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आईएसएल-6 : ओडिशा ने मुंबई को 4-2 से दी मात

November 01st, 2019 08:14 IST
आईएसएल-6 : ओडिशा ने मुंबई को 4-2 से दी मात

हाईलाइट

  • आईएसएल-6 : ओडिशा ने मुंबई को 4-2 से दी मात

डिजिटल डेस्क, मुंबई। पिछले दो मैचों की नाकामी को पीछे छोड़ते हुए ओडिशा एफसी ने हीरो इंडियन सुपर लीग (आईएसएल) के छठे सीजन के अपने तीसरे मैच में गुरुवार को यहां मुंबई फुटबाल एरेना में शानदार प्रदर्शन करते हुए मेजबान मुंबई सिटी एफसी को 4-2 से हरा दिया।

घर के बाहर अपना तीसरा मैच खेल रही नई नवेली ओडिशा की टीम की इस सीजन में पिछले तीन मैचों में यह पहली जीत है। टीम को पहले दो मैचों में हार मिली थी। टीम के अब तीन अंक हो गए हैं। वहीं, मुंबई की तीन मैचों में यह पहली हार है। ओडिश एफसी के लिए फ्रांसिस्को हर्नाडेज ने छठे, एरिडेन संताना ने 21वें और 72वें जबकि जैरी माविमिंगथांगल ने 41वें मिनट में गोल किए।

मुंबई सिटी एफसी की ओर से मोहम्मद लार्बी ने 51वें मिनट में पेनाल्टी पर और बिपिन सिंह ने इंजुरी टाइम में गोल किया। ओडिशा ने मैच में बेहतरीन शुरुआत की और पहले 10 मिनट में ही बढ़त हासिल कर ली। हर्नाडेज ने छठे मिनट में संताना से मिले पास पर गोल दागकर ओडिशा को मुकाबले में 1-0 की बढ़त दिला दी। मुंबई सिटी को इस सीजन में पहली बार कोई गोल खाना पड़ा।

पहला गोल दागने में मदद करने वाले संताना ने 21वें मिनट में ओडिशा की बढ़त को दोगुना करने में कोई गलती नहीं। स्पेनिश खिलाड़ी संताना ने कॉर्नर पर जैरी से मिले पास पर बॉल को गोल पोस्ट में डालकर ओडिशा को मैच में 2-0 से आगे कर दिया। 32वें मिनट में मुंबई के पास अपने घर में पहला गोल करने का आसान मौका आया। कार्लोस ने बॉक्स के अंदर केवीन को बॉल थमाया, लेकिन उनका यह शॉट क्रॉसबार के ऊपर निकल गया और मेजबान टीम खाता खोलने से चूक गई।

मैच में 2-0 की बढ़त लेने के बाद ओडिशा ने हाफ टाइम की समाप्ति से पहले ही एक और गोल दागकर स्कोर 3-0 कर दिया। ओडिशा के लिए यह गोल दूसरे गोल में मदद करने वाले जैरी ने 41वें मिनट में किया। शुभम सारंगी ने बांई ओर से नंदकुमार सीकर को एक लंबा पास दिया। जैरी ने इसे अपने नियंत्रण में लेकर बॉल को गोल पोस्ट में डाल दिया।

आईएसएल के इतिहास में यह पहली बार है जब किसी मैच के पहले हाफ में मुंबई सिटी एफसी ने तीन गोल खाए हैं। दूसरे हॉफ के शुरू होने के पांच मिनट बाद ही ओडिशा के डोरोंसो ने बॉक्स के अंदर केवीन को गिरा दिया। इस पर मुंबई को पेनाल्टी हासिल हुई और मोहम्मद लार्बी ने इस पेनाल्टी को गोल में तब्दील करके मेजबान टीम का खाता खोल दिया।

लार्बी ने यह गोल 51वें मिनट में किया। मुंबई का आईएसएल में यह 100वां गोल है। इसके दो मिनट बाद ही मुंबई की ओर से एक और पेनाल्टी की मांग की गई, जिसे खारिज कर दिया गया। 72वें मिनट में ओडिशा ने उस समय गोलों का चौका जड़ दिया जब संताना ने हेडर के जरिए जैरी से मिले पास पर मैच में अपना दूसरा गोल दागकर ओडिशा को 4-1 की शानदार बढ़त दिला दी।

निर्धारित समय तक 4-1 की बढ़त लेने के बाद मुकाबला इंजुरी टाइम में गया, जहां मुंबई ने एक और गोल दागकर अपने हार के अंतर को कम कर दिया। मुंबई के लिए यह गोल बिपिन सिंह ने किया। इस तरह मुकाबला 4-2 से ओडिशा एफसी के पक्ष में रहा।

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छत्तीसगढ़ में नक्सलवाद का खात्मा ठोस रणनीति से संभव - अभय तिवारी

छत्तीसगढ़ में नक्सलवाद का खात्मा ठोस रणनीति से संभव - अभय तिवारी

डिजिटल डेस्क, भोपाल। 21वीं सदी में भारत की राजनीति में तेजी से बदल रही हैं। देश की राजनीति में युवाओं की बढ़ती रूचि और अपनी मौलिक प्रतिभा से कई आमूलचूल परिवर्तन देखने को मिल रहे हैं। बदलते और सशक्त होते भारत के लिए यह राजनीतिक बदलाव बेहद महत्वपूर्ण साबित होगा ऐसी उम्मीद हैं।

अलबत्ता हमारी खबरों की दुनिया लगातार कई चहरों से निरंतर संवाद करती हैं। जो सियासत में तरह तरह से काम करते हैं। उनको सार्वजनिक जीवन में हमेशा कसौटी पर कसने की कोशिश में मीडिया रहती हैं।

आज हम बात करने वाले हैं मध्यप्रदेश युवा कांग्रेस (सोशल मीडिया) प्रभारी व राष्ट्रीय समन्वयक, भारतीय युवा कांग्रेस अभय तिवारी से जो अपने गृह राज्य छत्तीसगढ़ से जुड़े मुद्दों पर बेबाकी से अपनी राय रखते हैं और छत्तीसगढ़ को बेहतर बनाने के प्रयास के लिए लामबंद हैं।

जैसे क्रिकेट की दुनिया में जो खिलाड़ी बॉलिंग फील्डिंग और बल्लेबाजी में बेहतर होता हैं। उसे ऑलराउंडर कहते हैं अभय तिवारी भी युवा तुर्क होने के साथ साथ अपने संगठन व राजनीती  के ऑल राउंडर हैं। अब आप यूं समझिए कि अभय तिवारी देश और प्रदेश के हर उस मुद्दे प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से लगातार अपना योगदान देते हैं। जिससे प्रदेश और देश में सकारात्मक बदलाव और विकास हो सके।

छत्तीसगढ़ में नक्सल समस्या बहुत पुरानी है. लाल आतंक को खत्म करने के लिए लगातार कोशिशें की जा रही है. बावजूद इसके नक्सल समस्या बरकरार है।  यह भी देखने आया की पूर्व की सरकार की कोशिशों से नक्सलवाद नहीं ख़त्म हुआ परन्तु कांग्रेस पार्टी की भूपेश सरकार के कदम का समर्थन करते हुए भारतीय युवा कांग्रेस के राष्ट्रीय कोऑर्डिनेटर अभय तिवारी ने विश्वास जताया है कि कांग्रेस पार्टी की सरकार एक संवेदनशील सरकार है जो लड़ाई में नहीं विश्वास जीतने में भरोसा करती है।  श्री तिवारी ने आगे कहा कि जितने हमारे फोर्स हैं, उसके 10 प्रतिशत से भी कम नक्सली हैं. उनसे लड़ लेना कोई बड़ी बात नहीं है, लेकिन विश्वास जीतना बहुत कठिन है. हम लोगों ने 2 साल में बहुत विश्वास जीता है और मुख्यमंत्री के दावों पर विश्वास जताया है कि नक्सलवाद को यही सरकार खत्म कर सकती है।  

बरहाल अभय तिवारी छत्तीसगढ़ मुख्यमंत्री बघेल के नक्सलवाद के खात्मे और छत्तीसगढ़ के विकास के संबंध में चलाई जा रही योजनाओं को जन-जन तक पहुंचाने के लिए निरंतर काम कर रहे हैं. ज्ञात हो कि छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री ने यह कई बार कहा है कि अगर हथियार छोड़ते हैं नक्सली तो किसी भी मंच पर बातचीत के लिए तैयार है सरकार। वहीं अभय तिवारी  सर्कार के समर्थन में कहा कि नक्सली भारत के संविधान पर विश्वास करें और हथियार छोड़कर संवैधानिक तरीके से बात करें।  कांग्रेस सरकार संवेदनशीलता का परिचय देते हुए हर संभव नक्सलियों को सामाजिक  देने का प्रयास करेगी।  

बीते 6 महीने से ज्यादा लंबे चल रहे किसान आंदोलन में भी प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से अभय तिवारी की खासी महत्वपूर्ण भूमिका हैं। युवा कांग्रेस के बैनर तले वे लगातार किसानों की मदद के लिए लगे हुए हैं। वहीं मौजूदा वक्त में कोरोना की दूसरी लहर के बाद बिगड़ी स्थितियों में मरीजों को ऑक्सीजन और जरूरी दवाऐं निशुल्क उपलब्ध करवाने से लेकर जरूरतमंद लोगों को राशन की व्यवस्था करना। राजनीति से इतर बेहद जरूरी और मानव जीवन की रक्षा के लिए प्रयासरत हैं।

बहरहाल उम्मीद है कि देश जल्दी करोना से मुक्त होगा और छत्तीसगढ़ जैसा राज्य नक्सलवाद को जड़ से उखाड़ देगा। देश के बाकी संपन्न और विकासशील राज्यों की सूची में जल्द शामिल होगा। लेकिन ऐसा तभी संभव होगा जब अभय तिवारी जैसे युवा और विजनरी नेता निरंतर रणनीति के साथ काम करेंगे तो जल्द ही छत्तीसगढ़ भी देश के संपन्न राज्यों की सूची में शामिल होगा।