comScore

© Copyright 2019-20 : Bhaskarhindi.com. All Rights Reserved.

गाजियाबाद : लूट के रुपये झटकने वाली एसएचओ चंपत, पार्किंग में मिली कार

October 03rd, 2019 21:30 IST
गाजियाबाद : लूट के रुपये झटकने वाली एसएचओ चंपत, पार्किंग में मिली कार

गाजियाबाद, 3 अक्टूबर (आईएएनएस)। लुटेरों के लूटे करोड़ों रुपयों में से लाखों रुपये झटकने की आरोपी महिला इंस्पेक्टर (एसएचओ) चंपत हो गई है। उसे तलाशने में स्थानीय पुलिस को पसीना छूट रहा है।

गाजियाबाद पुलिस अपनी ही इस पूर्व हाई-प्रोफाइल समझी जाने वाली महिला इंस्पेक्टर की तलाश में दिन-रात छापेमारी कर रही है, लेकिन पुलिस को अभी तक सुराग हाथ नहीं लगा है। हां, इस मामले से जुड़ी कार पार्किंग में जरूर लावारिस हालत में खड़ी मिल गई। कहा जाता है कि वांछित महिला एसएचओ हड़पी हुई मोटी रकम इसी कार में रखती हुई सीसीटीवी फुटेज में कैद हो चुकी है।

गाजियाबाद के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) सुधीर कुमार सिंह ने आईएएनएस से बातचीत में कहा, फरार महिला इंस्पेक्टर लक्ष्मी सिंह चौहान और उसके साथ फरार चल रहे आरोपी 5-7 अन्य पुलिसकर्मियों की तलाश में संभावित ठिकानों पर लगातार छापेमारी जारी है।

एसएसएपी ने आगे कहा, लक्ष्मी चौहान द्वारा घटना वाली रात अपराध में इस्तेमाल कार बुधवार को गाजियाबाद रेलवे स्टेशन की पार्किंग में खड़ी मिल गई है। यह कार किसी धीरज भारद्वाज के नाम पर पंजीकृत है।

एसएसपी ने आईएएनएस को आगे बताया, धीरज भारद्वाज कौन है? यह कार घटना वाली रात लिंक रोड थाने में लक्ष्मी चौहान के पास क्यों और कैसे पहुंची? इन तमाम सवालों के जबाव तलाशने की कोशिशें तेज कर दी गई हैं।

उन्होंने एक सवाल के जबाब में कहा, लावारिस हालत में खड़ी मिली सफेद रंग की कार सीसीटीवी में भी साफ-साफ नजर आ रही है। इसी कार में आरोपी और फिलहाल फरार चल रही लिंक रोड थाने की पूर्व महिला एसएचओ इंस्पेक्टर लक्ष्मी सिंह चौहान, कुछ मातहत पुलिस वालों की मदद से सरकारी कार में लदे, लुटेरों से बरामद हुए लाखों रुपयों से भरे बैगों में से कुछ को पार्किंग से बरामद कार में रखती/रखवाती हुई साफ-साफ दिखाई दे रही हैं।

उल्लेखनीय है कि 24-25 सितंबर की मध्यरात्रि में लिंक रोड थाना (गाजियाबाद) की एसएचओ लक्ष्मी चौहान का एक सीसीटीवी फुटेज सामने आया था। इस फुटेज की बात आम होते ही यूपी पुलिस महकमे में कोहराम मच गया था।

कोहराम मचने की वजह थी, लिंक रोड थाने की एसएचओ रहते हुए इंस्पेक्टर लक्ष्मी चौहान द्वारा करोड़ों रुपये लूटकांड में गिरफ्तार लुटेरों से बरामद रुपयों में से करीब 65-70 लाख रुपये के गबन की कोशिश। बाद में इस मामले में उसके खिलाफ धोखाधड़ी, अमानत में खयानत और सरकारी महकमे में रहते हुए भ्रष्टाचार करने के आरोप में एफआईआर गाजियाबाद के एसएसपी द्वारा दर्ज करवाई गई थी। मामला दर्ज होने वाली रात से ही आरोपी महिला इंस्पेक्टर काले कारोबार में शामिल कई संदिग्ध मातहत पुलिसकर्मियों के साथ फरार है।

कमेंट करें
mkNDe
NEXT STORY

Real Estate: खरीदना चाहते हैं अपने सपनों का घर तो रखे इन बातों का ध्यान, भास्कर प्रॉपर्टी करेगा मदद

Real Estate: खरीदना चाहते हैं अपने सपनों का घर तो रखे इन बातों का ध्यान, भास्कर प्रॉपर्टी करेगा मदद

डिजिटल डेस्क, जबलपुर। किसी के लिए भी प्रॉपर्टी खरीदना जीवन के महत्वपूर्ण कामों में से एक होता है। आप सारी जमा पूंजी और कर्ज लेकर अपने सपनों के घर को खरीदते हैं। इसलिए यह जरूरी है कि इसमें इतनी ही सावधानी बरती जाय जिससे कि आपकी मेहनत की कमाई को कोई चट ना कर सके। प्रॉपर्टी की कोई भी डील करने से पहले पूरा रिसर्च वर्क होना चाहिए। हर कागजात को सावधानी से चेक करने के बाद ही डील पर आगे बढ़ना चाहिए। हालांकि कई बार हमें मालूम नहीं होता कि सही और सटीक जानकारी कहा से मिलेगी। इसमें bhaskarproperty.com आपकी मदद कर सकता  है। 

जानिए भास्कर प्रॉपर्टी के बारे में:
भास्कर प्रॉपर्टी ऑनलाइन रियल एस्टेट स्पेस में तेजी से आगे बढ़ने वाली कंपनी हैं, जो आपके सपनों के घर की तलाश को आसान बनाती है। एक बेहतर अनुभव देने और आपको फर्जी लिस्टिंग और अंतहीन साइट विजिट से मुक्त कराने के मकसद से ही इस प्लेटफॉर्म को डेवलप किया गया है। हमारी बेहतरीन टीम की रिसर्च और मेहनत से हमने कई सारे प्रॉपर्टी से जुड़े रिकॉर्ड को इकट्ठा किया है। आपकी सुविधाओं को ध्यान में रखकर बनाए गए इस प्लेटफॉर्म से आपके समय की भी बचत होगी। यहां आपको सभी रेंज की प्रॉपर्टी लिस्टिंग मिलेगी, खास तौर पर जबलपुर की प्रॉपर्टीज से जुड़ी लिस्टिंग्स। ऐसे में अगर आप जबलपुर में प्रॉपर्टी खरीदने का प्लान बना रहे हैं और सही और सटीक जानकारी चाहते हैं तो भास्कर प्रॉपर्टी की वेबसाइट पर विजिट कर सकते हैं।

ध्यान रखें की प्रॉपर्टी RERA अप्रूव्ड हो 
कोई भी प्रॉपर्टी खरीदने से पहले इस बात का ध्यान रखे कि वो भारतीय रियल एस्टेट इंडस्ट्री के रेगुलेटर RERA से अप्रूव्ड हो। रियल एस्टेट रेगुलेशन एंड डेवेलपमेंट एक्ट, 2016 (RERA) को भारतीय संसद ने पास किया था। RERA का मकसद प्रॉपर्टी खरीदारों के हितों की रक्षा करना और रियल एस्टेट सेक्टर में निवेश को बढ़ावा देना है। राज्य सभा ने RERA को 10 मार्च और लोकसभा ने 15 मार्च, 2016 को किया था। 1 मई, 2016 को यह लागू हो गया। 92 में से 59 सेक्शंस 1 मई, 2016 और बाकी 1 मई, 2017 को अस्तित्व में आए। 6 महीने के भीतर केंद्र व राज्य सरकारों को अपने नियमों को केंद्रीय कानून के तहत नोटिफाई करना था।