comScore

© Copyright 2019-20 : Bhaskarhindi.com. All Rights Reserved.

BS6: नई Honda X-Blade बाइक भारत में हुई लॉन्च, हुए ये बदलाव

BS6: नई Honda X-Blade बाइक भारत में हुई लॉन्च, हुए ये बदलाव

हाईलाइट

  • शुरुआती कीमत 1.06 लाख रुपए है
  • इसमें कई सारे नए फीचर्स दिए गए हैं
  • कई सारे कॉस्मेटिक बदलाव किए गए हैं

डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। जापानी कंपनी Honda (होंडा) ने भारत में अपनी X-Blade (एक्स-ब्लेड) बाइक का BS6 मॉडल लॉन्च कर दिया। यह बाइक चार कलर ऑप्शन में उपलब्ध है। बाइक को दो वेरियंट (सिंगल डिस्क और डबल डिस्क) में बाजार में उतारा गया है। बात करें कीमत की तो Honda Motorcycle & Scooter India (होंडा मोटरसाइकिल एंड स्कूटर इंडिया) ने दोनों वेरिएंट की कीमत क्रमश: 1.06 लाख और 1.11 लाख रुपए रखी है। 

कंपनी ने इस नई बाइक में कई सारे कॉस्मेटिक बदलाव किए हैं। इसके अलावा अब इस बाइक में कई नए फीचर्स भी मिलेंगे। वहीं इसका माइलेज और परफोर्मेंस भी पहले के मुकाबले बेहतर होगा। आइए जानते हैं इस बाइक के बारे में...

Hero Xtreme 160R भारत में हुई लॉन्च, जानें कीमत और खूबियां

फीचर्स
Honda X-Blade में रोबो-फेस LED हेडलैम्प दिया गया है। इसके फ्यूल टैंक पर नए डायनैमिक ग्राफिक्स मिलेंगे। इसके अलावा चंकी ग्रैब रेल्स, शार्प साइड कवर्स, हगर फेंडर्स, लिंक टाइप गियर शिफ्टर, ड्यूल आउटलेट मफलर, LED टेललैम्प और हैजर्ड स्विच जैसे फीचर्स इस बाइक में मिलेंगे। इसके अलावा बाइक में अपडेटेड स्ट्रीट-टेक डिजिटल मीटर है, जिसमें डिजिटल क्लॉक, गियर पोजिशन इंडिकेटर और सर्विस ड्यू इंडिकेटर जैसे फीचर्स मिलते हैं। 

ब्रकिंग और सस्पेंशन
नई X-Blade के दोनों वेरियंट में फ्रंट में 276 mm डिस्क ब्रेक मिलते हैं। वहीं ड्यूल डिस्क वेरियंट में रियर में 220 mm डिस्क ब्रेक और सिंगल डिस्क वेरियंट में रियर में 130 mm ड्रम ब्रेक दिया गया है। इस बाइक में एंटी लॉक ब्रेकिंग सिस्टम (ABS) दिया गयाा है। बात करें सस्पेंशन की तो इसके फ्रंट में टेलेस्कोपिक और रियर में हाइड्रोलिक मोनोशॉक सस्पेंशन दिए गए हैं।

2020 Honda Grazia 125 BS6 भारत में हुआ लॉन्च, जानें कीमत और फीचर्स

इंजन और पावर
2020 Honda X-Blade में BS6 कम्प्लायंट 162.71cc इंजन दिया गया है, जो कि PGM-FI फ्यूल सिस्टम के साथ आता है। यह इंजन 13.7 hp की पावर और 14.7 Nm टॉर्क जेनरेट करता है। इंजन 5-स्पीड गियरबॉक्स से लैस है।  

कमेंट करें
kbKF7
कमेंट पढ़े
Mansur alam August 22nd, 2020 00:43 IST

. Muje stallment pr Lena h

NEXT STORY

Real Estate: खरीदना चाहते हैं अपने सपनों का घर तो रखे इन बातों का ध्यान, भास्कर प्रॉपर्टी करेगा मदद

Real Estate: खरीदना चाहते हैं अपने सपनों का घर तो रखे इन बातों का ध्यान, भास्कर प्रॉपर्टी करेगा मदद

डिजिटल डेस्क, जबलपुर। किसी के लिए भी प्रॉपर्टी खरीदना जीवन के महत्वपूर्ण कामों में से एक होता है। आप सारी जमा पूंजी और कर्ज लेकर अपने सपनों के घर को खरीदते हैं। इसलिए यह जरूरी है कि इसमें इतनी ही सावधानी बरती जाय जिससे कि आपकी मेहनत की कमाई को कोई चट ना कर सके। प्रॉपर्टी की कोई भी डील करने से पहले पूरा रिसर्च वर्क होना चाहिए। हर कागजात को सावधानी से चेक करने के बाद ही डील पर आगे बढ़ना चाहिए। हालांकि कई बार हमें मालूम नहीं होता कि सही और सटीक जानकारी कहा से मिलेगी। इसमें bhaskarproperty.com आपकी मदद कर सकता  है। 

जानिए भास्कर प्रॉपर्टी के बारे में:
भास्कर प्रॉपर्टी ऑनलाइन रियल एस्टेट स्पेस में तेजी से आगे बढ़ने वाली कंपनी हैं, जो आपके सपनों के घर की तलाश को आसान बनाती है। एक बेहतर अनुभव देने और आपको फर्जी लिस्टिंग और अंतहीन साइट विजिट से मुक्त कराने के मकसद से ही इस प्लेटफॉर्म को डेवलप किया गया है। हमारी बेहतरीन टीम की रिसर्च और मेहनत से हमने कई सारे प्रॉपर्टी से जुड़े रिकॉर्ड को इकट्ठा किया है। आपकी सुविधाओं को ध्यान में रखकर बनाए गए इस प्लेटफॉर्म से आपके समय की भी बचत होगी। यहां आपको सभी रेंज की प्रॉपर्टी लिस्टिंग मिलेगी, खास तौर पर जबलपुर की प्रॉपर्टीज से जुड़ी लिस्टिंग्स। ऐसे में अगर आप जबलपुर में प्रॉपर्टी खरीदने का प्लान बना रहे हैं और सही और सटीक जानकारी चाहते हैं तो भास्कर प्रॉपर्टी की वेबसाइट पर विजिट कर सकते हैं।

ध्यान रखें की प्रॉपर्टी RERA अप्रूव्ड हो 
कोई भी प्रॉपर्टी खरीदने से पहले इस बात का ध्यान रखे कि वो भारतीय रियल एस्टेट इंडस्ट्री के रेगुलेटर RERA से अप्रूव्ड हो। रियल एस्टेट रेगुलेशन एंड डेवेलपमेंट एक्ट, 2016 (RERA) को भारतीय संसद ने पास किया था। RERA का मकसद प्रॉपर्टी खरीदारों के हितों की रक्षा करना और रियल एस्टेट सेक्टर में निवेश को बढ़ावा देना है। राज्य सभा ने RERA को 10 मार्च और लोकसभा ने 15 मार्च, 2016 को किया था। 1 मई, 2016 को यह लागू हो गया। 92 में से 59 सेक्शंस 1 मई, 2016 और बाकी 1 मई, 2017 को अस्तित्व में आए। 6 महीने के भीतर केंद्र व राज्य सरकारों को अपने नियमों को केंद्रीय कानून के तहत नोटिफाई करना था।