दैनिक भास्कर हिंदी:  नागौद थाने में युवक की मौत पर हंगामा- टीआई लाइन अटैच , 8 पुलिसकर्मी सस्पेंड 

October 2nd, 2019

डिजिटल डेस्क सतना। नागौद थाने में पुलिस हिरासत के दौरान एक युवक रामलाल नामेदव की मौत पर पुलिस अधीक्षक रियाज इकबाल ने थाना प्रभारी मनोज सोनी को लाइन अटैच करते हुए एक महिला एएसआई उमेश तिवारी समेत 8 पुलिस कर्मियों को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। मामले की न्यायिक जांच शुरु कर दी गई है। इससे पहले पुलिस हिरासत में मौत की खबर पर कु्रद्ध भीड़ ने पूर्व विधायक यादवेन्द्र सिंह के नेतृत्व में थाने पहुंच कर विरोध जताया। एसपी ने कहा कि अगर न्यायिक जांच में मौत की वजह पिटाई पाई गई तो संबंधित पुलिस अधिकारियों और कर्मचरियों के विरुद्ध अपराध भी दर्ज कराया जाएगा। 
सट्टा खेलने के आरोप में हुई थी गिरफ्तारी :- 
बताया गया है कि मंगलवार को दोपहर 12 बजे पार्षद संतोष सोनी पिता कंछेदी सोनी के पुरानी कोतवाली के पास स्थित घर में सट्टा खेलने की खबर पर महिला एएसआई उमेश तिवारी के नेतृत्व में टीआई मनोज सोनी ने दबिश के लिए एक पुलिस पार्टी मौके पर भेजी। इस टीम में हेड कांस्टेबल पुष्पराज सिंह, महिला आरक्षक जया सिंह, आरक्षक आकाश द्विवेदी, निरंजन मेहरा, धनेन्द्र सिंह और संताराम प्रजापति को शामिल किया गया था। मौके पर दबिश देकर पुलिस ने तीरथ प्रसाद कोरी पिता अच्छे लाल (31) निवासी खेरवा टोला, जीतेन्द्र कोरी उर्फ  जिमी पिता टुलीचन्द्र (38) निवासी बेलदार, संतोष सोनी पिता कन्छेदी (55) निवासी पुरानी कोतवाली और राम लाल पिता रामभजन नामदेव (45) निवासी गोपाल टोला को गिरफ्तार कर लिया। जबकि संजय उर्फ छोटू सोनी (25) भाग गया। पकड़ में आए आरोपियों के पास से सट्टा-पर्ची,पेन , कार्वन का टुकड़ा  और 19 सौ रुपए की नकदी बरामद की गई। पूछताछ के लिए सभी आरोपी थाने लाए गए। 
 मिर्गी से मौत का दावा
पुलिस के दावे के मुताबिक पूछताछ के लिए थाने लाए गए 4 आरोपियों में से एक  राम लाल पिता रामभजन नामदेव (45) निवासी गोपाल टोला को जैसे ही थाने  के अंदर पुलिस वाहन से उतारा गया। उसे मिर्गी का दौरा पड़ा और वो वहीं पर चक्कर खाकर बेहोश हो गया। बेसुध रामलाल को पुलिस वाहन से सरकारी अस्पताल ले जाया गया लेकिन डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। उधर, मृतक की पत्नी  रेखा ने थाने में पिटाई के कारण मौते के आरोप लगाए हैं। 
इनके खिलाफ हुई कार्यवाही :-- 
पुलिस अधीक्षक ने थाने के अंदर युवक की मौत पर नागौद के थाना प्रभारी मनोज सोनी को लाइन अटैच कर दिया है। जबकि छापामार टीम में शामिल रहीं महिला  एएसआई उमेश तिवारी, हेड कांस्टेबल पुष्पराज सिंह, महिला आरक्षक जया सिंह, आरक्षक आकाश द्विवेदी, निरंजन मेहरा, धनेन्द्र सिंह और संताराम प्रजापति को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। बताया गया है कि  45 वर्षीय राम लाल पिता रामभजन नामदेव मूलत : रीवा जिले के  गुढ़ का रहने वाला है। वो विगत 30 वर्षों से नागौद के गोपाल टोला में किराए के मकान में सपरिवार रह कर सिलाई का काम किया करता था। पत्नी के अलावा उसके घर में एक बेटा और बेटी है। 
 न्यायिक जांच शुरु 
थाने में पिटाई से मौत  के परिजनों के आरोप पर पुलिस अधीक्षक रियाज इकबाल ने जिला मजिस्ट्रेट और कलेक्टर डा.सतेन्द्र सिंह से मामले की न्यायिक जांच कराने का आग्रह किया था। न्यायिक जांच की जिम्मेदारी नागौद के जेएमएफसी रुपेश साहू ने संभालते हुए पड़ताल प्रारंभ कर दी है। मृतक का पोस्टमार्टम तीन डॉक्टरों के पैनल से कराया गया है। पैनल में डॉक्टर रावेन्द्र पटेल, डा. दीपक चौरसिया,  डा. प्रमोद प्रजापति को शामिल किया गया था। पीएम की वीडियोग्राफी भी कराई गई है।