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बेंगलुरु: हुलीमावू झील की बाउंड्री वॉल में दरार, 350 से ज्यादा घरों में घुसा पानी

November 25th, 2019 08:11 IST
बेंगलुरु: हुलीमावू झील की बाउंड्री वॉल में दरार, 350 से ज्यादा घरों में घुसा पानी

हाईलाइट

  • बेंगलुरु की सीमा के भीतर बहने वाली हुलीमावू झील की ब्राउंड्री वॉल में दरार
  • दरार पड़ने से पानी सड़कों पर आ गया और 350 से ज्यादा घरों में घुस गया
  • राहत और बचाव दल ने सभी प्रभावित लोगों को सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया

डिजिटल डेस्क, बेंगलुरु। बेंगलुरु की सीमा के भीतर बहने वाली हुलीमावू झील की बाउंड्री वॉल में रविवार को दरार आ गई। इस वजह से झील का पानी सड़कों पर आ गया और 350 से ज्यादा घरों में घुस गया। अचानक आई बाढ़ में सड़क पर खड़ी कारें और दो पहिया वाहन भी बह गए। एनडीआरएफ सहित अन्य टीम रेस्क्यू ऑपरेशन में जुट गई और सभी प्रभावित लोगों को सुरक्षित स्थान पर ले जाया गया।

इस घटना की सूचना मिलते ही बीबीएमपी आयुक्त बीएच अनिल कुमार, बेंगलुरु शहर के पुलिस आयुक्त भास्कर राव और मेयर एम गौतम कुमार सहित अधिकारियों ने मौके पर पहुंच गए और राहत और बचाव कार्य के लिए तत्काल निर्देश जारी किए। गौतम कुमार ने कहा कि कुछ लोग अर्थमूवर मशीन की मदद से पाइपलाइन डालने के लिए खुदाई कर रहे थे, तभी अचानक झील का बांध टूट गया। स्थानीय निकाय इस मामले की जांच में जुट गई है।

बीबीएमपी आयुक्त अनिल कुमार ने कहा कि किसी भी तरह के जान-माल के नुकसान की सूचना नहीं है। आपातकालीन सेवा कर्मियों ने नौकाओं का उपयोग करके 7 लोगों को बचाया है। साईंबाबा आश्रम में बिस्तरों और भोजन के साथ एक रैन बसेरा स्थापित किया गया है। बीबीएमपी स्वास्थ्य और राजस्व दल इस नुकसान का आकलन सोमवार को करेंगे।

बीबीएमपी के अधिकारियों ने बताया कि प्रभावित स्थानों के प्रारंभिक सर्वेक्षण से पता चला है कि कुछ क्षेत्रों में 2 से 5 फीट तक पानी भर गया है। घटना के बाद तत्काल कर्नाटक सिविल डिफेंस कॉर्प्स की क्विक रिस्पांस टीम (QRT) को बुलाया गया था। रेस्क्यू बोट, डी-वॉटरिंग फ्लोटिंग पंप, लाइफ जैकेट, फ्लोटिंग स्ट्रेचर, प्राथमिक चिकित्सा किट और अन्य आवश्यक उपकरणों के साथ दोपहर में बचाव अभियान शुरू हुआ। एनडीआरएफ और फायर एंड इमरजेंसी सर्विसेज की टीम ने स्वतंत्र ऑपरेशन किया।

इस बीच, सिविल एक्टिविस्टों ने इस मुद्दे पर अपनी चिंता जताई और दोषियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की मांग की।

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डिजिटल डेस्क, जबलपुर। किसी के लिए भी प्रॉपर्टी खरीदना जीवन के महत्वपूर्ण कामों में से एक होता है। आप सारी जमा पूंजी और कर्ज लेकर अपने सपनों के घर को खरीदते हैं। इसलिए यह जरूरी है कि इसमें इतनी ही सावधानी बरती जाय जिससे कि आपकी मेहनत की कमाई को कोई चट ना कर सके। प्रॉपर्टी की कोई भी डील करने से पहले पूरा रिसर्च वर्क होना चाहिए। हर कागजात को सावधानी से चेक करने के बाद ही डील पर आगे बढ़ना चाहिए। हालांकि कई बार हमें मालूम नहीं होता कि सही और सटीक जानकारी कहा से मिलेगी। इसमें bhaskarproperty.com आपकी मदद कर सकता  है। 

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कोई भी प्रॉपर्टी खरीदने से पहले इस बात का ध्यान रखे कि वो भारतीय रियल एस्टेट इंडस्ट्री के रेगुलेटर RERA से अप्रूव्ड हो। रियल एस्टेट रेगुलेशन एंड डेवेलपमेंट एक्ट, 2016 (RERA) को भारतीय संसद ने पास किया था। RERA का मकसद प्रॉपर्टी खरीदारों के हितों की रक्षा करना और रियल एस्टेट सेक्टर में निवेश को बढ़ावा देना है। राज्य सभा ने RERA को 10 मार्च और लोकसभा ने 15 मार्च, 2016 को किया था। 1 मई, 2016 को यह लागू हो गया। 92 में से 59 सेक्शंस 1 मई, 2016 और बाकी 1 मई, 2017 को अस्तित्व में आए। 6 महीने के भीतर केंद्र व राज्य सरकारों को अपने नियमों को केंद्रीय कानून के तहत नोटिफाई करना था।