विधानसभा चुनाव 2026: पश्चिम बंगाल की भगवानगोला सीट पर टीएमसी और वाम गठबंधन के बीच कड़ा मुकाबला, JUP बिगाड़ सकती है ममता का खेल

डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। भगवानगोला विधानसभा सीट पश्चिम बंगाल की राजनीति में महत्वपूर्ण स्थान रखती है , इस सीट को चुनावी रूप से संवेदनशील माना जाता है। यहां का चुनावी माहौल काफी सक्रिय होता है। भगवानगोला सीट पर टीएमसी और वाम गठबंधन के बीच कड़ा मुकाबला होता है। 1957 में स्थापित भगवानगोला विधानसभा क्षेत्र सामान्य सीट है, जो पश्चिम बंगाल के मुर्शिदाबाद जिले में आती है। 2024 में हुए विधानसभा उपचुनाव में भगवानगोला सीट से तृणमूल कांग्रेस के रैयात हुसैन सरकार ने जीत हासिल की थी। 2021 के चुनावों में, भगवानगोला सीट पर TMC के कैंडिडेट इदरीस अली ने विजय पाई थी। अली ने कम्युनिस्ट पार्टी ऑफ इंडिया मार्क्सवादी CPI(M) के मोहम्मद कमल हुसैन को हराया था, जो दूसरे नंबर पर रहे थे। बीजेपी यहां तीसरे नबंर पर रहे थे। जबकि 2016 के चुनाव में सीपीएम ने दर्ज हासिल की थी।
चुनाव आयोग ने 15 मार्च को पश्चिम बंगाल विधानससभा चुनाव 2026 के चुनावी कार्यक्रम की घोषणा की, यहां 2 फेज में 23 और 29 अप्रैल को वोटिंग होगी, पहले फेज में 152 सीटों और दूसरे फेज में 142 सीटों पर वोटिंग होगी जबकि मतगणना 4 मई 2026 को होगी।
मौजूदा सीएम ममता बनर्जी के नेतृत्व में टीएमसी लगातार तीसरी बार सरकार बनाने का लक्ष्य लेकर चल रही है, वहीं बीजेपी , वाम दल और कांग्रेस नए गठबंधनों और रणनीतियों के साथ चुनावी मैदान में उतर रहे हैं। पिछले विधानसभा चुनाव में टीएमसी ने 294 में से 213 सीटें जीतकर शानदार जीत दर्ज की थी, जबकि बीजेपी 77 पर सिमट गई थी। अबकी बार भी मुख्य मुकाबला बीजेपी और टीएमसी के बीच माना जा रहा है।
पश्चिम बंगाल की सरकार का कार्यकाल 7 मई को समाप्त हो रहा है। नई सरकार चुनने के लिए समय पर विधानसभा चुनाव हो रहे है। इस चुनाव में स्थानीय मुद्दों के साथ साथ शिक्षा, विकास, बेरोजगारी, महंगाई और प्रदेश -केंद्र सरकार संबंध काफी अहम है।
Created On :   22 March 2026 6:37 PM IST












