comScore

© Copyright 2019-20 : Bhaskarhindi.com. All Rights Reserved.

UP: दलित महिला के अंतिम संस्कार के मामले में मायावती ने की उच्चस्तरीय जांच की मांग

UP: दलित महिला के अंतिम संस्कार के मामले में मायावती ने की उच्चस्तरीय जांच की मांग

हाईलाइट

  • दलित महिला के अंतिम संस्कार के मामले में मायावती ने की उच्चस्तरीय जांच की मांग

डिजिटल डेस्क, लखनऊ। उत्तर प्रदेश के आगरा में अंतिम संस्कार के दौरान दलित महिला के शव को उच्च वर्ग के लोगों के शमशान घाट से हटाने का मामला अब गरमाने लगा है। इसे लेकर बहुजन समाज पार्टी (बसपा) की राष्ट्रीय अध्यक्ष मायावती ने जमकर हमला बोला है। उन्होंने इस मामले में उप्र सरकार से उच्च स्तरीय जांच की मांग उठाई है।

मायावती ने मंगलवार को ट्वीट किया, उप्र में आगरा के पास एक दलित महिला का शव वहां के जातिवादी मानसिकता रखने वाले उच्च वर्ग के लोगों ने इसलिए चिता से हटा दिया, क्योंकि वह शमशान-घाट उच्च वर्ग का था। यह अति-शर्मनाक व अति-निन्दनीय भी है। इस जातिवादी घृणित मामले की यूपी सरकार द्वारा उच्च स्तरीय जांच होनी चाहिये तथा दोषियों को सख्त से सख्त सजा मिलनी चाहिये, ताकि प्रदेश में ऐसी घटना की फिर से ना हो सके।

उन्होंने एक अन्य ट्वीट में लिखा, मध्यप्रदेश के दलित परिवार में जन्मे दिल्ली के एक डॉक्टर की कोरोना से हुई मौत दु:खद। दिल्ली सरकार को भी अपनी जातिवादी मानसिकता को त्यागकर उसके परिवार की पूरी आर्थिक मदद जरूर करनी चाहिये, जिन्होंने कर्जा लेकर उसे डाक्टरी की पढ़ाई कराई।

गौरतलब है कि उत्तर प्रदेश के आगरा शहर में एक दलित महिला के शव को लोगों ने करीब सप्ताह भर पहले चिता से उठवा दिया। परिवार वालों ने गांव के बाहर एक शमशान में अंतिम संस्कार की तैयारी की, लेकिन कुछ दबंगों ने वहां पहुंचकर शव को चिता से उठवा दिया। उन्होंने कहा कि शमशान घाट उनका है, दलित यहां अंतिम संस्कार नहीं कर सकते।

इसके बाद पीड़ित परिवार ने दूसरे श्मशान में जाकर अंतिम संस्कार किया। इसका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था। इस घटना के एक सप्ताह बाद पुलिस सक्रिय हुई है। अछनेरा तहसील के रायभा गांव में नट जाति के लोग रहते हैं। काफी समय से यहां शमशान की जमीन को लेकर गांव के कुछ लोगों से उनका विवाद है। एसएसपी बबलू कुमार ने बताया कि सीओ अछनेरा को इस मामले की जांच सौंपी गई है। दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।

कमेंट करें
Po5XO
NEXT STORY

Real Estate: खरीदना चाहते हैं अपने सपनों का घर तो रखे इन बातों का ध्यान, भास्कर प्रॉपर्टी करेगा मदद

Real Estate: खरीदना चाहते हैं अपने सपनों का घर तो रखे इन बातों का ध्यान, भास्कर प्रॉपर्टी करेगा मदद

डिजिटल डेस्क, जबलपुर। किसी के लिए भी प्रॉपर्टी खरीदना जीवन के महत्वपूर्ण कामों में से एक होता है। आप सारी जमा पूंजी और कर्ज लेकर अपने सपनों के घर को खरीदते हैं। इसलिए यह जरूरी है कि इसमें इतनी ही सावधानी बरती जाय जिससे कि आपकी मेहनत की कमाई को कोई चट ना कर सके। प्रॉपर्टी की कोई भी डील करने से पहले पूरा रिसर्च वर्क होना चाहिए। हर कागजात को सावधानी से चेक करने के बाद ही डील पर आगे बढ़ना चाहिए। हालांकि कई बार हमें मालूम नहीं होता कि सही और सटीक जानकारी कहा से मिलेगी। इसमें bhaskarproperty.com आपकी मदद कर सकता  है। 

जानिए भास्कर प्रॉपर्टी के बारे में:
भास्कर प्रॉपर्टी ऑनलाइन रियल एस्टेट स्पेस में तेजी से आगे बढ़ने वाली कंपनी हैं, जो आपके सपनों के घर की तलाश को आसान बनाती है। एक बेहतर अनुभव देने और आपको फर्जी लिस्टिंग और अंतहीन साइट विजिट से मुक्त कराने के मकसद से ही इस प्लेटफॉर्म को डेवलप किया गया है। हमारी बेहतरीन टीम की रिसर्च और मेहनत से हमने कई सारे प्रॉपर्टी से जुड़े रिकॉर्ड को इकट्ठा किया है। आपकी सुविधाओं को ध्यान में रखकर बनाए गए इस प्लेटफॉर्म से आपके समय की भी बचत होगी। यहां आपको सभी रेंज की प्रॉपर्टी लिस्टिंग मिलेगी, खास तौर पर जबलपुर की प्रॉपर्टीज से जुड़ी लिस्टिंग्स। ऐसे में अगर आप जबलपुर में प्रॉपर्टी खरीदने का प्लान बना रहे हैं और सही और सटीक जानकारी चाहते हैं तो भास्कर प्रॉपर्टी की वेबसाइट पर विजिट कर सकते हैं।

ध्यान रखें की प्रॉपर्टी RERA अप्रूव्ड हो 
कोई भी प्रॉपर्टी खरीदने से पहले इस बात का ध्यान रखे कि वो भारतीय रियल एस्टेट इंडस्ट्री के रेगुलेटर RERA से अप्रूव्ड हो। रियल एस्टेट रेगुलेशन एंड डेवेलपमेंट एक्ट, 2016 (RERA) को भारतीय संसद ने पास किया था। RERA का मकसद प्रॉपर्टी खरीदारों के हितों की रक्षा करना और रियल एस्टेट सेक्टर में निवेश को बढ़ावा देना है। राज्य सभा ने RERA को 10 मार्च और लोकसभा ने 15 मार्च, 2016 को किया था। 1 मई, 2016 को यह लागू हो गया। 92 में से 59 सेक्शंस 1 मई, 2016 और बाकी 1 मई, 2017 को अस्तित्व में आए। 6 महीने के भीतर केंद्र व राज्य सरकारों को अपने नियमों को केंद्रीय कानून के तहत नोटिफाई करना था।