उत्तर प्रदेश सभी 18 मंडलों में 31 मई तक बाढ़ नियंत्रण कक्ष स्थापित करने के निर्देश
लखनऊ, 15 मई (आईएएनएस )। उत्तर प्रदेश सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग युद्ध स्तर पर तैयारियों में जुटा है। बाढ़ नियंत्रण कक्ष की स्थापना, नालों की सफाई, तटबंधों की सुरक्षा, बाढ़ सुरक्षा समितियों के गठन समेत तमाम उपाय आगामी मानसून के दौरान बड़ी राहत साबित होंगे। प्रदेश के सभी 18 मंडलों में 31 मई तक एकीकृत बाढ़ नियंत्रण कक्ष स्थापित करने का निर्देश दिया गया है ताकि पहली जून से इन्हें संचालित किया जा सके।
सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग के मुताबिक इस वर्ष रिकॉर्ड गति से कार्य करते हुए अब तक लगभग 4 हजार किलोमीटर लंबाई के तटबंधों को सुरक्षित किया गया है। वहीं नदियों-नालों के किनारे बसे गांवों और कृषि भूमि को कटान से बचाने के लिए 300 परियोजनाओं पर काम चल रहा है। इन्हें 15 जून तक पूरा कर लिया जाएगा।
संवेदनशील और अति-संवेदनशील स्थानों पर कटाव निरोधक कार्य पूरे किए जा रहे हैं। नदियों के किनारों पर पत्थर की पिचिंग और जियो-बैग्स का उपयोग कर सुरक्षा घेरा भी मजबूत किया जा रहा है।
विभाग के मुताबिक शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में जलभराव की समस्या से निपटने के लिए ड्रेनेज सिस्टम पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। मार्च 2026 तक 16 हजार किलोमीटर से अधिक लंबाई में नालों की सिल्ट सफाई का काम पूरा हो चुका है। बारिश शुरू होने से पहले बचे सभी संवेदनशील जगहों पर सफाई का काम पूरा कर लिया जाएगा। इसके जरिए भारी बारिश होने पर पानी की निर्बाध निकासी से फसलों और गांव-बस्तियों को डूबने से बचाया जा सकेगा।
सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग की तरफ से लखनऊ, वाराणसी, गोरखपुर, प्रयागराज समेत प्रदेश के सभी 18 मंडलों में 31 मई तक एकीकृत बाढ़ नियंत्रण कक्ष स्थापित करने का निर्देश दिया गया है। यह प्रक्रिया अंतिम चरण में है। बाढ़ और प्रभावित क्षेत्रों की निगरानी के लिए यह कक्ष 15 जून से 15 अक्टूबर तक 24 घंटे सक्रिय रहेंगे। जलस्तर की रियल टाइम निगरानी और आपदा की स्थिति में त्वरित कार्रवाई इनके जरिए सुनिश्चित कराई जाएगी।
सामाजिक स्तर पर भी विभाग अपनी तैयारियां पुख्ता कर रहा है। विभिन्न ग्रामीण इलाकों में ‘बाढ़ सुरक्षा समितियां’ तैयार की जा रहीं हैं। इनमें संबंधित क्षेत्र के जूनियर इंजीनियर, ग्राम प्रधान, लेखपाल समेत अन्य स्थानीय लोगों को जोड़ा जा रहा है, जिनकी जिम्मेदारी बाढ़ और आपदा की स्थिति में तत्काल सूचना पहुंचाने की होगी। साथ ही राहत से जुड़े काम में मदद करेंगे।
-- आईएएनएस
विकेटी/वीसी
अस्वीकरण: यह न्यूज़ ऑटो फ़ीड्स द्वारा स्वतः प्रकाशित हुई खबर है। इस न्यूज़ में BhaskarHindi.com टीम के द्वारा किसी भी तरह का कोई बदलाव या परिवर्तन (एडिटिंग) नहीं किया गया है| इस न्यूज की एवं न्यूज में उपयोग में ली गई सामग्रियों की सम्पूर्ण जवाबदारी केवल और केवल न्यूज़ एजेंसी की है एवं इस न्यूज में दी गई जानकारी का उपयोग करने से पहले संबंधित क्षेत्र के विशेषज्ञों (वकील / इंजीनियर / ज्योतिष / वास्तुशास्त्री / डॉक्टर / न्यूज़ एजेंसी / अन्य विषय एक्सपर्ट) की सलाह जरूर लें। अतः संबंधित खबर एवं उपयोग में लिए गए टेक्स्ट मैटर, फोटो, विडियो एवं ऑडिओ को लेकर BhaskarHindi.com न्यूज पोर्टल की कोई भी जिम्मेदारी नहीं है|
Created On :   15 May 2026 8:30 PM IST












