• Dainik Bhaskar Hindi
  • Health
  • Homeopathy medicine will protect against coronavirus Ministry of AYUSH issued advisory Coronavirus medicine

दैनिक भास्कर हिंदी: Infection Prevention: कोरोना वायरस से बचाएगी ये होम्योपैथी दवा! आयुष मंत्रालय ने जारी की एडवाइजरी

March 18th, 2020

हाईलाइट

  • कोरोना वायरस से बचाव के लिए आयुष मंत्रालय ने जारी की एडवाइजरी
  • कोरोना वायरस के संक्रमण से बचाव के लिए कारगर है होम्योपैथी दवा
  • कोरोना वायरस से भारत में 18 मार्च तक 153 लोग संक्रमित पाए गए

डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। चीन से दुनियाभर में फैला कोरोना वायरस (coronavirus) का संक्रमण बहुत तेजी से आगे बढ़ रहा है। CNA से मिले आंकड़ों के मुताबिक 168 देशों में फैले इस वायरस से बुधवार (18 मार्च 2020) शाम तक 8 हजार 165 लोगों की जान जा चुकी है।  2 लाख 349 लोग संक्रमित हैं। वहीं भारत में 153 लोग पॉजिटीव पाए गए है। जबकि 3 लोगों की जान जा चुकी है। कई देशों के डॉक्टर और शोधकर्ता इस वायरस की वैक्सीन खोजने में जुटे हुए हैं। सरकारें सभी जरुरी कदम उठा रही हैं।

यह भी पढें: कोरोना का कहर: रेलवे ने इन 76 ट्रेनों को किया कैंसिल, सफर से पहले यहां देखें पूरी लिस्ट

वहीं केंद्र सरकार के आयुष मंत्रालय ने भारत में कोरोना वायरस से बचाव के लिए एक एडवाइजरी जारी की है। मंत्रालय ने कहा है कि जबतक इस बीमारी का इलाज नहीं मिल जाता तब तक सफाई और सतर्कता से ही बचाव किया जा सकता है। सेंट्रल काउंसिल फॉर रिसर्च इन होम्योपैथी के वैज्ञानिक सलाहकार बोर्ड ने कोरोना वायरस के संक्रमण को फैलने से रोकने के लिए होम्योपैथी की 'आर्सेनिक एल्बम - 30’ को 3 दिन तक खाली पेट लेने को कारगर उपाय माना है, लेकिन किसी भी दवा का सेवन करने से पहले आयुर्वेदिक, यूनानी और होम्योपैथिक डॉक्टर की सलाह जरुर लें। बिना डॉक्टर की सलाह के किसी भी प्रकार की दवा का सेवन न करें। 

 

कोरोना वायरस (कोविड-19) से संक्रमित मरीज को अगर संक्रमण बना रहता है तो एक महीने बाद आर्सेनिक एल्बम की खुराक को दोबारा ले सकता है। बता दें कि इन्फ्लूएंजा जैसी बीमारी की रोकथाम के लिए भी आर्सेनिक की यह दवा ली जा सकती है। आयुष मंत्रालय से मिली जानकारी के अनुसार तुलसी, काली मिर्च और पिप्पली जैसी आयुर्वेदिक जड़ी-बूटियां भी लोगों को कोरोना वायरस से बचा सकती है। वहीं कोरोना के संक्रमण से बचाव के लिए यूनानी दवाओं में शरबत उन्नाब, तिर्यकअर्बा, तिर्यक नजला, खमीरा मार्वारिद जैसी दवा ली जा सकती है।मंत्रालय की एडवाइजरी में आम लोगों को साफ-सफाई से रहने की सलाह दी गयी है। यूनानी डॉक्टरों ने कोरोना वायरस के बचाव के लिए सुपाच्य, हल्का एवं नरम आहार लेने की सलाह दी है।

विशेषज्ञों के समूह के मुताबिक होम्योपैथी दवा आर्सेनिकम एल्बम 30 संभावित कोरोना वायरस संक्रमण के खिलाफ रोग निरोधी दवा के रूप में ली जा सकती है। इसे आईएलआई की रोकथाम में भी लेने की सलाह दी गई है। आर्सेनिकम एल्बम 30 की एक खुराक तीन दिनों तक रोजाना खाली पेट लेने की भी सलाह दी गई है। अगर समुदाय में कोरोना वायरस का संक्रमण मौजूद हो, तो यह खुराक एक महीने के बाद दोहरायी जानी चाहिए।

एडवाइजरी पढ़ने के लिए नीचे दिए गए लिंक पर क्लिक करें 
https://pib.gov.in/PressReleseDetailm.aspx?PRID=1600940

वहीं यूनानी दवाओं की बात की जाए तो बेहिदाना (सिदोनिया ओबलोंगा) 3 ग्राम, उनाब ज़िज़िफ़स (जुज्यूब लिन) 5 नग, सैपिस्तां (कॉर्डिया माइक्‍सा लिन) 7 नग को 1 लीटर पानी में आधा होने तक उबालकर काढ़ा तैयार करें। इसे बोतल में भरकर आवश्यकता पड़ने पर धीरे-धीरे पीएं। बता दें कि रोगनिरोधी उपायों के लिए प्रतिरक्षा प्रणाली को इस उद्देश्य के लिए मजबूत बनाने की जरूरत है। खमीरा मार्वेरीड 3 से 5 ग्राम रोजाना लें। ये दवाएं कोरोना वायरस से संक्रमण से बचाव में काफी हद तक आपका बचाव करेंगी।