दैनिक भास्कर हिंदी: कैंसर पीड़ित लड़की के साथ गैंगरेप, मदद मांगने पर राहगीर ने भी बनाया शिकार

December 11th, 2017

डिजिटल डेस्क, लखनऊ। उत्तर प्रदेश में 16 साल की एक कैंसर पीड़ित लड़की के साथ गैंगरेप की एक बड़ी दर्दनाक घटना सामने आई है। यहां 2 लड़कों ने कैंसर पीड़ित लड़की को सुनसान जगह पर ले जाकर गैंगरेप किया और वहीं छोड़कर भाग गए। इसके बाद लड़की ने जब वहां से गुजर रहे एक बुलेट सवार से मदद मांगी, तो उसने भी मदद के बहाने लड़की को अपनी हवस का शिकार बना लिया। देर रात किशोरी अपने घर पहुंची, जहां उसकी हालत देख परिजन उसे लेकर थाने पहुंचे। पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर बुलेट सवार बालू सप्लायर को गिरफ्तार कर लिया है। वहीं अन्य दो आरोपियों की तलाश जारी है।

सरोजनीनगर के एक गांव की रहने वाली 16 वर्षीय किशोरी ने बताया कि वह शनिवार शाम करीब 4:30 बजे सामान लेने चिल्लावां बाजार गई थी। यहां उसका परिचित रहीमाबाद निवासी शुभम मिला। शुभम ने किशोरी को बाइक पर बैठाकर नटकुर के पास एक झोपड़ी में ले गया। यहां शुभम का एक दोस्त पहले से मौजूद था। दोनों ने किशोरी के साथ रात 11 बजे तक गैंगरेप किया। इसके बाद उसे बाइक से सड़क तक लेकर आए और यहां छोड़कर भाग निकले।

राहगीर ने बनाया हवस का शिकार

पीड़ित लड़की सुनसान सड़क पर मदद के लिए इंतजार में खड़ी थी। तभी उधर से गुजर रहे बुलेट सवार बंथरा के जयसिंह खेड़ा निवासी स्थानीय कांट्रैक्टर वीरेंद्र यादव ने उसे देखा। पीड़िता ने उससे बाइक रुकवाई और अपनी आप बीती बताते हुए मदद मांगी। इसके बाद घर छोड़ने के बहाने बुलेट पर बैठाकर थोड़ी दूर आगे पुलिया के पास ले गया। यहां वीरेंद्र ने भी किशोरी के साथ रेप किया और उसे लड़की को उसी के हाल पर वहीं छोड़कर भाग निकला।

पीड़ित लड़की को देख कुछ राहगीरों ने बिजनौर चौकी पर सूचना दी। थाने पहुंचने के बाद पुलिस ने पीड़िता की शिकायत सुनी और उसे लेकर उसके घर पहुंची। रविवार सुबह परिजन किशोरी को लेकर थाने पहुंचे। पुलिस ने तत्काल रिपोर्ट दर्ज कर बंथरा के माती जयसिंह खेड़ा निवासी वीरेंद्र यादव को गिरफ्तार कर लिया।

इंस्पेक्टर डी.के. शाही का कहना है कि वीरेंद्र बालू मोरंग का सप्लायर है। उसने अपना जुर्म भी कुबूल कर लिया है। उन्होंने बताया कि रहीमाबाद निवासी शुभम और उसके दोस्त की तलाश की जा रही है। शुभम के घरवालों और रिश्तेदारों को थाने पर बैठाया गया है।

5 साल से लड़ रही जिंदगी की जंग

पुलिस जब पीड़िता को घर लेकर पहुंची तब परिजनों ने बताया कि लड़की को ब्लड कैंसर है और वह पिछले 5 सालों से जिंदगी की जंग लड़ रही है। उन्होंने बताया है कि पीजीआई और केजीएमयू के सभी डॉक्टरों ने इलाज किया, लेकिन हालत में सुधार नहीं आया। बेटी की बीमारी की वजह से परिवार का कोई सदस्य उसको किसी बात से मना नहीं करता है। शनिवार शाम उसने बाजार जाने की जिद की तो किसी ने नहीं रोका।