दैनिक भास्कर हिंदी: मध्य प्रदेश में होने वाले उपचुनावों के लिए होगा VVPAT मशीनों का इस्तेमाल

October 6th, 2017

डिजिटल डेस्क,भोपाल। मध्यप्रदेश के सतना जिले में स्थित चित्रकूट और अशोकनगर जिले में स्थित मुंगवाली विधानसभा के उपचुनाव वोटर वेरीफाइड पेपर ऑडिट ट्रायल (VVPAT) मशीन से होंगे। भारत चुनाव आयोग ने इसके लिए निर्देश जारी कर दिए हैं। जल्द ही इन दोनों सीटों के उपचुनाव के लिए तारीखों की घोषणा की जाएगी। सतना एवं अशोकनगर जिलों में चुनाव आयोग की इलेक्ट्रानिक वोटिंग मशीन (EVM) पहले से ही मौजूद हैं तथा अब इनमें VVPAT मशीन लगाने के लिए संबंधित उपकरण भेजे जाएंगे।

क्या है VVPAT ?
VVPAT से जहां मतदाता को स्क्रीन पर कुछ सेकंड के लिए दिख जाएगा कि उसने किसको वोट दिया है, वहीं मशीन से एक पर्ची निकलेगी जिसमें जिस उम्मीदवार को वोट दिया गया है उसका नाम, चुनाव चिन्ह तथा पर्ची का सीरियल नंबर होगा जो एक अलग बाक्स में मतदान केंद्र का पीठासीन अधिकारी रख देगा। EVM से मतगणना के दौरान अगर उम्मीदवार कहता है कि उसे EVM में दर्ज मतों पर भरोसा नहीं है तो फिर इन पर्चियों को गिना जाएगा तथा जिस उम्मीदवार को जो मत मिले हैं उन्हें लिखा जाएगा।

सुप्रीम कोर्ट ने दिए थे आदेश
गौरतलब है कि VVPAT के उपयोग के लिए सुप्रीम कोर्ट ने 8 अक्टूबर 2013 को आदेश दिए थे। जिसमें कहा था कि इसे धीरे-धीरे उपयोग में लाया जाए। चुनाव आयोग ने तब से कई चुनी हुई विधानसभा एवं लोकसभा सीटों पर इसका उपयोग किया, लेकिन अब चुनाव आयोग ने निर्णय लिया है कि आने वाले सभी विधानसभा एवं लोकसभा आम चुनावों तथा उपचुनावों में VVPAT का उपयोग किया जाएगा।

उल्लेखनीय है कि नगरीय एवं पंचायत चुनाव कराने वाला राज्य निर्वाचन आयोग अपनी अलग EVM रखता है तथा विधानसभा एवं लोकसभा चुनाव कराने वाले चुनाव आयोग की अलग EVM होती हैं तथा हर जिले के कलेक्टर के अधीन ये दोनों EVM मशीनें संरक्षित होती हैं तथा दोनों आयोग हर चार माह में इनके संधारण की रिपोर्ट संबंधित जिला कलेक्टरों से लेते हैं। एसएस बंसल संयुक्त मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी मप्र का कहना है कि प्रदेश की चित्रकूट एवं मुंगावली विधानसभा सीटों के उपचुनावों में VVPAT मशीन का उपयोग होगा। इसके लिए चुनाव आयोग के निर्देश मिल गए हैं।