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Engine Problem: Kia Seltos के डीजल वेरिएंट में आई ये समस्या, कंपनी ने किया रिकॉल

Engine Problem: Kia Seltos के डीजल वेरिएंट में आई ये समस्या, कंपनी ने किया रिकॉल

हाईलाइट

  • एसयूवी के फ्यूल पंप को लेकर गड़बड़ी सामने आई है
  • तीन इंजन विकल्प में आती है किआ सेल्टॉस एसयूवी
  • 1 अक्टूबर 2019 से 13 मार्च 2020 की कार शामिल

डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। दक्षिण कोरिया की कार निर्माता कंपनी Kia Motors (किआ मोटर्स) ने 2019 में कॉम्पैक्ट एसयूवी Seltos (सेल्टॉस) के साथ भारत में एंट्री ली थी। तीन इंजन विकल्प के साथ आने वाली इस एसयूवी के डीजल इंजन में प्रॉब्लम देखी गई है। ऐसे में कंपनी ने इस वेरिएंट को रिकॉल किया है। 

कंपनी द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार, 1 अक्टूबर 2019 से 13 मार्च 2020 के बीच बनाई गई सभी डीजल सेल्टॉस वेरिएंट में फ्यूल पंप को लेकर गड़बड़ी सामने आई है। जिसके बाद कंपनी ने इन्हें रिकॉल किया है।

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आपको बता दें कि इस एसयूवी में आई समस्या यानी कि फ्यूल पंप में गड़बड़ी की जांच की जाएगी। समस्या होने पर कंपनी इसे फ्री में ही ठीक करेगी और यदि एसयूवी के फ्यूल पंप में दिक्क्त नहीं पाई जाती है तो इसे नहीं बदला जाएगा।

Kia Seltos में तीन इंजन ऑप्शंस मिलते हैं। बात करें डीजल इंजन की तो इसमें 1493cc का डीजल इंजन दिया गया है, जो कि 4000 Rpm पर 113.42 Hp की पावर और 1500-2750 Rpm का 250 टॉर्क जेनरेट करता है। यह इंजन 6 स्पीड मैनुअल ट्रांसमिशन और 6 स्पीड ऑटोमैटिक ट्रांसमिशन के ऑप्शन में उपलब्ध है।  

सुरक्षा के लिहाज से इस एसयूवी में 6-एयरबैग्स, एबीएस, 360 डिग्री कैमरा, इलेक्ट्रॉनिक स्टैबिलिटी कंट्रोल, वीइकल स्टैबिलिटी मैनेजमेंट, हिल स्टार्ट असिस्ट कंट्रोल, फ्रंट व रियर पार्किंग सेंसर्स, ब्लाइंड स्पॉट व्यू मॉनिटर, सभी चारों वील्ज में डिस्क ब्रेक और टायर प्रेशर मॉनिटरिंग सिस्टम जैसे सेफ्टी फीचर्स दिए गए हैं। सेल्टॉस के रियर-व्यू मिरर में तीन बटन दिए गए हैं, जिनका उपयोग रोड साइड असिस्टेंस बुलाने या इमर्जेंसी में कॉल सेंटर को मेसेज भेजने के लिए किया जा सकता है।

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Kia Seltos एनिवर्सरी एडिशन में काफी सारे बदलाव किए गए हैं। इस कार की लंबाई भी पहले के मुकाबले 60mm बढ़ गई है। इसमें सिल्वर डिफ्यूजर फिन्स के साथ टस्क शेप स्किड प्लेट्स, टैंगेराइन फॉग लैम्प बेजल मिलते हैं। इसके अलावा इसमें टैंगेराइन सेंटर कैप के साथ 17 इंच रावेन ब्लैक अलॉय व्हील्स दिए गए हैं। 

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डिजिटल डेस्क, जबलपुर। किसी के लिए भी प्रॉपर्टी खरीदना जीवन के महत्वपूर्ण कामों में से एक होता है। आप सारी जमा पूंजी और कर्ज लेकर अपने सपनों के घर को खरीदते हैं। इसलिए यह जरूरी है कि इसमें इतनी ही सावधानी बरती जाय जिससे कि आपकी मेहनत की कमाई को कोई चट ना कर सके। प्रॉपर्टी की कोई भी डील करने से पहले पूरा रिसर्च वर्क होना चाहिए। हर कागजात को सावधानी से चेक करने के बाद ही डील पर आगे बढ़ना चाहिए। हालांकि कई बार हमें मालूम नहीं होता कि सही और सटीक जानकारी कहा से मिलेगी। इसमें bhaskarproperty.com आपकी मदद कर सकता  है। 

जानिए भास्कर प्रॉपर्टी के बारे में:
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ध्यान रखें की प्रॉपर्टी RERA अप्रूव्ड हो 
कोई भी प्रॉपर्टी खरीदने से पहले इस बात का ध्यान रखे कि वो भारतीय रियल एस्टेट इंडस्ट्री के रेगुलेटर RERA से अप्रूव्ड हो। रियल एस्टेट रेगुलेशन एंड डेवेलपमेंट एक्ट, 2016 (RERA) को भारतीय संसद ने पास किया था। RERA का मकसद प्रॉपर्टी खरीदारों के हितों की रक्षा करना और रियल एस्टेट सेक्टर में निवेश को बढ़ावा देना है। राज्य सभा ने RERA को 10 मार्च और लोकसभा ने 15 मार्च, 2016 को किया था। 1 मई, 2016 को यह लागू हो गया। 92 में से 59 सेक्शंस 1 मई, 2016 और बाकी 1 मई, 2017 को अस्तित्व में आए। 6 महीने के भीतर केंद्र व राज्य सरकारों को अपने नियमों को केंद्रीय कानून के तहत नोटिफाई करना था।