फर्जी खबर: वायरल हो रही ट्रेन हादसे की तस्वीर है पुरानी, साथ में किया जा रहा है फर्जी दावा 

January 18th, 2022

डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। जलपाईगुड़ी, पश्चिम बंगाल में 13 जनवरी को हुए ट्रेन हादसे में अब तक 9 लोग अपनी जान गवा  चुके हैं और करीब 36 लोगों के जख्मी होने की खबर सामने आई है। कथित तौर पर इंजन में खराबी होने की वजह से बीकानेर गुवाहाटी एक्सप्रेस के डिब्बे पटरी से उतर गए थे।  सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर इस हादसे के संदर्भ में दुर्घटनाग्रस्त ट्रेनों की दो तस्वीरें काफी शेयर की जा रही है, एक फोटो में ट्रेन के कई डब्बे पटरी से उतरे हुए दिखाई दे रहे हैं। वहीं दूसरी फोटो में एक ट्रेन फुट ओवर ब्रिज पर चढ़ी हुई है। इन तस्वीरों के साथ ऐसा दावा किया जा रहा हैं कि, यह जलपाईगुड़ी में हालिया हुए ट्रेन हादसे की तस्वीरें हैं। 

ऐस सामने आई वायरल हुई फोटो की सचाई 

इन तस्वीरों की जांच करते हुए यह पता चला कि यह जलपाईगुड़ी ट्रेन हादसे की तस्वीरें नहीं है। पहली फोटो 2015 में उत्तर प्रदेश में हुए एक ट्रेन हादसे की है। वहीं अगर दूसरी तस्वीर के बारे में बात करें तो वह साल 2010 में पश्चिम बंगाल के बीरभूम में हुए एक घटना की है। 

जब  पहली तस्कोवीर को गूगल रिवर्स सर्च इमेज का मद से चेक किया गया तो यह हमें डेली मेल की एक रिपोर्ट में मिली। इस रिपोर्ट के मुताबिक यह तस्वीर 25 मई 2015 को उत्तर प्रदेश के कौशाम्बी जिले में हुई एक ट्रेन घटना की थी। उस दुर्घटनाग्रस्त एक्सप्रेस का नाम था मुरी एक्सप्रेस जो की राउरकेला से जम्मूतवी को जा रही थी और इस ट्रेन के 9 कोच पटरी से उतर गए थे। हादसे में 4 लोगों की मौत हुई थी और साथ ही लगभग 50 लोग घायल हुए थे। डेकन हैरल्ड अखबार ने भी उत्तर प्रदेश में हुए ट्रेन हादसे की फोटो अपनी रिपोर्ट में जारी की थी।

12 साल पुरानी घटना की है दूसरी फोटो

दूसरी फोटो को जब गूगल रिवर्स सर्च इमेज चेक करके देखा तो पाया कि यह बीरभूम की है, जो कि पश्चिम बंगाल में  हुए एक रेल हादसे की है। यह तस्वीर हमें एनडीटीवी की 2010 की एक रिपोर्ट में मिली। रिपोर्ट के मुताबिक इस हादसे में 50 से अधिक लोगों की मौत हुई थी और 150 से अधिक लोग घायल हुए थे। इस हादसे की फोटो रॉयटर्स की फोटो गैलरी में देखी जा सकती है। 

जलपाईगुड़ी में हाल ही में हुए बीकानेर गुवाहाटी एक्सप्रेस की तस्वीरें नीचे देखी जा सकती हैं। रेल मंत्रालय द्वारा घोषणा की गई है की ट्रेन के हुए इस हादसे मैं जान गवाने वाले लोगों के परिजनों को सरकार की तरफ से ₹500000 की सहायता मिलेगी, वहीं जो लोग गंभीर तरीके से घायल हुए हैं उन्हें ₹100000 तक की सहायता मिलेगी और कम जख्मी यात्रियों को ₹25000 तक का मुआवजा मिलेगा। वायरल हुई फर्जी तस्वीरों से यह बात साफ है कि इनके साथ किया गया दावा गलत है।