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प्रमुख आर्थिक आंकड़ों, तिमाही नतीजों से तय होगी घरेलू शेयर बाजार की चाल

October 06th, 2019 11:00 IST
 प्रमुख आर्थिक आंकड़ों, तिमाही नतीजों से तय होगी घरेलू शेयर बाजार की चाल

नई दिल्ली, 6 अक्टूबर (आईएएनएस)। देश के शेयर बाजार की चाल तय करने में इस सप्ताह जारी होने वाले प्रमुख आर्थिक आंकड़ों के साथ-साथ घरेलू कंपनियों की दूसरी तिमाही के वित्तीय नतीजों की अहम भूमिका होगी। इसके अलावा, घरेलू व विदेशी घटनाक्रमों और डॉलर के मुकाबले रुपये की चाल का भी असर देखने को मिलेगा।

भारतीय शेयर बाजार में बीते सप्ताह बिकवाली के भारी दबाव में प्रमुख संवेदी सूचकांकों में भारी गिरावट दर्ज की गई, लेकिन इस सप्ताह कई प्रमुख घरेलू कंपनियां 30 सितंबर को समाप्त हुई तिमाही के लिए अपनी वित्तीय नतीजों की घोषणाएं करने वाली हैं जिन पर निवेशकों की विशेष नजर होगी और इससे बाजार को दिशा भी मिलेगी। साथ ही, बाजार की दिशा तय करने मंे विदेशी पोर्टफोलियो निवेशकों यानी एफपीआई और घरेलू संस्थागत निवेशकों (डीआईआई) के निवेश के प्रति रुझान की अहम भूमिका होगी।

सप्ताह के पहले सत्र में सोमवार को बीते सप्ताह के कुछ प्रमुख फैसले व आंकड़े, मसलन भारतीय रिजर्व बैंक द्वारा रेपो रेट और जीडपी वृद्धि दर में कटौती, अमेरिकी में जारी हुए गैर-कृषि क्षेत्र के रोजगार के आंकड़ों पर भारतीय शेयर बाजार में प्रतिक्रिया देखने को मिल सकती है। अगले दिन मंगलवार को हिंदुओं का प्रमुख त्योहार दशहरा का अवकाश होने के कारण शेयर बाजार बंद रहेगा। इसके अगले दिन बुधवार को अमेरिकी केंद्रीय बैंक फेडरल रिजर्व के ओपन मार्केट कमेटी की हाल ही में हुई बैठक के मिनट्स जारी होंगे। गुरुवार को देश की प्रमुख कंपनी टीसीएस अपनी दूसरी तिमाही के वित्तीय आंकड़े जारी करेगी और इंडसइंड बैंक के भी वित्तीय नतीजे जारी होंगे। अगले दिन शुक्रवार को इन्फोसिस भी चालू वित्त वर्ष की दूसरी तिमाही के अपने आंकड़े जारी करेंगी।

सप्ताह के आखिर में शुक्रवार को अगस्त महीने के लिए देश के औद्योगिक उत्पादन के आंकड़े जारी होंगे।

सबसे खास बात यह है कि अमेरिका और चीन व्यापारिक मसलों को सुलझाने की दिशा में इस सप्ताह फिर बातचीत शुरू करने जा रहे हैं, जिससे संबंधित घटनाक्रम पर निवेशकों की नजर बनी रहेगी।

पिछले सप्ताह के आखिर में शुक्रवार को आरबीआई ने फिर प्रमुख ब्याज दर यानी रेपो रेट में 25 आधार अंकों की कटौती कर इसे 5.15 फीसदी कर दिया। हालांकि इस पर बाजार में कोई उत्साह नहीं दिखा क्योंकि केंद्रीय बैंक द्वारा भारत के जीडीपी वृद्धि दर अनुमान में कटौती किया जाना बाजार को रास नहीं आया। आरबीआई ने चालू वित्त वर्ष 2019-20 के लिए जीडीपी वृद्धि दर अनुमान 6.9 फीसदी से घटाकर 6.1 फीसदी कर दिया है।

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Real Estate: खरीदना चाहते हैं अपने सपनों का घर तो रखे इन बातों का ध्यान, भास्कर प्रॉपर्टी करेगा मदद

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डिजिटल डेस्क, जबलपुर। किसी के लिए भी प्रॉपर्टी खरीदना जीवन के महत्वपूर्ण कामों में से एक होता है। आप सारी जमा पूंजी और कर्ज लेकर अपने सपनों के घर को खरीदते हैं। इसलिए यह जरूरी है कि इसमें इतनी ही सावधानी बरती जाय जिससे कि आपकी मेहनत की कमाई को कोई चट ना कर सके। प्रॉपर्टी की कोई भी डील करने से पहले पूरा रिसर्च वर्क होना चाहिए। हर कागजात को सावधानी से चेक करने के बाद ही डील पर आगे बढ़ना चाहिए। हालांकि कई बार हमें मालूम नहीं होता कि सही और सटीक जानकारी कहा से मिलेगी। इसमें bhaskarproperty.com आपकी मदद कर सकता  है। 

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ध्यान रखें की प्रॉपर्टी RERA अप्रूव्ड हो 
कोई भी प्रॉपर्टी खरीदने से पहले इस बात का ध्यान रखे कि वो भारतीय रियल एस्टेट इंडस्ट्री के रेगुलेटर RERA से अप्रूव्ड हो। रियल एस्टेट रेगुलेशन एंड डेवेलपमेंट एक्ट, 2016 (RERA) को भारतीय संसद ने पास किया था। RERA का मकसद प्रॉपर्टी खरीदारों के हितों की रक्षा करना और रियल एस्टेट सेक्टर में निवेश को बढ़ावा देना है। राज्य सभा ने RERA को 10 मार्च और लोकसभा ने 15 मार्च, 2016 को किया था। 1 मई, 2016 को यह लागू हो गया। 92 में से 59 सेक्शंस 1 मई, 2016 और बाकी 1 मई, 2017 को अस्तित्व में आए। 6 महीने के भीतर केंद्र व राज्य सरकारों को अपने नियमों को केंद्रीय कानून के तहत नोटिफाई करना था।