दैनिक भास्कर हिंदी: चीनी सेना ने कथित तौर पर अरुणाचल के 5 लोगों को अगवा किया: निनॉन्ग

September 5th, 2020

हाईलाइट

  • चीनी सेना ने कथित तौर पर अरुणाचल के 5 लोगों को अगवा किया: निनॉन्ग

इटानगर, 5 सितम्बर (आईएएनएस)। भारत और चीन के बीच पूर्वी लद्दाख में वास्तविक नियंत्रण रेखा (एलएसी) पर तनाव जारी है। इसी बीच अरुणाचल प्रदेश के कांग्रेस विधायक निनॉन्ग ईरिंग ने शनिवार को दावा किया कि चीन की पीपुल्स लिबरेशन आर्मी (पीएलए) ने प्रदेश के पांच लोगों को अगवा कर लिया है।

भारतीय सेना ने हालांकि कहा है कि उसे इस घटना की जानकारी नहीं है। वहीं राज्य के पुलिस अधिकारी तथ्यों को एकत्र कर रहे हैं।

अरुणाचल के पासीघाट पश्चिम विधानसभा के कांग्रेस विधायक निनॉन्ग ईरिंग ने शनिवार को ट्वीट कर कहा, हमारे राज्य अरुणाचल प्रदेश के ऊपरी सुबासिरी जिले के पांच लोगों का कथित तौर पर चीन की पीएलए ने अपहरण कर लिया है। कुछ महीने पहले भी इसी तरह की घटना घटी थी। पीएलए और चाइनीज कम्युनिस्ट पार्टी (सीसीपी) को मुंहतोड़ जवाब दिया जाना चाहिए।

पूर्व केंद्रीय अल्पसंख्यक मामलों के मंत्री (2012-2014) ईरिंग ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि उन्होंने अधिकारियों से पीएलए की हिरासत से पांच लोगों को छुड़वाने के लिए उचित कदम उठाने का आग्रह किया है।

ऊपरी सुबासिरी जिले के पुलिस अधीक्षक तारू गुसार ने कहा कि उन्होंने घटना की प्रामाणिक जानकारी एकत्र करने के लिए सीमावर्ती गांव में एक तथ्य खोज टीम भेजी है। जिला पुलिस प्रमुख ने मीडिया से कहा, अब तक पुलिस को अपहरण की कोई औपचारिक शिकायत नहीं की गई है।

अरुणाचल प्रदेश में स्थानीय मीडिया ने यह भी बताया है कि अपहरण ऊपरी सुबासिरी जिले के नाचो के पास एक वन क्षेत्र में हुआ है।

मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, अगवा किए गए व्यक्तियों में टोच सिंगकम, प्रसाद रिंगलिंग, डोंगटू इबिया, तनु बेकर और नार्गु डिरी शामिल हैं। ये सभी तागिन समुदाय से ताल्लुक रखते हैं। यह लोग जंगल में गए थे। दो अन्य ग्रामीण, जो अपहरित व्यक्तियों के साथ गए थे और किसी तरह भागने में कामयाब रहे, उन्होंने लोगों को घटना के बारे में बताया।

भारत-चीन सीमा ऊपरी सुबासिरी जिले के मुख्यालय दापोरिजो से लगभग 170 किलोमीटर दूर है, जो राज्य की राजधानी ईटानगर से 280 किलोमीटर दूर है।

जिला मुख्यालय से 120 किलोमीटर दूर नाचो पुलिस स्टेशन से एक पुलिस टीम को आगे के क्षेत्र के गांव (फॉरवर्ड एरिया विलेज) के लिए पैदल भेजा गया है।

अरुणाचल प्रदेश के दूरदराज और पहाड़ी क्षेत्रों में ग्रामीण हमेशा पैदल ही जाने पर मजबूर होते हैं, क्योंकि वहां कोई उचित सड़क नहीं है। अरुणाचल प्रदेश की चीन के साथ 1,080 किलोमीटर की सीमा लगती है। प्रदेश की म्यांमार के साथ 520 किलोमीटर और भूटान के साथ 217 किलोमीटर की सीमा लगती है।

एकेके/एएनएम