RSS Chief News: RSS के 100 साल पूरे होने पर मोहन भागवत का विदेश से संदेश, कहा- जो जोड़ता है उस पर जोर दें

RSS के 100 साल पूरे होने पर मोहन भागवत का विदेश से संदेश, कहा- जो जोड़ता है उस पर जोर दें
यूनाइटेड किंगडम (यूके) में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के प्रमुख मोहन भागवत एक कार्यक्रम में शामिल हुए। इस दौरान उन्होंने संगठन को लेकर बड़ा बयान दिया है।

डिजिटल डेस्क, लंदन। यूनाइटेड किंगडम (यूके) में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के प्रमुख मोहन भागवत एक कार्यक्रम में शामिल हुए। इस दौरान उन्होंने संगठन को लेकर बड़ा बयान दिया है। उन्होंने समाज की एकता पर जोर देते हुए कहा कि जब वह संगठित हो जाएगा, तो बाकी बचा अपने आप हो जाएगा। वह 17 दिनों से विदेश दौरे पर हैं। वे संघ के 100 साल पूरे होने पर दुनिया के चुनिंदा देशों में संघ के कार्यक्रमों का हिस्सा बन रहे हैं।

सातवीं पीढ़ी को लेकर क्या बोले?

इस कार्यक्रम में मोहन भागवत का कहना है, "सातवीं पीढ़ी से पहले हिंदू समाज को संगठित करने का काम पूरा हो जाना चाहिए। अब आरएसएस हर जगह स्वीकार किया जाता है। हमारे विरोधी भी हमारे काम की उपयोगिता को समझते हैं और फिर ऐसा समाज भी बाकी चीजों का ध्यान रखेगा। हमें उन चीजों पर जोर देना चाहिए, जो हमें जोड़ती हैं, न कि उन पर, जो हमें बांटती हैं।"

RSS किसे मानता है स्वयंसेवक?

मोहन भागवत का कहना है, "अगर आप समाज की भलाई के लिए ईमानदारी और निस्वार्थ भाव से काम कर रहे हैं, तो हम आपको स्वयंसेवक मानते हैं, भले ही आपका हमसे कोई संवाद या जुड़ाव न हो। आप हमारे साथ काम न करते हों, आपको यह भी नहीं पता हो कि आरएसएस का क्या मतलब है। आज आरएसएस के स्वयंसेवक हर क्षेत्र में सेवा कर रहे हैं। यहां तक कि राजनीति में भी। इन सभी क्षेत्रों में हम लोगों से जुड़ रहे हैं। ईमानदारी से उनकी सेवा कर रहे हैं। जहां कोई काम नहीं कर रहा, वहां हम काम कर रहे हैं।"

इन देशों की यात्रा पर संघ प्रमुख

जानकारी के मुताबिक, संघ प्रमुख तीन देशों के 17 दिवसीय दौरे पर हैं। उनकी इस यात्रा का पहला पड़ाव अमेरिका से शुरू हुआ, दूसरा कनाडा और तीसरा ब्रिटेन है। संघ के शताब्दी वर्ष के मौके पर उनका यह पहला विदेश दौरा है। इससे पहले उन्होंने अमेरिका के न्यूयॉर्क के मैडिसन स्क्वायर गार्डन में यूनिवर्सल वननेस सम्मेलन को संबोधित किया था। इसके बाद उन्होंने कनाडा के टोरंटो में हिंदू विश्व बंधु सम्मेलन को संबोधित किया था।

Created On :   7 Sept 2026 1:30 AM IST

Tags

Next Story