संसद का विशेष सत्र: महिला आरक्षण और परिसीमन पर सियासी हलचल तेज, BJP ने कांग्रेस से मांगा समर्थन

डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। केंद्र सरकार संसद का विशेष सत्र बुलाने की तैयारियां कर रही है। इस सत्र में महिला आरक्षण और परिसीमन बिल पर चर्चा की जाएगी। इन बिलों पर समर्थन मांगते हुए केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू ने कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे को पत्र लिखा है। रिजिजू ने इस पत्र को अपने सोशल मीडिया हैंडल पर भी साझा किया है। अपनी पोस्ट में रिजिजू ने बताया कि यह पत्र प्रधानमंत्री मोदी को लिखे गए पत्र के जवाब में है। इससे पहले कांग्रेस ने पीएम मोदी को पत्र लिखकर परिसीमन बिल को संसद में पेश करने से पहले सर्वदलीय बैठक बुलाने की मांग की थी।
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कांग्रेस सकारात्मक चर्चा का बने हिस्सा
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे को लिखे गए पत्र में रिजिजू ने इन बिलों को लेकर होने वाली चर्चा में शामिल होने की अपील की है। पत्र में साफ तौर पर कहा गया है कि सरकार भविष्य में जो भी महत्वपूर्ण बिल लेकर आए, कांग्रेस उसमें सकारात्मक चर्चा में हिस्सा ले।
केंद्रीय मंत्री रिजिजू ने अपने सोशल मीडिया हैंडल पर किए गए पोस्ट में लिखा, "कांग्रेस पार्टी के अध्यक्ष और राज्यसभा में विपक्ष के नेता श्री मल्लिकार्जुन खरगे जी को मेरा पत्र, जो प्रधानमंत्री को लिखे गए उनके पत्र के जवाब में है।"
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सत्रावसान को लेकर दिए उदाहरण
सत्रावसान को लेकर किरेन रिजिजू ने कहा कि अतीत में कई बार संसद का लंबे समय तक सत्रावसान रहा है। उन्होंने बताया कि 1987 में 76 दिन, 1989 में 54 दिन, 2006 और 2013 में 49-49 दिन और 1963 में 41 दिन के अंतराल पर सत्र चलाए गए। रिजिजू ने कहा कि सरकार सकारात्मक चर्चा के लिए सभी दलों की भागीदारी चाहती है।
Created On :   19 Oct 2026 8:27 PM IST












