दैनिक भास्कर हिंदी: डेटा लीक-पेपर लीक पर अखिलेश बोले- गलत हाथों में चली गई है सरकारी व्यवस्था

March 29th, 2018

डिजिटल डेस्क, लखनऊ। सीबीएसई के 10वीं और 12वीं के पेपर लीक और फेसबुक डेटा लीक पर विपक्ष ने सरकार को घेरना शुरू कर दिया है। समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव ने ट्वीट कर सरकार के व्यवस्था पर सवाल उठाया है। ट्वीट के जरिए उन्होंने कहा है कि, 'चुनाव की तारीख़, संवेदनशील सूचनाएं, डेटा और लगातार लीक होते विभिन्न परीक्षाओं के पेपर्स दरअसल सरकार और व्यवस्था के गलत हाथों में चले जाने का परिणाम है। दोबारा इम्तिहान देकर दूसरों की गलती की सजा देश के बच्चे और युवा क्यों भुगतें? और इसकी क्या गारंटी कि पेपर फिर से लीक नहीं होगा।'

सीबीएसई बोर्ड के 10वीं के गणित और 12वीं के अर्थशास्त्र का पेपर लीक होने और फिर से परीक्षा कराए जाने को लेकर स्टूडेंट्स और पैरंट्स में काफी गुस्सा है। पेपर लीक और फिर से परीक्षा कराने को लेकर सीबीएसई की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठ रहे हैं। पेपर लीक मामले पर पुलिस ने दिल्ली के कोचिंग संस्थानों पर शक जताया है। मामले के मास्टरमाइंड बताए जा रहे विद्या कोचिंग सेंटर के मालिक विक्की को पुलिस ने हिरासत में लिया है। वहीं इस मामले पर मानव संसाधन मंत्री प्रकाश जावड़ेकर ने दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की बात कही है।
 


फेसबुक यूजर्स के पर्सनल डेटा की चोरी और उसका चुनावों को प्रभावित करने में इस्तेमाल के खुलासे के बाद सरकार ने फेसबुक को नोटिस जारी कर पूछा है कि क्या भारतीय वोटरों और यूजर्स के पर्सनल डेटा का भी कैम्ब्रिज एनालिटिका या किसी अन्य फर्म ने इस्तेमाल किया है? क्या फेसबुक डेटा का भारतीय चुनाव प्रक्रिया को प्रभावित करने में भी इस्तेमाल हुआ है?

गौरतलब है कि कैम्ब्रिज एनालिटिका (CA) डेटा लीक मामले में विसलब्लोअर क्रिस्टोफर वाइली ने एजेंसी द्वारा भारत में किए गए चुनाव कार्यों का ब्योरा बुधवार को सार्वजनिक कर दिया। वाइली द्वारा ट्वीट कर जो जानकारी साझा की है, उससे साफ पता चलता है कि SCL इंडिया ने भारत में बड़े पैमाने पर जाति गणना समेत चुनावी विश्लेषण का काम किया है। ट्वीट में 2010 के बिहार चुनाव में जेडीयू द्वारा इस कंपनी के इस्तेमाल की बात साफ तौर पर कही गई है।