दबिश: हत्याकांड व मकोका का आरोपी मुंबई से गिरफ्तार

July 25th, 2022

डिजिटल डेस्क, नागपुर। पारडी में मोहनीश ठाकरे हत्याकांड में शामिल व मकोका का फरार आरोपी सोमेश उर्फ सोनू बीरसिंह बिलोरिया (27),  गंगाबाग,  पारडी निवासी को क्राइम ब्रांच पुलिस की यूनिट-5 की टीम ने  निरीक्षक मुकुंदा सालुंखे के नेतृत्व में मुंबई के वर्सोवा से गिरफ्तार कर नागपुर लाया। आराेपी को पकड़ने के लिए हनीट्रैप का सहारा लिया गया। आरोपी सोमेश ने तीन साथियों के साथ मिलकर मोहनीश को दुश्मनी के चलते मौत के घाट उतारा था। मोहनीश गुमशुदा होने की शिकायत पारडी थाने में दर्ज होने के बाद आरोपियों की यह करतूत उजागर हुई थी। मोहनीश टाइल्स लगाने का काम करता था। 

ढाई साल से पुलिस को चकमा दे रहा था : सोमेश बिलोरिया नामक अपराधी के बारे में क्राइम ब्रांच पुलिस की यूनिट 5 को गुप्त सूचना मिली कि, वह मुंबई के वर्सोवा में छिपा हुआ है। टीम के उप-निरीक्षक इंगले सहयोगियों के साथ शनिवार को मुंबई पहुंचे और वर्सोवा में आरोपी को दबोच लिया। आरोपी को रविवार को नागपुर लाया गया। वरिष्ठ पुलिस निरीक्षक मुकुंदा सालुंखे ने बताया कि, आरोपी करीब ढाई साल से पुलिस के साथ आंख-मिचौली का खेल खेल रहा था।

यह है मामला : आरोपी सोमेश ने पारडी में नवंबर 2019 में मोहनीश ठाकरे (25), शिव नगर, पारडी निवासी की साथियों के साथ मिलकर हत्या की थी। मोहनीश की हत्या के बाद शव पेट्रोल डालकर जला दिया था। पेट्रोल का जुगाड़ आरोपी सोमेश ने किया था। मोहनीश का अधजला शव जामठा के नाले फेंक दिया था। उस समय जांच के दौरान यूनिट 5 को 4 हड्डियां नाले में मिली थीं। डीएनए टेस्ट में मृतक मोहनीश की पहचान हुई थी, तब पुलिस ने मोहनीश के परिजनों से मुलाकात कर उनका डीएनए टेस्ट कराया था, तब मोहनीश हत्याकांड का पर्दाफाश हुआ था। तब से आरोपी सोमेश फरार था। इस हत्याकांड में आरोपी सोमेश के साथी अक्षय येवले, नीलेश आगरे और अमोल हीरापुरे को गिरफ्तार कर लिया गया था। आरोपियों के इस गिरोह पर मकोका की कार्रवाई भी की गई थी। आरोपी सोमेश पर हत्या के 2, लूटपाट, सेंधमारी सहित 7-8 मामले दर्ज हैं।

इन्होंने की कार्रवाई  क्राइम ब्रांच पुलिस के उपायुक्त चिन्मय पंडित के मार्गदर्शन में कार्रवाई की गई। यूनिट 5 के वरिष्ठ पुलिस निरीक्षक मुकुंदा सालुंखे के नेतृत्व में कार्रवाई की गई। एपीआई संतोष चौधरी, उप-निरीक्षक संतोष इंगले, हवलदार दीपक कारोकार, नायब सिपाही अनिल बावणे, साइबर सेल के उप-निरीक्षक बलराम झाडोकर व सहयोगियों ने कार्रवाई की।