Ram Mandir Donation Theft Case: राम मंदिर चंदा चोरी मामले में चौंकाने वाला अपडेट! बरामद हुई फेक रसीद बुक, आरोपियों ने भी कबूली ये बात

डिजिटल डेस्क, लखनऊ। अयोध्या के राम मंदिर में दान से संबंधित चोरी के मामले में जांच के समय कई नई बातें सामने आई हैं। जांच टीम को कुछ ऐसी रसीदें मिली हैं, जो असली नहीं बल्कि नकली हैं। आरोपियों से पूछताछ करते वक्त उनका मानना है कि इन रसीदों का इस्तेमाल लोगों से पैसे लेने के लिए किया जाता था। पहले ये तरीका अपनाया गया, लेकिन बाद में व्यवस्था बदलने पर इसका इस्तेमाल बंद हो गया है। इस मामले को लेकर राजनीति भी काफी तेज हो गई है। अलग-अलग नेताओं ने अपनी प्रतिक्रियाएं भी दी हैं। हालांकि, जांच अब भी जारी है और पुलिस पूरे मामले की सच्चाई जानने की कोशिश में लगी हुई है।
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फर्जी रसीद से लिए जाते थे पैसे
जांच में मिली जानकारी के अनुसार, कुछ लोगों के पास ट्रस्ट के नाम जैसी दिखने वाली पुरानी फर्जी रसीदें मिलीं। जब कोई दान देना चाहता था, तो उसे यही रसीद देकर पैसे लिए जाते थे। इससे लोगों को शक नहीं होता था। हालांकि, बाद में मंदिर में ऑनलाइन रसीद और बैंक के जरिए दान की व्यवस्था शुरू हो गई। इसके बाद कागज वाली रसीद का इस्तेमाल बंद हो गया। श्रद्धालु अब सीधे दान काउंटर या बैंक के माध्यम से दान कर सकते हैं।
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मामले पर नेताओं की अलग-अलग राय
इस मामले पर कई नेताओं ने बयान दिए हैं। अरविंद केजरीवाल ने जांच पर सवाल उठाए हैं। साथ ही उन्होंने कहा है कि एसआईटी बसिर्फ लोगों को बेवकूफ बनाने के लिए बनाई गई है। वहीं उत्तर प्रदेश की मंत्री गुलाब देवी ने कहा कि जांच पूरी ईमानदारी से हो रही है और दोषी कोई भी हो, उसके खिलाफ कार्रवाई होगी। कोई भी 'चंदा चोर' नहीं बच पाएगा।
Created On :   8 July 2026 1:12 PM IST












