पश्चिम बंगाल चुनाव 2026: नतीजों से पहले EC ने कसी कमर, 165 एडिशनल काउंटिंग और 77 पुलिस ऑब्जर्वर को किया नियुक्त

डिजिटल डेस्क, कोलकाता। पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव के नतीजों और वोटिंग से पहले स्ट्रॉन्ग रूम और इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (ईवीएम) से छेड़छाड़ के आरोपों पर सियासी घमासान छिड़ा हुआ है। इस बीच चुनाव आयोग ने शनिवार को बंगाल चुनाव को लेकर बड़ा एक्शन लिया है। ईसी ने पश्चिम बंगाल में 165 अतिरिक्त मतगणना पर्यवेक्षक और 77 पुलिस पर्यवक्षकों को नियुक्त किया है।
बंगाल चुनाव से पहले ईसी का बड़ा एक्शन
इस बारे में चुनाव आयोग ने शनिवार को आधिकारिक रूप से एक बयान जारी किया। जिसके मुताबिक, पश्चिम बंगाल में जारी विधानसभा चुनाव के लिए मतगणना केंद्रों के आसपास सुरक्षा को मजबूत करने और कानून व्यवस्था की निगरानी रखने के लिए 165 अतिरिक्त मतगणना पर्यवेक्षकों और 77 पुलिस पर्यवेक्षकों को नियुक्ति की गई है।
चुनाव आयोग ने कहा कि इन सभी अतिरिक्त मतगणना पर्यवेक्षकों और पुलिस पर्यवेक्षकों की नियुक्ति इसलिए की गई है। जिससे वह 165 विधानसभी क्षेत्रों में तैनात काउंटिंग ऑब्जर्बर्स की सहायता कर सकें और वोट काउंटिंग की प्रक्रिया को सुरक्षित, शांतिपूर्ण, भय-मुक्त और पारदर्शी आयोजन को सुनिश्चित कर सकें। आयोग ने कहा कि यह नियुक्तियां संविधान के अनुच्छेद 324 और रिप्रेजेंटेशन ऑफ द पीपल एक्ट, 1951 की धारा 20बी के तहत चुनाव आयोग की दी गई शक्तियों के आधार पर की गई हैं। इस नियुक्ति के दौरान सभी ऑब्जर्ब्स आयोग के अधीन रहेंगे और आयोग की नियंत्रण और नेतृत्व में कार्य करेंगे।
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काउंटिंग सेंटर के पास पुलिस ऑब्जर्बर की रहेगी तैनाती
अपने बयान में ईसी ने कहा कि पश्चिम बंगाल में जिन 165 विधानसभा क्षेत्रों में एक से अधिक हॉल हैं। वहां काउंटिंग ऑब्जर्वर की मदद के लिए अतिरिक्त मतगणना पर्यवेक्षकों को नियुक्त किया गया है। इस दौरान काउंटिंग सेंटर्स के आसपास सुरक्षा और कानून व्यवस्था को बनाए रखने के लिए पुलिस पर्यवेक्षकों को जिम्मा सौंपा गया है। इससे काउंटिंग सेंटर्स के नजदीक किसी भी तरह की हिंसा और तोड़फोड़ न हो। साथ ही चुनाव आयोग द्वारा जारी दिशा-निर्देशों के तहत काउंटिंग प्रक्रिया पूरी हो पाए।
इतना ही नहीं, चुनाव आयोग ने अपने बयान में साफ कर दिया है कि काउंटिंग सेंटर्स पर तैनात पुलिस ऑब्जर्वर किसी भी हालत में वोटों की गिनती के दिन और दौरान काउंटिंग हॉल में नहीं जाएंगे। पुलिस पर्यवेक्षक वोट काउंटिंग प्रक्रिया के दौरान मतगणना पर्यवेक्षकों और अन्य तैनात चुनावी मशीनरी के साथ मिलकर काम करेंगे।
इसके अलावा, रिटर्निंग अधिकारी ECINET के एक निश्चित मॉड्यूल के तहत काउंटिंग कर्मचारियों, उम्मीदवारों और उनके एजेंटों को एक क्यूआर कोड आधारित फोटो पहचान पत्र (आईडी कार्ड) जारी करेंगे, जिसके जरिए वो काउंटिंग सेंटर्स में प्रवेश कर पाएंगे। आयोग ने यह भी कहा कि काउंटिंग ऑब्जर्बर और रिटर्निंग ऑफिसर के अलावा किसी भी व्यक्ति को काउंटिंग हॉल के भीतर मोबाइल फोन लेकर जाने की अनुमति नहीं होगी।
Created On :   2 May 2026 5:51 PM IST













