comScore

© Copyright 2019-20 : Bhaskarhindi.com. All Rights Reserved.

छत्तीसगढ़ : प्लास्टिक कचरा के बदले भोजन योजना शुरू

October 09th, 2019 20:30 IST
 छत्तीसगढ़ : प्लास्टिक कचरा के बदले भोजन योजना शुरू

अंबिकापुर, 9 अक्टूबर (आईएएनएस)। छत्तीसगढ़ के अंबिकापुर में पर्यावरण संरक्षण और प्लास्टिक मुक्ति अभियान को निराला अंदाज दिया गया है। यहां एक किलो प्लास्टिक पर एक समय का खाना और 500 ग्राम प्लास्टिक पर नाश्ता दिया जाने लगा है। इसके लिए गार्बेज कैफे बनाया गया है। इस कैफे में राज्य के स्वास्थ्य मंत्री टी. एस. सिंहदेव ने स्वयं खाना खाकर अभियान की शुरुआत की।

अम्बिकापुर के प्रतीक्षा बस स्टैंड पर बनाए गए गार्बेज कैफे का बुधवार को स्वास्थ्य मंत्री सिंहदेव ने लोकार्पण किया और उसके बाद कैफे में ही बैठकर उन्होंने खाना भी खाया। इस मौके पर उन्होंने नगर निगम की पहल का स्वागत करते हुए कहा, यह शहर को प्लास्टिक मुक्त करने की मुहिम है, जिसमें एक किलोग्राम प्लास्टिक लाने पर एक वक्त का खाना और 500 ग्राम प्लास्टिक लाने पर नाश्ता दिया जाएगा।

नगर निगम अम्बिकापुर ने इससे पहले विभिन्न किस्म के कचरा को अलग करने का भी अभियान चलाया। इसका जिक्र करते हुए सिंहदेव ने कहा, नगर निगम अपने अभियान में रुका नहीं और उसने प्लास्टिक का कचरा देने के बदले खाना देने की मुहिम की शुरुआत की है। यह देश और दुनिया के लिए नजीर बनेगा।

ज्ञात हो कि सरगुजा जिले के मुख्यालय अंबिकापुर के नगर निगम ने शहर को साफ-सुथरा और प्लास्टिक मुक्त बनाने के लिए यह नई योजना बनाई है। इस योजना का मकसद शहर को पूरी तरह प्लास्टिक मुक्त बनाना है। इस योजना को कुछ इस तरह तैयार किया गया है कि जो लोग कचरा बीनने का काम करते हैं, उन्हें प्लास्टिक कचरे के एवज में भोजन और नाश्ता दिया जाए।

निगम की योजना के अनुसार, एक किलोग्राम प्लास्टिक का कचरा लाने पर 40 रुपये मूल्य का भोजन और 500 ग्राम कचरे पर 20 रुपये कीमत का नाश्ता संबंधित व्यक्ति को दिया जाएगा। इसके लिए बस स्टैंड पर गार्बेज कैफे तैयार किया गया है। खाने में रोटी, चावल, दाल के अलावा दो तरह की सब्जी दी जा रही है।

कमेंट करें
CkZdb
NEXT STORY

Real Estate: खरीदना चाहते हैं अपने सपनों का घर तो रखे इन बातों का ध्यान, भास्कर प्रॉपर्टी करेगा मदद

Real Estate: खरीदना चाहते हैं अपने सपनों का घर तो रखे इन बातों का ध्यान, भास्कर प्रॉपर्टी करेगा मदद

डिजिटल डेस्क, जबलपुर। किसी के लिए भी प्रॉपर्टी खरीदना जीवन के महत्वपूर्ण कामों में से एक होता है। आप सारी जमा पूंजी और कर्ज लेकर अपने सपनों के घर को खरीदते हैं। इसलिए यह जरूरी है कि इसमें इतनी ही सावधानी बरती जाय जिससे कि आपकी मेहनत की कमाई को कोई चट ना कर सके। प्रॉपर्टी की कोई भी डील करने से पहले पूरा रिसर्च वर्क होना चाहिए। हर कागजात को सावधानी से चेक करने के बाद ही डील पर आगे बढ़ना चाहिए। हालांकि कई बार हमें मालूम नहीं होता कि सही और सटीक जानकारी कहा से मिलेगी। इसमें bhaskarproperty.com आपकी मदद कर सकता  है। 

जानिए भास्कर प्रॉपर्टी के बारे में:
भास्कर प्रॉपर्टी ऑनलाइन रियल एस्टेट स्पेस में तेजी से आगे बढ़ने वाली कंपनी हैं, जो आपके सपनों के घर की तलाश को आसान बनाती है। एक बेहतर अनुभव देने और आपको फर्जी लिस्टिंग और अंतहीन साइट विजिट से मुक्त कराने के मकसद से ही इस प्लेटफॉर्म को डेवलप किया गया है। हमारी बेहतरीन टीम की रिसर्च और मेहनत से हमने कई सारे प्रॉपर्टी से जुड़े रिकॉर्ड को इकट्ठा किया है। आपकी सुविधाओं को ध्यान में रखकर बनाए गए इस प्लेटफॉर्म से आपके समय की भी बचत होगी। यहां आपको सभी रेंज की प्रॉपर्टी लिस्टिंग मिलेगी, खास तौर पर जबलपुर की प्रॉपर्टीज से जुड़ी लिस्टिंग्स। ऐसे में अगर आप जबलपुर में प्रॉपर्टी खरीदने का प्लान बना रहे हैं और सही और सटीक जानकारी चाहते हैं तो भास्कर प्रॉपर्टी की वेबसाइट पर विजिट कर सकते हैं।

ध्यान रखें की प्रॉपर्टी RERA अप्रूव्ड हो 
कोई भी प्रॉपर्टी खरीदने से पहले इस बात का ध्यान रखे कि वो भारतीय रियल एस्टेट इंडस्ट्री के रेगुलेटर RERA से अप्रूव्ड हो। रियल एस्टेट रेगुलेशन एंड डेवेलपमेंट एक्ट, 2016 (RERA) को भारतीय संसद ने पास किया था। RERA का मकसद प्रॉपर्टी खरीदारों के हितों की रक्षा करना और रियल एस्टेट सेक्टर में निवेश को बढ़ावा देना है। राज्य सभा ने RERA को 10 मार्च और लोकसभा ने 15 मार्च, 2016 को किया था। 1 मई, 2016 को यह लागू हो गया। 92 में से 59 सेक्शंस 1 मई, 2016 और बाकी 1 मई, 2017 को अस्तित्व में आए। 6 महीने के भीतर केंद्र व राज्य सरकारों को अपने नियमों को केंद्रीय कानून के तहत नोटिफाई करना था।