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दिल्ली में अब फिर से नहीं होगा लॉकडाउन : सत्येंद्र जैन

November 16th, 2020 12:31 IST
 दिल्ली में अब फिर से नहीं होगा लॉकडाउन : सत्येंद्र जैन

हाईलाइट

  • दिल्ली में अब फिर से नहीं होगा लॉकडाउन : सत्येंद्र जैन

नई दिल्ली, 16 नवंबर (आईएएनएस)। दिल्ली सरकार की दोबारा लॉकडाउन लागू करने की कोई योजना नहीं है। दिल्ली के सभी बाजार सामान्य दिनों की तरह खुले रहेंगे। बाजारों के अलावा सरकारी और प्राइवेट दफ्तर भी नियमित रूप से अपना काम करते रहेंगे।

दिल्ली सरकार ने स्पष्ट किया है कि दोबारा से लॉकडाउन नहीं होगा। कई लोग लॉकडाउन दोबारा लगाए जाने की अटकलें लगा रहे हैं, लेकिन इस तरह की कोई योजना नहीं है।

दिल्ली के स्वास्थ्य मंत्री सत्येंद्र जैन ने सोमवार को कहा, दिल्ली में फिर से कोई लॉकडाउन नहीं लगाया जाएगा। मुझे नहीं लगता लॉकडाउन करने की कोई आवश्यकता है।

इससे पहले दिल्ली के व्यापारियों ने भी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से एक अहम बैठक की। इस बैठक में निर्णय लिया गया कि दिल्ली के सभी बाजार खुले रहेंगे।

ट्रेडर्स एसोसिएशन्स के तेजपाल गोयल ने कहा, सभी व्यापारी दिल्ली में बाजार खुले रखने के पक्ष में हैं। दिल्ली में व्यापार की स्थिति पहले से ही खराब है। बड़ी मुश्किल से लेबर वापस मिली है। दोबारा बाजार बंद हुए तो श्रमिक अपने अपने गांव लौट जाएंगे। व्यापारी भाइयों से अनुरोध है कि अफवाहों पर ध्यान न दें। कोई बाजार बंद होने नहीं जा रहा है।

वहीं रविवार शाम मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने कहा, दिल्ली में दैनिक कोविड-19 परीक्षणों की संख्या बढ़ाकर 1 लाख से 1.25 लाख की जाएगी। केंद्र ने 750 आईसीयू बेड का आश्वासन दिया है जिन्हें डीआरडीओ केंद्र में उपलब्ध कराया जाएगा।

सीएम केजरीवाल ने कहा, गृह मंत्री अमित शाह ने दिल्ली में कोविड की महामारी की स्थिति पर एक आपात बैठक बुलाई। इस बैठक के बाद हमें आश्वासन मिला है कि केंद्र सरकार और राज्य सरकार दोनों की सभी एजेंसियां मिलकर काम करेंगी। मैं गृह मंत्री अमित शाह को उनके सहयोग के लिए धन्यवाद देना चाहता हूं।

उन्होंने कहा, दिल्ली के नागरिकों के जीवन को बचाने के लिए और नागरिकों के स्वास्थ्य के लिए यह समय है जब सरकारों को एक साथ काम करना चाहिए। अभी हम जिस प्रमुख समस्या का सामना कर रहे हैं, वह दिल्ली में आईसीयू बेड की संख्या के बारे में है। 20 अक्टूबर के बाद दिल्ली में कोविड के मामलों की संख्या बहुत अधिक दर से बढ़ रही है। अभी हमारे पास दिल्ली में पर्याप्त मात्रा में कोविड बेड हैं, लेकिन कमी आईसीयू बेड की है।

दिल्ली के सीएम ने कहा, केंद्र सरकार ने स्थिति को देखते हुए आश्वासन दिया है कि डीआरडीओ केंद्र में वे 750 आईसीयू बेड उपलब्ध कराएंगे। 250 बिस्तर सोमवार को उपलब्ध कराए जाएंगे, इसके बाद मंगलवार को 250 और बुधवार को 250 शेष बेड उपलब्ध कराए जाएंगे ।

-- आईएएनएस

जीसीबी-एसकेपी

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छत्तीसगढ़ में नक्सलवाद का खात्मा ठोस रणनीति से संभव - अभय तिवारी

छत्तीसगढ़ में नक्सलवाद का खात्मा ठोस रणनीति से संभव - अभय तिवारी

डिजिटल डेस्क, भोपाल। 21वीं सदी में भारत की राजनीति में तेजी से बदल रही हैं। देश की राजनीति में युवाओं की बढ़ती रूचि और अपनी मौलिक प्रतिभा से कई आमूलचूल परिवर्तन देखने को मिल रहे हैं। बदलते और सशक्त होते भारत के लिए यह राजनीतिक बदलाव बेहद महत्वपूर्ण साबित होगा ऐसी उम्मीद हैं।

अलबत्ता हमारी खबरों की दुनिया लगातार कई चहरों से निरंतर संवाद करती हैं। जो सियासत में तरह तरह से काम करते हैं। उनको सार्वजनिक जीवन में हमेशा कसौटी पर कसने की कोशिश में मीडिया रहती हैं।

आज हम बात करने वाले हैं मध्यप्रदेश युवा कांग्रेस (सोशल मीडिया) प्रभारी व राष्ट्रीय समन्वयक, भारतीय युवा कांग्रेस अभय तिवारी से जो अपने गृह राज्य छत्तीसगढ़ से जुड़े मुद्दों पर बेबाकी से अपनी राय रखते हैं और छत्तीसगढ़ को बेहतर बनाने के प्रयास के लिए लामबंद हैं।

जैसे क्रिकेट की दुनिया में जो खिलाड़ी बॉलिंग फील्डिंग और बल्लेबाजी में बेहतर होता हैं। उसे ऑलराउंडर कहते हैं अभय तिवारी भी युवा तुर्क होने के साथ साथ अपने संगठन व राजनीती  के ऑल राउंडर हैं। अब आप यूं समझिए कि अभय तिवारी देश और प्रदेश के हर उस मुद्दे प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से लगातार अपना योगदान देते हैं। जिससे प्रदेश और देश में सकारात्मक बदलाव और विकास हो सके।

छत्तीसगढ़ में नक्सल समस्या बहुत पुरानी है. लाल आतंक को खत्म करने के लिए लगातार कोशिशें की जा रही है. बावजूद इसके नक्सल समस्या बरकरार है।  यह भी देखने आया की पूर्व की सरकार की कोशिशों से नक्सलवाद नहीं ख़त्म हुआ परन्तु कांग्रेस पार्टी की भूपेश सरकार के कदम का समर्थन करते हुए भारतीय युवा कांग्रेस के राष्ट्रीय कोऑर्डिनेटर अभय तिवारी ने विश्वास जताया है कि कांग्रेस पार्टी की सरकार एक संवेदनशील सरकार है जो लड़ाई में नहीं विश्वास जीतने में भरोसा करती है।  श्री तिवारी ने आगे कहा कि जितने हमारे फोर्स हैं, उसके 10 प्रतिशत से भी कम नक्सली हैं. उनसे लड़ लेना कोई बड़ी बात नहीं है, लेकिन विश्वास जीतना बहुत कठिन है. हम लोगों ने 2 साल में बहुत विश्वास जीता है और मुख्यमंत्री के दावों पर विश्वास जताया है कि नक्सलवाद को यही सरकार खत्म कर सकती है।  

बरहाल अभय तिवारी छत्तीसगढ़ मुख्यमंत्री बघेल के नक्सलवाद के खात्मे और छत्तीसगढ़ के विकास के संबंध में चलाई जा रही योजनाओं को जन-जन तक पहुंचाने के लिए निरंतर काम कर रहे हैं. ज्ञात हो कि छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री ने यह कई बार कहा है कि अगर हथियार छोड़ते हैं नक्सली तो किसी भी मंच पर बातचीत के लिए तैयार है सरकार। वहीं अभय तिवारी  सर्कार के समर्थन में कहा कि नक्सली भारत के संविधान पर विश्वास करें और हथियार छोड़कर संवैधानिक तरीके से बात करें।  कांग्रेस सरकार संवेदनशीलता का परिचय देते हुए हर संभव नक्सलियों को सामाजिक  देने का प्रयास करेगी।  

बीते 6 महीने से ज्यादा लंबे चल रहे किसान आंदोलन में भी प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से अभय तिवारी की खासी महत्वपूर्ण भूमिका हैं। युवा कांग्रेस के बैनर तले वे लगातार किसानों की मदद के लिए लगे हुए हैं। वहीं मौजूदा वक्त में कोरोना की दूसरी लहर के बाद बिगड़ी स्थितियों में मरीजों को ऑक्सीजन और जरूरी दवाऐं निशुल्क उपलब्ध करवाने से लेकर जरूरतमंद लोगों को राशन की व्यवस्था करना। राजनीति से इतर बेहद जरूरी और मानव जीवन की रक्षा के लिए प्रयासरत हैं।

बहरहाल उम्मीद है कि देश जल्दी करोना से मुक्त होगा और छत्तीसगढ़ जैसा राज्य नक्सलवाद को जड़ से उखाड़ देगा। देश के बाकी संपन्न और विकासशील राज्यों की सूची में जल्द शामिल होगा। लेकिन ऐसा तभी संभव होगा जब अभय तिवारी जैसे युवा और विजनरी नेता निरंतर रणनीति के साथ काम करेंगे तो जल्द ही छत्तीसगढ़ भी देश के संपन्न राज्यों की सूची में शामिल होगा।