US-Iran Tensions: स्ट्रेट ऑफ होर्मुज संकट को लेकर UAE का बड़ा बयान, कहा- 'ईरान की एकतरफा व्यवस्था पर नहीं कर सकते भरोसा'

डिजिटल डेस्क, आबू धाबी। अमेरिका और ईरान के बीच लगातार तीखी बयानबाजी जारी है। इस बीच शुक्रवार को संयुक्त अरब अमीरात (UAE) की तरफ से युद्ध के संकेत मिले हैं। यह संकेत ऐसे समय पर सामने आए, जब उनकी तरफ से एक एडवाइजरी जारी की गई थी, जिसमें बताया गया था कि ईरान, इराक और लेबनान में यूएई के मौजूद नागरिक तुरंत खाली कर दे। इसके साथ ही इन देशों की यात्रा करने पर भी रोक लगा दी है।
समाचार एजेंसी रॉयटर्स ने अपनी रिपोर्ट में यूएई के एक सीनियर अधिकारी के हमला से बताया कि स्ट्रेट ऑफ होर्मुज के लिए ईरान की एकतरफा व्यवस्था बनी हुई है, जिस पर कभी भी भरोसा नहीं किया जा सकता है।
यह भी पढ़े -चालीस दिन की जंग में ट्रंप ने करवाया 23,700 करोड़ रुपये का नुकसान, CSIS ने अमेरिकी सैन्य के तबाह हुए हथियारों को लेकर जारी की रिपोर्ट
होर्मुज पर क्या कहा?
यूएई के अधिकारी ने आगे बताया कि यह सभी पक्षों के बीच गहरे अविश्वास का संकेत मिलता है। वहीं, ईरान युद्ध को समाप्त करने के प्रयास में गतिरोध में फंस गया है। इस संघर्ष के दो महीने गुजर जाने के बाद भी होर्मुज में संकट बना हुआ है। इसे ईरान की सेना ने काफी हद तक बंद कर दिया है। वहीं, अमेरिका सैन्य ईरान के कच्चे तेल के जहाजों पर कार्रवाई कर रही है और उन्हें आगे नहीं जाने दिया जा रहा है।
यह भी पढ़े -जंग में उतरेगा UAE? ईरान समेत तीन देशों में अपने नागरिकों की यात्रा पर लगाई रोक, वापसी के दिए निर्देश
नाकेबंदी पर क्या कहा?
यूएई ने बताया कि इन नाकेबंदी की वजह से दुनिया का 20 फीसदी तेल और गैस आपूर्ति बाधित हो गई है। इसकी वजह से वैश्विक ऊर्जा कीमतें आसमान छू रही है। इसके साथ ही आर्थिक मंदी की आशंकाएं भी नजर आ रही है। अमेरिका और ईरान के बीच 7 अप्रैल से ही युद्धविराम जारी है। ऐसी खबरें आने के बाद अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को ईरान के साथ बातचीत करने के लिए नए सैन्य हमलों की योजना बनानी चाहिए। वहीं, गुरुवार को एक ही टाइम में वैश्विक तेल कीमतें चार साल के उच्चतम स्तर पर पहुंच गई है।
Created On :   1 May 2026 10:01 PM IST













