द्विपक्षीय संबंध: भारत-दक्षिण कोरिया के बीच हुआ डिजिटल भुगतान समझौता, आसान होगा QR कोड से पेमेंट करना

डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। दक्षिण कोरिया के राष्ट्रपति ली जे-म्युंग सोमवार को भारत दौरे पर राजधानी नई दिल्ली पहुंचे। प्रेसिडेंट द्रौपदी मुर्मू और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने राष्ट्रपति भवन में उनका जोरदार स्वागत किया। इसके बाद पीएम मोदी और ली जे-म्युंग के बीच हैदराबाद हाउस में कई मुद्दों को लेकर द्विपक्षीय बैठक हुई। दक्षिण कोरियाई राष्ट्रपति ने कहा कि दुनिया की सबसे बड़ी आबादी और चौथी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था के साथ भारत वैश्विक दक्षिण लीडर के रूप में उभरा है।
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि भारत और दक्षिण कोरिया अगले दशक की सफलता की कहानियों की नींव रख रहे हैं। पीएम ने आगे कहा AI-सेमीकंडक्टर और आईटी समेत कई क्षेत्रों में भारत-कोरिया साझेदारी के लिए इंडिया-कोरिया डिजिटल ब्रिज शुरू किया जा रहा है।
दोनों देशों के औद्योगिक और आर्थिक सहयोग को नई गति देने के लिए जहाज निर्माण, सतत विकास, इस्पात और बंदरगाह जैसे क्षेत्रों में कई समझौता ज्ञापनों (MoUs) पर हस्ताक्षर हुए । दोनों देशों के बीच सांस्कृतिक संबंधों को और मजबूत करने के लिए वर्ष 2028 में भारत-दक्षिण कोरिया फ्रेंडशिप फेस्टिवल आयोजित किया जाएगा।
भारत और दक्षिण कोरिया ने इलेक्ट्रॉनिक भुगतान प्रणालियों को जोड़ने के लिए एक समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर किए हैं, इस समझौते के बाद दोनों देशों के नागरिक QR कोड सिस्टम का इस्तेमाल कर आसानी से भुगतान कर सकेंगे। पर्यटन और व्यापार में इसका लाभ दोनों देशों को मिलेगा। इसके साथ ही दोनों नेताओं ने वैश्विक और क्षेत्रीय मुद्दों पर भी विचार विमर्श किया।
पीएम मोदी ने कहा कि भारत और दक्षिण कोरिया के बीच द्विपक्षीय व्यापार अब 27 अरब डॉलर तक पहुंच चुका है। इसे वर्ष 2030 तक बढ़ाकर 50 अरब डॉलर करने का लक्ष्य तय है। पीएम मोदी ने कहा कि लोकतांत्रिक मूल्य, बाजार अर्थव्यवस्था और कानून के शासन का सम्मान भारत और दक्षिण कोरिया दोनों देशों के डीएनए में शामिल है। प्रधानमंत्री ने आगे कहा कि इंडो-पैसिफिक क्षेत्र को लेकर भी दोनों देशों की सोच समान है।
Created On :   20 April 2026 5:12 PM IST












