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Tandav review: धर्म से जोड़कर बॉयकॉट की तैयारी, डायरेक्टर अब्बास हैं, तो हिंदू विरोधी प्रॉपेगेंडा करार दे रहें यूजर्स 

Tandav review: धर्म से जोड़कर बॉयकॉट की तैयारी, डायरेक्टर अब्बास हैं, तो हिंदू विरोधी प्रॉपेगेंडा करार दे रहें यूजर्स 

डिजिटल डेस्क ( भोपाल)।  2021 की बहुचर्चित वेबसीरीज 'तांडव' 15 जनवरी को रिलीज हो चुकी है। रिलीज के साथ ही यह विवादों में है। दरअसल, इस वेबसीरीज के डायरेक्टर का नाम अली अब्बास जफर है। अब डायरेक्टर मुस्लिम है और फिल्म में किरदार अगर भगवान शिव के वेश में होंगे और राम पर टिप्पणी करेंगे तो हंगामा तो होगा ही।  यह वेबसीरीज नौ पार्ट में है। यह पूरी तरह से एक पॉलिटिकल ड्रामा वेबसीरीज है, जिसमें महत्वाकांक्षी नेताओं को एक कुर्सी के लिए राजनीति करते हुए देखा जा सकता है। यह एक ऐसी पार्टी की कहानी है, जो पिछले 'दो कार्यकाल' से सत्ता में है और इस पार्टी की सबसे अहम डोर एक महिला के पास है, जो कुर्सी के पीछे रहकर सब पर नजर रखे हुए है, क्योंकि उसका मानना है कि सिंहासन के पीछे रहकर वे दुश्मन को सबसे स्पष्ट रूप से देख सकते हैं। 

सैफअली खान, डिंपल कपाड़िया और सुनील ग्रोवर, जीशान अय्यूब और गौहर खान जैसे कई स्टार से सजी यह फिल्म दर्शकों को अंत तक सस्पेंस में रखने में कामयाब रही है। इसमें यूथ नेताओं की लाइफ और उनकी सोच को बताने की भी कोशिश की गई है। जीशान अय्यूब ने यूनिवर्सिटी के स्टूडेंट तौर पर काफी अच्छा काम किया है। 

रिलीज के साथ ही फिल्म विवादों में है और सोशल मीडिया में वॉयकाट तांडव हैशटैग चलाया जा रहा है। यूजर्स का कहना है कि सीरीज के पहले ही पार्ट में हिंदू-देवताओं का अपमान किया गया है। वेब सीरीज के पहले एपिसोड में जीशान अय्यूब भगवान शिव के वेश में नजर आ रहे हैं और यूनिवर्सिटी के छात्रों को संबोधित करते हैं। उनके मंच पर आते ही एक मंच संचालक कहता है, 'नारायण-नारायण। प्रभु कुछ कीजिए। रामजी के फॉलोअर्स लगातार सोशल मीडिया पर बढ़ते ही जा रहे हैं। मुझे लगता है कि हमें भी कुछ नई स्ट्रेटेजी बना ही लेनी चाहिए।' इस पर शिव के रूप में नजर आ रहे जीशान अय्यूब कहते हैं, 'क्या करूं मैं तस्वीर बदल दूं क्या?' इस पर मंच संचालक कहता है कि भोलेनाथ आप तो बहुत ही भोले हैं। इसके बाद अय्यूब कहते हैं कि आखिर आपको किससे आजादी चाहिए। इस पर स्टूडेंट जवाब देते हैं कि जातिवाद से आजादी। बोलने की आजादी, तो अय्यूब कहते हैं कि मतलब देश से आजादी नहीं चाहिए, देश में रहते हुए आजादी चाहिए। 
 
इन्हीं सब बातों को यूजर्स ने मुद्दा बना लिया है और लिखा है कि 'अली अब्बास तांडव वेब सीरीज के डायरेक्टर हैं और इसमें पूरी तरह से लेफ्ट विंग के अजेंडे को आगे बढ़ाने में जुटे हैं। वह टुकड़े-टुकड़े गैंग को ग्लोरिफाई कर रहे हैं।'  

गौरतलब है कि डायरेक्टर अली अब्बास जफर इसके पहले 'टाइगर जिंदा है' और 'सुल्तान' जैसी फिल्में डायरेक्ट कर चुके हैं जो बॉक्स ऑफिस पर हिट रही हैं। 

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Real Estate: खरीदना चाहते हैं अपने सपनों का घर तो रखे इन बातों का ध्यान, भास्कर प्रॉपर्टी करेगा मदद

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डिजिटल डेस्क, जबलपुर। किसी के लिए भी प्रॉपर्टी खरीदना जीवन के महत्वपूर्ण कामों में से एक होता है। आप सारी जमा पूंजी और कर्ज लेकर अपने सपनों के घर को खरीदते हैं। इसलिए यह जरूरी है कि इसमें इतनी ही सावधानी बरती जाय जिससे कि आपकी मेहनत की कमाई को कोई चट ना कर सके। प्रॉपर्टी की कोई भी डील करने से पहले पूरा रिसर्च वर्क होना चाहिए। हर कागजात को सावधानी से चेक करने के बाद ही डील पर आगे बढ़ना चाहिए। हालांकि कई बार हमें मालूम नहीं होता कि सही और सटीक जानकारी कहा से मिलेगी। इसमें bhaskarproperty.com आपकी मदद कर सकता  है। 

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भास्कर प्रॉपर्टी ऑनलाइन रियल एस्टेट स्पेस में तेजी से आगे बढ़ने वाली कंपनी हैं, जो आपके सपनों के घर की तलाश को आसान बनाती है। एक बेहतर अनुभव देने और आपको फर्जी लिस्टिंग और अंतहीन साइट विजिट से मुक्त कराने के मकसद से ही इस प्लेटफॉर्म को डेवलप किया गया है। हमारी बेहतरीन टीम की रिसर्च और मेहनत से हमने कई सारे प्रॉपर्टी से जुड़े रिकॉर्ड को इकट्ठा किया है। आपकी सुविधाओं को ध्यान में रखकर बनाए गए इस प्लेटफॉर्म से आपके समय की भी बचत होगी। यहां आपको सभी रेंज की प्रॉपर्टी लिस्टिंग मिलेगी, खास तौर पर जबलपुर की प्रॉपर्टीज से जुड़ी लिस्टिंग्स। ऐसे में अगर आप जबलपुर में प्रॉपर्टी खरीदने का प्लान बना रहे हैं और सही और सटीक जानकारी चाहते हैं तो भास्कर प्रॉपर्टी की वेबसाइट पर विजिट कर सकते हैं।

ध्यान रखें की प्रॉपर्टी RERA अप्रूव्ड हो 
कोई भी प्रॉपर्टी खरीदने से पहले इस बात का ध्यान रखे कि वो भारतीय रियल एस्टेट इंडस्ट्री के रेगुलेटर RERA से अप्रूव्ड हो। रियल एस्टेट रेगुलेशन एंड डेवेलपमेंट एक्ट, 2016 (RERA) को भारतीय संसद ने पास किया था। RERA का मकसद प्रॉपर्टी खरीदारों के हितों की रक्षा करना और रियल एस्टेट सेक्टर में निवेश को बढ़ावा देना है। राज्य सभा ने RERA को 10 मार्च और लोकसभा ने 15 मार्च, 2016 को किया था। 1 मई, 2016 को यह लागू हो गया। 92 में से 59 सेक्शंस 1 मई, 2016 और बाकी 1 मई, 2017 को अस्तित्व में आए। 6 महीने के भीतर केंद्र व राज्य सरकारों को अपने नियमों को केंद्रीय कानून के तहत नोटिफाई करना था।