अनूठा अभियान: भारतीय रेलवे ने विभिन्न जोनों में 81 लाख 59 हजार पेड़ लगाए, रेलवे ट्रैक- स्टेशन परिसरों और खाली भूमि पर व्यापक वृक्षारोपण

New Delhi News. भारतीय रेल प्रतिदिन 2 करोड़ से अधिक यात्रियों को देश के अलग-अलग हिस्सों में ले जाने वाली केवल एक परिवहन साधन नहीं, बल्कि अपने व्यापक आकार, पहुंच और संकल्प के साथ भारत को हरित भविष्य की ओर अग्रसर करने वाली एक सशक्त संस्था है। भारतीय रेलवे ने 2025-26 में विभिन्न जोनों में 81 लाख 59 हजार पेड़ लगाए हैं। रेल मंत्रालय ने गुरुवार को बताया कि इस हरित अभियान में प्रमुख योगदान पूर्वोत्तर सीमांत रेलवे (9.3 लाख), दक्षिण मध्य रेलवे (9 लाख), पूर्वोत्तर रेलवे (8.7 लाख) और उत्तरी रेलवे (8.5 लाख) का रहा है। रेलवे ट्रैक, स्टेशन परिसरों और उपलब्ध भूमि पर व्यापक वृक्षारोपण से विभिन्न क्षेत्रों में हरित आवरण बढ़ रहा है। यह पहल कार्बन उत्सर्जन को कम करने, जैव विविधता को बढ़ावा देने और पर्यावरणीय परिस्थितियों में सुधार लाने में सहायक है, जिससे यात्रियों के लिए रेल यात्रा अधिक हरित और स्वास्थ्यकर बन रही है।
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मंत्रालय ने कहा कि यह व्यापक वृक्षारोपण प्राकृतिक कार्बन सिंक के रूप में कार्य करते हुए जलवायु लचीलापन को भी मजबूत करता है, साथ ही शोर और धूल को कम करने में मदद करता है। बेहतर हरित आवरण स्टेशनों और रेल मार्गों के आसपास सूक्ष्म जलवायु को संतुलित करता है, जिससे यात्रियों को अधिक आरामदायक यात्रा अनुभव मिलता है। इसके अतिरिक्त, रेलवे पटरियों के किनारे वृक्षारोपण बुनियादी ढांचे की सुरक्षा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। पेड़ों की जड़ें मिट्टी को बांधने में मदद करती हैं, जिससे कटाव कम होता है और विशेष रूप से पहाड़ी एवं अत्यधिक वर्षा वाले क्षेत्रों में भूस्खलन को रोका जा सकता है। इससे पटरी के अस्थिर होने का जोखिम कम होता है।
Created On :   23 April 2026 8:43 PM IST









