IND-PAK तनाव: ऑपरेशन सिंदूर के समय एमपी में हुआ अलर्ट जारी, राजधानी से लेकर मुख्य शहरों में पुलिस हुई तैनात

- भारत और पाकिस्तान के बीच भारी तनातनी
- युद्ध जैसे बन रहे हालात
- एमपी में भी किया गया अलर्ट जारी
डिजिटल डेस्क, भोपाल। भारत और पाकिस्तान में लगातार तनाव बढ़ता जा रहा है। दोनों देशों के बीच गंभीर तनाव देखते हुए मध्य प्रदेश में भी हाई अलर्ट जारी कर दिया गया है। इंदौर में बिना किसी भी अनुमति के होने वाले सभी आयोजनों को बैन कर दिया है। पुलिस कमिश्नर संतोष कुमार की तरफ से इसका आदेश जारी कर दिया गया है और ये आदेश 4 जुलाई 2025 तक लागू रहने वाला है।
एमपी की राजधानी भोपाल में शुक्रवार को सुबह लोगों ने बड़े तालाब के किनारे बोट क्लब पर खड़े सुदर्शन चक्र टैंक पर तिरंगा लहराया है। साथ ही वंदे मातरम के नारे लगाए गए हैं। लोगों ने कहा कि, समय आ गया है आतंकवाद को पूरी तरह से खत्म करने का और भारत की सेना बहुत ही लाजवाब तरीके से ये काम कर रही है। बहुत जल्द ही पाकिस्तान का नाम तक नहीं बचेगा।
प्रदेश के सैन्य ठिकानों की बढ़ी सुरक्षा
एमपी में मौजूद सभी सेना के ठिकानों पर सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी गई है। प्रदेश की राजधानी भोपाल के अलावा कटनी, महू, जबलपुर, ग्वालियर में पुलिस अलर्ट पर हैं। इन शहरों में ही संदिग्ध लोगों की सड़कों से लेकर रेलवे स्टेशनों तक में लगातार चेकिंग जारी है।
मंडला और नैनपुर में पुलिस पेट्रोलिंग को बढ़ाया
मंडला में एएसपी, एसडीओपी और कोतवाली थाना प्रभारी की तरफ से शहर का दौरा किया जा रहा है और सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाई गई है। वहीं, नैनपुर में भी थाना प्रभारी और एसडीओपी ने नगरों का जायजा लिया है।
ग्वालियर पर लगी रोक
ग्वालियर कलेक्टर की तरफ से आदेश जारी किए गए हैं कि किसी भी तरह से बिना पुष्टि के वीडियोज, रील्स और मैसेज को सोशल मीडिया पर अपलोड करने पर रोक लगाई गई है।
बांधों पर बढ़ी सुरक्षा
केंद्र सरकार की नई गाइडलाइन के बाद मध्य प्रदेश में बांधों की सुरक्षा व्यवस्था काफी बढ़ा दी गई है। भोपाल के बड़े तालाब में अब सुरक्षा कर्मियों के साथ विशेष स्टाफ को तैनात किया गया है। नर्मदापुरम में स्थित तवा डैम क्षेत्र में भी लोगों का आना-जाना पूरी तरह से बैन कर दिया गया है। इसके अलावा भी प्रदेश के कई सारे डैमों में रोक लगी है।
ग्वालियर का जयारोग्य अस्पताल अलर्ट पर
ग्वालियर-चंबल संभाग का सबसे बड़ा सरकारी (जयारोग्य हॉस्पिटल) अलर्ट मोड पर है। डॉक्टर को 24 घंटे मोबाइल चालू रखने के निर्देश दिए गए हैं। साथ ही एम्बुलेंस, ट्रॉमा सेंटर व्यवस्था दुरुस्त रखने के साथ-साथ दवाओं के स्टॉक रखने के भी निर्देश दिए गए हैं।
Created On :   9 May 2025 11:07 AM IST













