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राजनीति: प्रशांत किशोर का नीतीश पर निशाना,बोले- बिहार को चाहिए सशक्त नेता, पिछलग्गू नहीं

राजनीति: प्रशांत किशोर का नीतीश पर निशाना,बोले- बिहार को चाहिए सशक्त नेता, पिछलग्गू नहीं

डिजिटल डेस्क, पटना। दिल्ली में केजरीवाल की सरकार बनाने में अहम भूमिका निभाने वाले प्रशांत किशोर (Prashant kishore) ने बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार (Nitish Kumar) को आढ़े हाथों लिया है। पीके ने आज (मंगलवार) पटना में प्रेस कॉन्फ्रेंस करते हुए नीतीश पर जमकर हमला बोला। उन्होंने कहा मेरी और नीतीश जी की लड़ाई विचारधाराओं को लेकर है। गांधी और गोडसे एक साथ नहीं चल सकते। 

किशोर ने कहा मैं गांधी वादी विचारधारा को लेकर आगे बढ़ना चाहता हूं, लेकिन नीतीश गोडसेवादियों का साथ दे रहे हैं। पीके ने कहा बिहार को एक सशक्त नेता की जरूत है, जो किसी का पिछलग्गू न बने। उन्होंने कहा, मैं कोई नई पार्टी नहीं बना रहा हूं। मैं 20 फरवरी से 'बात बिहार की' नाम से एक कैंपेन शुरू करने जा रहा हूं। इस कैंपेन के जरिए 100 दिनों तक बिहार घूमूंगा। 

पीके ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि मेरा और नीतीश कुमार (Nitish Kumar) का संबंध राजनीति का नहीं था। वह मुझे अपना बेटा मानते थे। पार्टी से निकालने नीतीश जी के फैसला का मैं स्वागत करता हूं। उन्होंने कहा कि नीतीश जी के साथ उनके मतभेद विचारधारा को लेकर है। नीतीश उनके साथ है जो गोडसे की विचारधारा को मानते है। महात्मा गांधी और नाथूराम गोडसे एक साथ नहीं चल सकते। 

प्रशांत किशोर ने कहा बिहार में विकास हुआ है, लेकिन विकास की गति काफी धीमी है। 2005 में जो स्थिति थी वह आज भी बिहार की है। पीके ने कहा, मैं इसलिए नहीं बैठा हूं कि कोई राजनीतिक पार्टी बना कर चुनाव लडूं। मैं बिहार में चुनाव लड़ने और लड़ाने नहीं आया हूं। उन्होंने कहा कि जबतक जिंदा हूं, बिहार की सेवा करूंगा। 

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पश्चिम बंगाल में जेड श्रेणी की सुरक्षा
उधर प्रशांत किशोर को ममता बनर्जी सरकार ने जेड श्रेणी की सुरक्षा देने का फैसला लिया है। किशोर बीजेपी के खिलाफ पश्चिम बंगाल में तृणमूल कांग्रेस के लिए चुनावी रणनीति बना रहे हैं। प्रशांत ने ममता बनर्जी के लिए 'दीदी के बोलो' कार्यक्रम की शुरुआत की है। पिछले वर्ष 29 जुलाई को इसे लॉन्च किया गया था। 

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Real Estate: खरीदना चाहते हैं अपने सपनों का घर तो रखे इन बातों का ध्यान, भास्कर प्रॉपर्टी करेगा मदद

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डिजिटल डेस्क, जबलपुर। किसी के लिए भी प्रॉपर्टी खरीदना जीवन के महत्वपूर्ण कामों में से एक होता है। आप सारी जमा पूंजी और कर्ज लेकर अपने सपनों के घर को खरीदते हैं। इसलिए यह जरूरी है कि इसमें इतनी ही सावधानी बरती जाय जिससे कि आपकी मेहनत की कमाई को कोई चट ना कर सके। प्रॉपर्टी की कोई भी डील करने से पहले पूरा रिसर्च वर्क होना चाहिए। हर कागजात को सावधानी से चेक करने के बाद ही डील पर आगे बढ़ना चाहिए। हालांकि कई बार हमें मालूम नहीं होता कि सही और सटीक जानकारी कहा से मिलेगी। इसमें bhaskarproperty.com आपकी मदद कर सकता  है। 

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ध्यान रखें की प्रॉपर्टी RERA अप्रूव्ड हो 
कोई भी प्रॉपर्टी खरीदने से पहले इस बात का ध्यान रखे कि वो भारतीय रियल एस्टेट इंडस्ट्री के रेगुलेटर RERA से अप्रूव्ड हो। रियल एस्टेट रेगुलेशन एंड डेवेलपमेंट एक्ट, 2016 (RERA) को भारतीय संसद ने पास किया था। RERA का मकसद प्रॉपर्टी खरीदारों के हितों की रक्षा करना और रियल एस्टेट सेक्टर में निवेश को बढ़ावा देना है। राज्य सभा ने RERA को 10 मार्च और लोकसभा ने 15 मार्च, 2016 को किया था। 1 मई, 2016 को यह लागू हो गया। 92 में से 59 सेक्शंस 1 मई, 2016 और बाकी 1 मई, 2017 को अस्तित्व में आए। 6 महीने के भीतर केंद्र व राज्य सरकारों को अपने नियमों को केंद्रीय कानून के तहत नोटिफाई करना था।