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 एसबीआई उचेहरा ब्रांच में 70 लाख रू. का गबन , 2 बैंक कर्मियो पर दर्ज किया अपराध  

 एसबीआई उचेहरा ब्रांच में 70 लाख रू. का गबन , 2 बैंक कर्मियो पर दर्ज किया अपराध  

 डिजिटल डेस्क सतना। भारतीय स्टेट बैंक (एसबीआई) की उचेहरा ब्रांच में 70 लाख 44 हजार के गबन के आरोप प्रमाणित पाए जाने पर राज्य आर्थिक अपराध ब्यूरो (ईओडब्ल्यू) ने ग्राहक सहायक अल्बर्ट गौरव सुरेन और एक अन्य के विरुद्ध आईपीसी की धारा-409 और भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की धारा-7 (सी),13 (1), ए, 13(2) के तहत अपराध दर्ज कर लिया गया है। ईओडब्ल्यू के पुलिस अधीक्षक राजेश दंडोतिया ने बताया कि आरोपों के सत्यापन के बाद कायमी की गई है। 
क्या है पूरा मामला 
 प्रकरण के मुताबिक मध्यप्रदेश राज्य सहकारी विपणन संघ मर्यादित उचेहरा के एसबीआई स्थित खाते में 1 अगस्त 1918 से 18 फरवरी 2019  तक की अवधि में अलग-अलग तारीखों  में खाद विक्रय के मद में 27 लाख 43 हजार 97 रुपए की राशि जमा कराने के लिए  ग्राहक सहायक अल्बर्ट गौरव सुरेन को दी गई थी। उसने पावती तो दी लेकिन राशि नहीं जमा की। इसी प्रकार ई-बाजार लिमिटेड उचेहरा के विक्रय सहायक अंकलेश श्रीवास्तव द्वारा जुलाई  2018 से मार्च 2019 तक की अवधि के मध्य संस्थान के भारतीय स्टेट बैंक शाखा साकेत नगर नई दिल्ली में संचालित खाते में जमा करने के लिए उचेहरा शाखा के कैश काउंटर में ग्राहक सहायक को 43 लाख 1 हजार 270 रुपए दिए गए थे, पावती दी गई मगर ये रकम भी जमा नहीं कराई गई।  
 ऐसे  हुआ खुलासा 
हर जमा राशि के एवज में बकायादा पावती दिए जाने के कारण शक की गुंजाइश नहीं रही लेकिन लेकिन वित्तीय वर्ष समाप्त होने पर जब लेखा-जोखा तैयार हुआ तो घपला सामने आ गया। पता चला कि 70 लाख 44 हजार रुपए की  राशि तो जमा ही नहीं कराई गई है। इस आशय की शिकायत ईओडब्ल्यू भोपाल पहुंची। शिकायत के सत्यापन का काम रीवा ईओडब्ल्यू के सब इंस्पेक्टर सीएल रावत को सौंपा गया। जांच में आरोप प्रमाणित पाए जाने पर ग्राहक सहायक के साथ एक अन्य बैंक कर्मी खिलाफ अपराध दर्ज कर लिया गया।  
इनका कहना है 
जांच में शिकयत सही पाए जाने पर एसबीआई उचेहरा के एक ग्राहक सहायक समेत 2 आरोपियों के विरुद्ध 70 लाख के गबन का अपराध ईओडब्ल्यू भोपाल में दर्ज किया गया है। 
राजेश दंडोतिया, एसपी ईओडब्ल्यू रीवा 

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Real Estate: खरीदना चाहते हैं अपने सपनों का घर तो रखे इन बातों का ध्यान, भास्कर प्रॉपर्टी करेगा मदद

Real Estate: खरीदना चाहते हैं अपने सपनों का घर तो रखे इन बातों का ध्यान, भास्कर प्रॉपर्टी करेगा मदद

डिजिटल डेस्क, जबलपुर। किसी के लिए भी प्रॉपर्टी खरीदना जीवन के महत्वपूर्ण कामों में से एक होता है। आप सारी जमा पूंजी और कर्ज लेकर अपने सपनों के घर को खरीदते हैं। इसलिए यह जरूरी है कि इसमें इतनी ही सावधानी बरती जाय जिससे कि आपकी मेहनत की कमाई को कोई चट ना कर सके। प्रॉपर्टी की कोई भी डील करने से पहले पूरा रिसर्च वर्क होना चाहिए। हर कागजात को सावधानी से चेक करने के बाद ही डील पर आगे बढ़ना चाहिए। हालांकि कई बार हमें मालूम नहीं होता कि सही और सटीक जानकारी कहा से मिलेगी। इसमें bhaskarproperty.com आपकी मदद कर सकता  है। 

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ध्यान रखें की प्रॉपर्टी RERA अप्रूव्ड हो 
कोई भी प्रॉपर्टी खरीदने से पहले इस बात का ध्यान रखे कि वो भारतीय रियल एस्टेट इंडस्ट्री के रेगुलेटर RERA से अप्रूव्ड हो। रियल एस्टेट रेगुलेशन एंड डेवेलपमेंट एक्ट, 2016 (RERA) को भारतीय संसद ने पास किया था। RERA का मकसद प्रॉपर्टी खरीदारों के हितों की रक्षा करना और रियल एस्टेट सेक्टर में निवेश को बढ़ावा देना है। राज्य सभा ने RERA को 10 मार्च और लोकसभा ने 15 मार्च, 2016 को किया था। 1 मई, 2016 को यह लागू हो गया। 92 में से 59 सेक्शंस 1 मई, 2016 और बाकी 1 मई, 2017 को अस्तित्व में आए। 6 महीने के भीतर केंद्र व राज्य सरकारों को अपने नियमों को केंद्रीय कानून के तहत नोटिफाई करना था।