- Home
- /
- राज्य
- /
- मध्य प्रदेश
- /
- मोदी कैबिनेट की MP को बड़ी सौगात,...
Railway News: मोदी कैबिनेट की MP को बड़ी सौगात, बिलासपुर-कटनी रेलवे ट्रैक को 4 लेन करने की दी मंजूरी

डिजिटल डेस्क, भोपाल। देश के 7 व्यस्त रेल रूट को 4 लेन में बदलने की योजना को केंद्रीय कैबिनेट ने बुधवार को मंजूरी दे दी है। रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने इसकी जानकारी दी। इस फैसले से इन रूट पर ट्रेनों की आवाजाही आसान होगी और मालगाड़ियों की संख्या भी बढ़ाई जा सकेगी।
रेलवे के इन प्रोजेक्ट से मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ को भी फायदा मिलने की उम्मीद है। रेलवे के जरिए सामान पहुंचाना सड़क के मुकाबले कम खर्चीला होता है। ऐसे में ट्रैक की क्षमता बढ़ने से माल ढुलाई को भी बढ़ावा मिलेगा।
यह भी पढ़े -तीन रेल परियोजनाओं को कैबिनेट की मंजूरी, पीएम मोदी बोले- कनेक्टिविटी के साथ पर्यटन को भी मिलेगा बढ़ावा
अर्थव्यवस्था को होगा फायदा - रेल मंत्री
रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा कि झारसुगुडा और छत्तीसगढ़ के कुछ इलाकों में रेल नेटवर्क पर काफी दबाव है। इन क्षेत्रों में लंबे समय से रेल नेटवर्क का विस्तार नहीं हुआ था।
उन्होंने कहा कि पिछले 12 साल में छत्तीसगढ़ में कई नए रेल प्रोजेक्ट को मंजूरी दी गई है। छत्तीसगढ़ आदिवासी क्षेत्र है और यहां विकास की काफी जरूरत है। रेल कनेक्टिविटी बेहतर होने से लोगों के साथ-साथ राज्य की अर्थव्यवस्था को भी फायदा होगा। यह क्षेत्र देश की ऊर्जा जरूरतों के लिहाज से भी काफी महत्वपूर्ण है।
यह भी पढ़े -रेल कनेक्टिविटी के लिए 10,021 करोड़ रुपए की पांच परियोजनाओं को कैबिनेट की मंजूरी, पीएम मोदी बोले- मिलेगा फायदा
बिलासपुर से कटनी तक 4 लेन होगा ट्रैक
बिलासपुर से पेंड्रा होते हुए कटनी तक जाने वाले रेल रूट पर अभी कहीं दो तो कहीं तीन रेलवे लाइन हैं। अब इस पूरे रूट को 4 लेन यानी चार रेलवे लाइनों वाला बनाया जाएगा।
इस प्रोजेक्ट की लंबाई करीब 367 किलोमीटर है और इसे पूरा करने में करीब 6,528 करोड़ रुपए खर्च होंगे। चार लाइन होने से इस रूट पर ट्रेनों की आवाजाही बढ़ाई जा सकेगी। साथ ही ट्रैक पर लगने वाला दबाव भी कम होगा।
क्या फायदा होगा?
बिलासपुर-कटनी रूट पर चार लाइन होने के बाद रेलवे के लिए ट्रेनों को चलाना आसान हो जाएगा। अभी कई बार तेज ट्रेन को आगे निकालने के लिए दूसरी ट्रेन को स्टेशन या लूप लाइन पर रोकना पड़ता है। अतिरिक्त लाइन बनने से ऐसी स्थिति कम होगी।
इससे एक्सप्रेस और सुपरफास्ट ट्रेनों को बिना ज्यादा रुकावट चलाने में मदद मिलेगी। वहीं, मालगाड़ियों के लिए भी अलग से ट्रैक का बेहतर इस्तेमाल किया जा सकेगा।
नई रेल लाइनें बनने के बाद इस रूट पर यात्री और मालगाड़ियों की संख्या बढ़ाने की क्षमता बढ़ेगी। इससे मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ के बीच रेल कनेक्टिविटी मजबूत होने के साथ माल ढुलाई को भी फायदा मिल सकता है।
Created On :   10 Sept 2026 1:25 AM IST












