comScore

जांजगीर-चांपा : छत्तीसगढ़ अशासकीय विद्यालय फीस विनियम अधिनियम 2020 अधिनियम के क्रियान्वयन के संबंध में निर्देश जारी

October 13th, 2020 16:44 IST
जांजगीर-चांपा : छत्तीसगढ़ अशासकीय विद्यालय फीस विनियम अधिनियम 2020 अधिनियम के क्रियान्वयन के संबंध में निर्देश जारी

डिजिटल डेस्क, जांजगीर-चांपा। शुल्क निर्धारण समितियों में होंगे कलेक्टर के नामांकित सदस्य छत्तीसगढ़ अशासकीय विद्यालय फीस विनियमन अधिनियम 2020 के निर्देशों के क्रियान्वयन के लिए कलेक्टर श्री यशवंत कुमार ने निर्देश जारी किया है। छत्तीसगढ़ अशासकीय विद्यालय फीस विनियमन अधिनियम 2020 के क्रियान्वयन के लिए सभी समितियों में कलेक्टर द्वारा नामांकित किए गए सदस्यों को शामिल किया जाएगा। यह कार्यवाही 15 दिनों के भीतर पूर्ण कर कर ली जाएगी। जारी निर्देश के अनुसार अधिनियम एवं नियम की एक प्रति जिले के सभी अशासकीय विद्यालयों में उपलब्ध करवाया जाएगा। अशासकीय विद्यालयों के प्रबंधन से यह अपेक्षा की गई है कि नियम के प्रावधानों के अनुरूप नियमों का पालन करते हुए संबंधित समितियों के नए सदस्यों का नामांकन 15 दिनों में पूर्ण करने की कार्रवाई की जाएगी। अधिनियम के प्रावधानों के अनुरूप सभी अशासकीय विद्यालय की समितियां समय में गठित हो जाए तथा उनकी बैठकें नियमित रूप से आयोजित हो, यह भी सुनिश्चित किया जाएगा। अधिनियम के प्रावधानों के अनुरूप प्रत्येक अशासकीय विद्यालय में फीस का निर्धारण अधिनियम एवं नियमों में दी गई समय सीमा के भीतर में कर किए जाने के निर्देश है । कलेक्टर द्वारा नामांकित सदस्य शिक्षा विभाग के व्याख्याता से निम्न पद का नहीं होगा। इसी प्रकार छत्तीसगढ़ शासन के किसी अन्य अधिकारी को अधिनियम की धारा के तहत नोडल अधिकारी के रूप में नामांकित भी किया जाएगा। जारी निर्देश के अनुसार यदि किसी विद्यालय के द्वारा प्रथम बार फीस निर्धारण का प्रस्ताव विद्यालय की समिति के समक्ष अधिनियम के प्रावधानों के बीच समय सीमा के भीतर प्रस्तुत नहीं किया जाता है, तो विद्यालय फीस समिति में कलेक्टर द्वारा नामांकित नोडल अधिकारी ऐसे अशासकीय विद्यालय के प्रबंधन को 1 सप्ताह के भीतर प्रथम बार फीस निर्धारण का प्रस्ताव विद्यालय की समिति के समक्ष प्रस्तुत करने के लिखित निर्देश दे सकेगा। यदि अशासकीय विद्यालय प्रबंधन प्रथम बार फीस निर्धारण का प्रस्ताव 1 सप्ताह के भीतर विद्यालय की समिति के समक्ष प्रस्तुत नहीं करता है, तो विद्यालय फीस समिति ऐसे अशासकीय विद्यालय प्रबंधन से बिना प्रस्ताव प्राप्त हुए ही ऐसे अशासकीय विद्यालय के लिए प्रथम बार फीस निर्धारण कर सकेगी। यदि समय सीमा समाप्त होने के पश्चात विद्यालय समिति का अध्यक्ष फीस निर्धारण के लिए विद्यालय समिति की बैठक नहीं बुलाता है, तो विद्यालय समिति में कलेक्टर द्वारा नामांकित नोडल अधिकारी की निर्धारण करने के लिए विद्यालय की समिति की बैठक बुला सकेगा। नोडल अधिकारी द्वारा इस प्रकार बुलाई गई बैठक में यदि विद्यालय समिति का अध्यक्ष उपस्थित नहीं होते हैं, तो बैठक की अध्यक्षता नोडल अधिकारी द्वारा की जाएगी। अशासकीय विद्यालयों को शुल्क पंजी, शिक्षकों एवं कर्मचारियों का वेतन संदाय पंजी, अशासकीय विद्यालय में सामग्री की स्टॉक पंजी, पंजी वाउचर, केसबुक, सीए से कराए गए वार्षिक ऑडिट की रिपोर्ट संधारित करना होगा।

कमेंट करें
8bKgS