Gondia News: गरीबों के राशन में कीड़े और कचरा, सरकारी अनाज की गुणवत्ता पर उठे सवाल, 600 कार्डधारकों को घटिया गेहूं बांटने का आरोप

गरीबों के राशन में कीड़े और कचरा, सरकारी अनाज की गुणवत्ता पर उठे सवाल, 600 कार्डधारकों को घटिया गेहूं बांटने का आरोप
  • आमगांव तहसील के घाटटेमनी की राशन दुकान से वितरण पर लाभार्थियों में नाराजगी
  • कार्डधारक संजय डोये ने गेहूं में कीड़े और कचरा होने का लगाया आरोप
  • राशन दुकानदार का दावा—सरकारी गोदाम से मिला अनाज ही किया जा रहा वितरित

Gondia News गरीब परिवारों को किफायती दर पर अनाज उपलब्ध कराने के दावे करने वाली सरकारी राशन वितरण प्रणाली की लापरवाही सामने आ रही है। आमगांव तहसील के घाटटेमनी की राशन दुकान से निकृष्ठ दर्जे का अनाज वितरित किया जा रहा है। दुकानदारों का कहना है कि यह अनाज सरकारी गोदामों से ही राशन दुकानों में पहुंचा है। लाभार्थियों का आरोप है कि जब अनाज खाने योग्य ही नहीं है तो इस तरह का वितरण क्यों किया जा रहा है।

कार्ड धारक संजय डोये ने आरोप लगाया कि राशन दुकानों से मिलने वाले गेहूं में कीड़े और भारी मात्रा में कचरा मिला हुआ है और यहीं गेहूं लाभार्थियों को अनाज के रूप में वितरित किया जा रहा है। आमगांव तहसील अंतर्गत विविध सेवा सहकारी संस्था मर्या. घाटटेमनी के माध्यम से ग्राम के लाभार्थियों को राशन का वितरण किया जाता है। इस विविध सेवा सहकारी संस्था के माध्यम से ग्राम के लगभग 600 कार्ड धारकों को प्रतिमाह अनाज का वितरण किया जाता है।

लाभार्थियों का कहना है कि मवेशियों को जिस तरह से अनाज दिया जाता है ठीक उसी गुणवत्ता का गेहंू वितरित किया जा रहा है। वहीं राशन दुकानदार का कहना है कि वितरित किया जा रहा अनाज इतना भी निकृष्ठ नहीं है, जो वितरित किया ना जा सके। सरकारी गोदामों से ही जो अनाज राशन दुकान को वितरित किया गया है। वहीं अनाज कार्ड धारकों को दिया जा रहा है।

मिलावट नहीं की जाती : अंत्योदय कार्ड धारकों को 15 किलो गेहूं, 20 किलो चावल, प्राधान्य कार्ड धारकों को 3 किलो चावल व 1-1 किलो गेहंू और मक्का दिया जाता है। राशन में किसी भी प्रकार की मिलावट नहीं की जाती, जो अनाज सरकारी गोदामों से प्राप्त होता है वही अनाज का वितरण किया जाता है। -रोशनलाल फरकुंडे, उपाध्यक्ष विविध सेवा सहकारी संस्था, घाटटेमनी


Created On :   21 Oct 2026 3:40 PM IST

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