राजनीतिक माहौल गरमाया: सीजेपी के आंदोलन में हुई तेजस ठाकरे की लांचिंग, आदित्य बोले- गिरफ्तार कार्यकर्ताओं को छोड़ो, अब चुप नहीं बैठेंगे

सीजेपी के आंदोलन में हुई तेजस ठाकरे की लांचिंग, आदित्य बोले- गिरफ्तार कार्यकर्ताओं को छोड़ो, अब चुप नहीं बैठेंगे
  • सेना भवन के बाहर पुलिस और शिवसैनिक आमने-सामने
  • अमित ठाकरे ने पुलिस से पूछा- यह कौन-सा तमाशा है?

डिजिटल डेस्क, मुंबई. दिल्ली के बाद अब मुंबई में भी कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) के आंदोलन को लेकर राजनीतिक माहौल गरमा गया है। रविवार को दादर के शिवाजी पार्क से लेकर शिवसेना भवन तक तनाव की स्थिति बन गई। पुलिस और शिवसेना (उद्धव) के कार्यकर्ताओं के बीच धक्का-मुक्की और तीखी बहस हुई। स्थिति को देखते हुए शिवसेना (उद्धव) विधायक आदित्य ठाकरे अपने भाई तेजस ठाकरे के साथ मौके पर पहुंचे। आदित्य ठाकरे ने पुलिस की कार्रवाई का विरोध किया और नारेबाजी की। इस बीच आदित्य और तेजस को पुलिस ने बैन में बैठा लिया। पहली बार तेजस ठाकरे किसी आंदोलन में उतरे। जिसकी चर्चा सोशल मीडिया पर उनकी लांचिंग को लेकर भी होती रही।

आदित्य ठाकरे ने पुलिस कार्रवाई पर नाराजगी जताते हुए कहा कि मुंबई पुलिस पर दिल्ली की तरह कार्रवाई करने का दबाव दिखाई दे रहा है, लेकिन आंदोलनकारी पीछे नहीं हटेंगे। उन्होंने चेतावनी दी कि आंदोलन महाराष्ट्र के अन्य हिस्सों में भी तेज किया जाएगा। इस बीच, मनसे नेता अमित ठाकरे को भी पुलिस ने रोका, जबकि सामाजिक कार्यकर्ता अंजलि दमानिया को भी हिरासत में लिया गया। इस बीच तेजस ठाकरे के आंदोलन में शामिल होने को लेकर चर्चाएं गर्म रहीं। पहली बार तेजस ने किसी आंदोलन में सक्रीय भूमिका निभाई। हालांकि तेजस इससे पहले सिर्फ सभाओं में परिवार के साथ मौजूद रहते थे।

सेना भवन के बाहर पुलिस और शिवसैनिक आमने-सामने

आदित्य और तेजस ठाकरे के शिवसेना भवन पर पहुंचने के बाद सेना भवन के बाहर राजनीतिक गतिविधियां तेज हो गईं। शिवसैनिकों ने सरकार, भाजपा और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ नारेबाजी की। प्रदर्शनकारियों ने चुनाव आयोग पर कथित वोट चोरी के आरोप लगाते हुए ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग की। आदित्य ने कहा आंदोलन शांतिपूर्ण तरीके से चल रहा था, लेकिन इसे जानबूझकर बिगाड़ने की कोशिश की गई है। गिरफ्तार किए गए लोगों को रिहा किया जाए। हम चुप नहीं बैठेंगे और आंदोलन जारी रखेंगे।

अमित ठाकरे ने पुलिस से पूछा- यह कौन-सा तमाशा है?

मनसे नेता अमित ठाकरे को भी शिवाजी पार्क में आंदोलन के दौरान रोके जाने की खबर सामने आई। उन्होंने पुलिस की कार्रवाई पर नाराजगी जताई और शिवाजी पार्क पुलिस स्टेशन पहुंचकर वरिष्ठ अधिकारियों से बात करने की कोशिश की। उन्होंने हिरासत में लिए गए सभी लोगों को छोड़ने की मांग की। अमित ने सवाल उठाया कि आंदोलन में शामिल होने आए लोगों को इस तरह क्यों रोका जा रहा है।

Created On :   11 Oct 2026 8:50 PM IST

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