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Jabalpur News: दावे हवा-हवाई, सड़क पर ही बसें खड़ी करके बैठा रहे सवारी, इधर खाली पड़ा यात्री प्रतीक्षालय

डिजिटल डेस्क,जबलपुर। यात्री बसों में सफर करने वाले मुसाफिरों को हरसंभव बेहतर सुविधाएं देेने और दीनदयाल चौक के आसपास वाहन खड़े नहीं होने के निर्देश कुछ दिन पूर्व दिए गए थे। इसके बावजूद हालात नहीं बदले हैं। करोड़ों की लागत से बने अंतरराज्यीय बस टर्मिनस (आईएसबीटी) का जब जायजा लिया गया, तब संबंधित जिम्मेदारों के तमाम दावे खोखले नजर आए।
ऐसा इसलिए क्योंकि हमेशा की तरह आज भी बाहर से ही अपने वाहनों में ऑपरेटर्स द्वारा सवारियों को बैठाया जा रहा था, वहीं अंदर बने यात्री प्रतीक्षालय भी पहले की तरह खाली पड़े रहे, जो व्यवस्था पर सवालिया निशान खड़े करते नजर आए।
बाहर से ही नजर आईं तमाम अनियमितताएं
आईएसबीटी में दोपहर लगभग 3:30 बजे जब भास्कर टीम पहुंची, तो हमेशा की तरह दीनदयाल चौराहे के निकट ही यात्री बसें खड़ी नजर आईं। इतना ही नहीं संबंधित ऑपरेटर्स और उनके कर्मचारियों द्वारा तिपहिए ई-रिक्शों में यहां आ रहे मुसाफिरों को अपने वाहनों में बैठाने के लिए आवाज देकर बुलाया जा रहा था।
इस दौरान अघोषित रूप से स्टैण्ड बन चुके दीनदयाल चौक पर जाम जैसे हालात भी बने रहे, इन अव्यवस्थाओं को दूर करने के लिए ट्रैफिक पुलिस अथवा आरटीओ के जिम्मेदार कहीं भी नजर नहीं आ रहे थे।
एक प्रवेश द्वार तो महीनों से ताले में है कैद
आईएसबीटी बनने के दौरान दीनदयाल चौक एवं माढ़ोताल रोड पर दो मुख्य प्रवेश द्वारों का निर्माण करवाया गया था। इसके अलावा तीसरा गेट ग्रीन सिटी रोड पर भी निर्मित कराया गया था, लेकिन कुछ समय पूर्व माढ़ोताल रोड पर बने गेट पर ताला जड़ दिया गया, जिसके कारण दीनदयाल चौक से ही सभी बसों का आना-जाना शुरू हो गया। बसे निर्धारित प्लेटफार्म तक नहीं पहुंच रही हैं। यह भी एक बड़ी वजह चौराहे पर लम्बा-चौड़ा जाम लगने की बनी हुई है।
बसें ही नहीं खड़ी हो रहीं तो...आखिर किस लिए बनाए प्लेटफाॅर्म
आईएसबीटी परिसर के भीतर पहुंचने पर एक अजीबो-गरीब स्थित देखने को मिली। वह यह कि बसों को खड़ा करने के लिए जो प्लेटफाॅर्म बनाए गए थे। उनमें से कई तो खाली पड़े थे और इक्का-दुक्का में ही वाहन खड़े नजर आए। इतना ही नहीं बाहर मैदान में करीब 1 दर्ज यात्री बसें खड़ी हुई थीं, जिनके कारण सार्वजनिक मार्ग भी खासा संकरा होता दिख रहा था। मौके पर मौजूद लोगों ने कहा कि ये प्लेटफार्म बसों को खड़ा करने और यहीं से उन्हें गंतव्य के लिए रवाना करने के लिए बनाए गए हैं, लेकिन इनका उपयोग ही नहीं हो रहा है।
बसें प्लेटफार्म की जगह जहां-तहां मनमाने ढंग से खड़ी करके रवाना की जा रही हैं। इससे यात्रियों को भी दिक्कत हो रही है। यह दृश्य तो सभी को हैरान भी कर रहा है कि पिछले कई महीनों से बस क्रमांक एमपी-20-पीए-0142 और एमपी-20-पीए-0977 प्लेटफाॅर्म पर ही खड़ी हुईं हैं।
इन बसों में धूल की मोटी परत चढ़ गई है। कुछ दिन पूर्व यहां पहुंची पुलिस टीम ने इन बसों को हटाने के निर्देश भी दिए थे, लेकिन इसके बावजूद उन्होंने कोई ठोस कार्रवाई नहीं की। यात्रियों का कहना है कि बसों को प्लेटफार्म से ही रवाना किया जाना चाहिए।
सूना पड़ा रहता है वेटिंग हॉल, अव्यवस्थाएं
आईएसबीटी में आने वाले लोगों के लिए यात्री प्रतीक्षालय भी निर्मित किए गए हैं, लेकिन ये भी सूने ही नजर आए और इक्का-दुक्का लोग ही यहां पर बैठे हुए थे। इस संबंध में जब उनसे बातचीत की गई, तो उनका कहना था कि उन्हें अपने गंतव्य तक जाने के लिए बसें अक्सर बाहर से ही मिल जाती हैं, लेकिन आज वे लोग यहां जल्दी आ गए और इसलिए प्रतीक्षालय में बैठकर बस का इंतजार कर रहे हैं। वहीं सवारियों को बसों की जानकारी देने के लिए साउंड सिस्टम कुछ देर तक तो बजता सुनाई दिया, लेकिन जल्द ही वह भी बंद हो गया था।
आईएसबीटी के बाहर जाम न लगे इसके लिए कार्रवाई शुरू कर दी गई है। पिछले 3 दिन में हमने 22 बसों के खिलाफ नो-पार्किंग संबंधी चालान किए हैं। इसके अलावा संबंधित ऑपरेटर और कर्मचारियों को सख्त हिदायत भी दी जा रही है। वहीं बंद हो गए प्रवेश द्वार को खोलने के लिए नगर निगम एवं आरटीओ के अधिकारियों से चर्चा की जाएगी।
- संतोष कुमार शुक्ला, डीएसपी ट्रैफिक जबलपुर
Created On :   27 March 2026 3:15 PM IST












