छात्रों में उत्साह : खामगांव तहसील में छात्रों को किया जाएगा किताबों का वितरण

June 24th, 2022

डिजिटल डेस्क, खामगांव. इस साल नया शैक्षणिक सत्र २०२२–२३ का २९ जून से प्रारम्भ होनेवाला हैं। शहर एवं तहसील के कुल २९ हजार ९९३ छात्रों को किताबे एवं १९ हजार ५२ छात्रों को शालेय गणवेश देकर उन छात्रों का स्वागत किया जाएगा। शाला शुरू होने के लिए केवल छह दिन शेष हैं। जिससे शालेय छात्रों में काफी उत्साह दिखाई दे रहा है। बालकों का नि:शुल्क एवं सक्ती की शिक्षा कानून के अनुसार कक्षा पहली से आठवीं तक के छात्रों को नि:शुल्क किताबें शासनव्दारा दिए जाते हैं। समग्र शिक्षा अभियान अंतर्गत खामगांव तहसील की जिला परिषद, नगर पालिका, निजी अनुदानित स्कुल मिलाकर कुल २०९ स्कुल हैं। 

जिसमे मराठी माध्यम की १७४, हिंदी माध्यम की ३ एवं उर्दु माध्यम की ३२ स्कुलों में पहली से आठवीं तक कुल १ लाख ७३ हजार ५७१ छात्रों को किताबों का वितरण किया जाएगा। यह सभी किताबें स्कुल तक पहुंचाए गए हैं। उसी तरह कक्षा पहली से आठवीं तक के सभी छात्रा एससी, एसटी, बीपीएल छात्रों को शासन व्दारा गणवेश दिया जाता हैं। इस साल गणवेश का लाभ तहसील के १ हजार ९५२ छात्रों को मिलेगा। हर छात्र को दो गणवेश के लिए ६०० रूपए के अनुसार १० करोड़ १४ लाख ४३ हजार २०० रूपए यह शिक्षण विभगाव्दारा सम्बधित स्कुल व्यवस्थापन समिति के खाते में जमा किए जाने की जानकारी खामगांव पंचायत समिति के गुटशिक्षाधिकारी गजानन गायकवाड ने दी हैं।

शाला व्यवस्थापन समिति को गणवेश खरीदी करने की जिम्मेदारी दी गई हैं। उसी के अनुसार इस समिति ने गणवेश खरीदी किए हैं। इस समिति के सचिव प्रधानाध्यापक हैं। इस समिति ने खरीदी किए गणवेश यह स्कुल के प्रवेश के दिन छात्रों को दिए जाएगें। पहले दिन छात्रों का स्वागत, रैली, स्कुल सजावट करने की सूचना सम्बधित प्रधानाध्यापकों को दी गई हैं। तहसील के ग्राम अटाली, भालेगांव, बोथाकाजी, गणेशपुर, गोंधनापुर, हिवरखेड, लाखनवाडा, निपाणा, पलशी बु., पिंपलगांव राजा, रोहणा, सुटाला, टेंभुर्णा तथा शहर की नगर पालिका क्रमांक १ एवं २ ऐसे कुल १५ केंद्रों पर शालेय स्तर पर किताबों का वितरण किया गया।

स्कूल में नियमित आएं

गजानन गायकवाड, गुटशिक्षाधिकारी, पंस खामगांव के मुताबिक शासन की ओर से शालेय पोषण आहार के साथ ही छात्रों को नि:शुल्क गणवेश एवं किताबों का वितरण किया जा रहा हैं। पात्र छात्रों ने स्कुल के पहले दिन गणवेश एवं किताबे अपने अपने स्कुल से लें एवं अध्ययन की ओर ध्यान देकर स्कुल में नियमित आए।