Israel US Iran War: मीडिल ईस्ट में युद्ध के बीच ईरान ने बातचीत के लिए दिए संकेत, राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियान ने सामने रखी ये 3 शर्तें

मीडिल ईस्ट में युद्ध के बीच ईरान ने बातचीत के लिए दिए संकेत, राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियान ने सामने रखी ये 3 शर्तें
अमेरिका-इजराइल और ईरान के बीच युद्ध जारी है। इस युद्ध को शुरू हुए 13 दिन बीत चुके हैं। लेकिन, इसके बावजूद दोनों ओर से हमले कम लेने का नाम नहीं ले रहे हैं। इस बीच ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियान ने युद्ध रोकने के लिए बातचीत के फिर से संकेत दिए हैं।

डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। अमेरिका-इजराइल और ईरान के बीच युद्ध जारी है। इस युद्ध को शुरू हुए 13 दिन बीत चुके हैं। लेकिन, इसके बावजूद दोनों ओर से हमले कम लेने का नाम नहीं ले रहे हैं। इस बीच ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियान ने युद्ध रोकने के लिए बातचीत के फिर से संकेत दिए हैं। दरअसल, ईरानी राष्ट्रपति ने रूस और पाकिस्तान के नेताओं से फोन पर बातचीत की है। इस दौरान उन्होंने कहा कि ईरान बातचीत फिर से शुरू करने के लिए तैयार हो सकता है। हालांकि, ईरान ने इसके लिए तीन शर्तें रखी हैं। इनमें ईरान के सॉवरेन अधिकार, नुकसान का मुआवजा और भविष्य में ऐसे हमले न होने की गारंटी। ईरान अब दूसरी तरफ से जवाब का इंतजार कर रहा है।

इजराइल-अमेरिका से जंग रोकने के लिए ईरान ने रखी ये 3 शर्ते

वहीं, दूसरी ओर इजराइल ईरान पर एक के बाद एक ताबड़तोड़ हमले कर रहा है। इजराइल डिफेंस फॉर्स ने कहा कि उसने लेबनान की राजधानी बेरूत पर बड़े पैमाने पर एयर और सी स्ट्राइक्स किए हैं। इन हमलों में करीब 200 मुनिशन्स इस्तेमाल किए गए। इजरायल का कहना है कि अब तक बेरूत एरिया में लगभग 70 जगहों पर हमले हुए हैं, जिनमें से करीब 50 हाई-राइज बिल्डिंग्स शामिल हैं। इजरायली आर्मी के स्टेटमेंट में ये बताया गया कि ये स्ट्राइक्स हिजबुल्लाह के कमांड सेंटर्स, वेपन्स स्टोरेज साइट्स और दूसरे मिलिट्री टारगेट्स पर फोकस्ड थे। इजरायल का दावा है कि ये हमले 'प्रेसाइज और टारगेटेड' थे, ताकि सिविलियन कैजुअल्टी कम हो, लेकिन लेबनान की तरफ से रिपोर्ट्स में कहा जा रहा है कि कई हमले रेजिडेंशियल एरियाज में हुए।

इजराइल के हमले में 634 ईरानी नागरिकों की मौत

लेबनान की हेल्थ मिनिस्ट्री के मुताबिक, इजरायली अटैक्स से अब तक 634 लोग मारे जा चुके हैं, जिनमें 91 बच्चे और 47 महिलाएं शामिल हैं। डिस्प्लेसमेंट भी बहुत बड़ा है, यानी 7 लाख से 8 लाख से ज्यादा लोग घर छोड़कर भाग चुके हैं। ये आंकड़े 2 मार्च 2026 से शुरू हुई एस्केलेशन के बाद के हैं, जब हिजबुल्लाह ने इजरायल पर रॉकेट और ड्रोन अटैक किए थे, जिसके जवाब में इजरायल ने बेरूत और दूसरे इलाकों पर स्ट्राइक्स बढ़ा दिए।

Created On :   12 March 2026 10:40 AM IST

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