिस अवधि के लिए लगाया गया है, उसमें 21 जुलाई भी शामिल है, जिस दिन तृणमूल कांग्रेस की वार्षिक शहीद दिवस रैली प्रस्तावित है।

याचिका में ममता बनर्जी के नेतृत्व वाले गुट ने विशेष रूप से इस अवधि के दौरान निषेधाज्ञा लागू किए जाने के औचित्य पर सवाल उठाया है। याचिकाकर्ता की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता और तृणमूल कांग्रेस के चार बार के लोकसभा सांसद कल्याण बनर्जी ने इस आदेश को "मनमाना" और "मौलिक अधिकारों के विपरीत" बताया है।

वर्ष 2025 तक तृणमूल कांग्रेस अपनी वार्षिक शहीद दिवस रैली सीईएससी हाउस के सामने आयोजित करती रही थी। हालांकि अब पार्टी दो गुटों में बंट चुकी है—एक अल्पमत गुट, जिसका नेतृत्व ममता बनर्जी और अभिषेक बनर्जी कर रहे हैं, तथा दूसरा विद्रोही लेकिन बहुमत वाला गुट, जिसका नेतृत्व पार्टी से निष्कासित विधायक ऋतब्रत बनर्जी कर रहे हैं।

ऋतब्रत बनर्जी के नेतृत्व वाले गुट ने पहले ही घोषणा कर दी है कि उसे इस वर्ष 21 जुलाई को जवाहरलाल नेहरू रोड पर महात्मा गांधी की प्रतिमा के सामने वैकल्पिक स्थल पर रैली आयोजित करने की अनुमति मिल गई है।

वहीं, ममता बनर्जी के नेतृत्व वाला गुट शहीद दिवस रैली सीईएससी हाउस के सामने ही आयोजित कराने पर अड़ा हुआ है। अब यह देखना होगा कि कलकत्ता हाईकोर्ट इस गुट को उसी स्थान पर रैली की अनुमति देता है या किसी अन्य स्थल पर आयोजन की इजाजत देता है।

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Created On :   13 July 2026 5:03 PM IST

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