दैनिक भास्कर हिंदी: राम मंदिर विवाद : ओवैसी ने कहा- मध्यस्थता करने के लिए श्रीश्री को नोबेल नहीं मिलेगा

November 14th, 2017

डिजिटल डेस्क, अयोध्या। अयोध्या में राम मंदिर को लेकर चल रहे विवाद में आध्यात्मिक गुरु श्रीश्री रविशंकर शांति के लिए मध्यस्थता की भूमिका निभा रहे हैं। इसके लिए हैदराबाद से सांसद असदुद्दीन ओवैसी ने श्रीश्री का मजाक उड़ाते हुए कहा कि मध्यस्थता करने के लिए उन्हें नोबेल पुरस्कार नहीं मिलने वाला है। शांति की इस पहल को ओवैसी ने बस एक मजाक करार दिया है।

 

ओवैसी ने कहा कि उन्हें इस विवाद को सुलझाने की कोई अथॉरिटी नहीं है। श्रीश्री को जोकर करार देते हुए ओवैसी ने कहा कि वे कुछ भी कर लें उन्हें उनकी इस कोशिश के लिए नोबेल पुरस्कार नहीं मिलने वाला है। श्रीश्री की खिल्ली उड़ाते हुए ओवैसी ने कहा, ‘पहले एनजीटी ने जो जुर्माना उनपर लगाया है वो उसे चुकाये फिर शांति की बात करें।

 

अयोध्या मामले में रविशंकर की पतंगबाजी

असदुद्दीन ने स्वर में जोर देकर कहा कि कुछ ऐसे लोग जो मुगल लिखना तक नहीं जानते मुगलों का वंशज होने का दावा करते हैं और अयोध्या विवाद पर अपना पक्ष रखते हैं। ओवैसी ने कहा कि ऑल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड इस मामले में पहले ही कह चुका है कि उसे किसी तरह का ऑफर स्वीकार नहीं है। ऐसे में इस मुद्दे पर रविशंकर को पतंगबाजी नहीं करनी चाहिए।

 

16 नवंबर को अयोध्या जा रहे हैं श्रीश्री

सोमवार को ही श्रीश्री रविशंकर ने घोषणा कर दी है कि वे 16 नवंबर को अयोध्या जा रहे हैं। साथ ही उन्होंने कहा कि इस विवाद को सुलझाने से जुड़ी अब तक हुई सारी बातचीत सकारात्मक रही है। श्रीश्री के इस बयान के बाद ओवैसी का की उनपर ये टिप्पणी आना कहीं ना कहीं शांति वार्ता को चुनौती देती दिखाई दे रही है।

 

अयोध्या में जो होगा अच्छा होगा- सीएम योगी

छत्तीसगढ़ के रायपुर पहुंचे यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ ने अयोध्या में राम मंदिर निर्माण पर शांति बहाल करने वाला ही बयान दिया है। योगी ने कहा कि अयोध्या में जो होगा अच्छा होगा। सुप्रीम कोर्ट में 5 दिसम्बर से मामले में रोज सुनवाई होगी। उन्होंने कहा राम मंदिर निर्माण में सबकी भावनाओं के अनुरूप ही कार्य होगा।इस बीच उन्होंने रायपुर और अयोध्या के बीच जल्द ही बस सेवा शुरू करने की बात कही।

 

गौरतलब है कि पिछले महीने शिया वक़्फ बोर्ड के चेयरमैन वसीम रिजवी ने बैंगलुरु में श्रीश्री रविशंकर से मुलाकात की थी और अयोध्या विवाद पर बात की थी। वसीम रिजवी ने कहा था कि वे भी इस विवाद को सुलझाना चाहते हैं और इस मुद्दे का ऐसा समाधान चाहते हैं, जिससे दोनों पक्ष सहमत हो।