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कोच के साथ कर रहा था अभ्यास, इसलिए लॉकडाउन में ज्यादा पिछड़ा नहीं : अमित

October 01st, 2020 09:03 IST
कोच के साथ कर रहा था अभ्यास, इसलिए लॉकडाउन में ज्यादा पिछड़ा नहीं : अमित

हाईलाइट

  • कोच के साथ कर रहा था अभ्यास, इसलिए लॉकडाउन में ज्यादा पिछड़ा नहीं : अमित

डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। मुक्केबाज अमित पंघल को अपने कोच अनिल कुमार धनकड़ के नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ स्पोर्ट (एनआईएस) में लगाए जा रहे शिविर में आने का इंतजार है। अमित पटियाला स्थित एनआईएस में जुलाई से अभ्यास कर रहे हैं। उनका कहना है कि वह जितना अभ्यास लॉकडाउन में धनकड़ के साथ करते थे वो एनआईएस में किए जा रहे अभ्यास से ज्यादा प्रभावी।

अमित ने आईएएनएस से कहा, मुझे जो ताजा जानकारी मिली है उसके मुताबिक, फाइल खेल मंत्रालय भेजी जा चुकी है। लेकिन अभी तक कुछ भी पक्का नहीं है। अमित ने पिछले साल दिसंबर में धनकड़ को राष्ट्रीय शिविर में अपने साथ ले जाने की अपील की थी। 52 किलोग्राम भारवर्ग में नंबर-1 मुक्केबाज अमित ने कहा, मैं उनके साथ अपनी बेसिक ट्रेनिंग और फिटनेस अच्छे से कर सकता हूं। मैंने टूर्नामेंट से पहले और बाद में उन्हीं के साथ अभ्यास करता हूं और इससे मुझे फायदा होता है। इसिलए अगर वह मेरे साथ हर समय रहेंगे तो यह मेरे लिए काफी अच्छा होगा।

उन्होंने कहा, मेरे विचार में मैं ज्यादा पीछे नहीं हूं, क्योंकि मैं घर पर अपने कोच के साथ हमेशा अभ्यास कर रहा था। मैं जिस तरह से उनके साथ ट्रेनिंग कर रहा था, मुझे नहीं लगता कि मैं उस तरह का अभ्यास यहां कर पाऊंगा। इसिलए मैंने भारतीय खेल प्राधिकरण (साई) और भारतीय मुक्केबाजी महासंघ (बीएफआई) से ओलम्पिक के लिए उन्हें अपने साथ रखने की अपील की है। साई की एसओपी के मुताबिक ट्रेनिंग में फिजिकल कॉन्टेक्ट की मनाही है जिसका मतलब है कि शिविर में जो मुक्केबाज हैं वो मुकाबला नहीं कर सकते। अमित ने कहा कि पाबंदियों ने बोरियत पैदा कर दी है लेकिन यह खिलाड़ियों के लिए अपनी कमजोरी पर काम करने के लिए सही है।

उन्होंने कहा, हां, यह बोरिंग है, क्योंकि हम बाहर नहीं जा सकते। हम बीते तीन महीनों से घर नहीं गए। लेकिन यह ट्रेनिंग के लिए अच्छा है। मैंने देखा कि मेरी ताकत शुरुआत में कम थी और इस पर हम बाकी चीजों के साथ काम कर रहे हैं। अमित ने कहा, यह समय है मुकबाला शुरू किया जाए। तीन महीनों से हम यहां है और हम में से किसी को किसी तरह की बीमारी नहीं हुई है। अगर हम अपने साथियों के साथ ट्रेनिंग कर सकते हैं तो यह अच्छा होगा। हो सकता है कि हम अगले महीने से यह शुरू कर दें इटली जाने के बाद।

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डिजिटल डेस्क, जबलपुर। किसी के लिए भी प्रॉपर्टी खरीदना जीवन के महत्वपूर्ण कामों में से एक होता है। आप सारी जमा पूंजी और कर्ज लेकर अपने सपनों के घर को खरीदते हैं। इसलिए यह जरूरी है कि इसमें इतनी ही सावधानी बरती जाय जिससे कि आपकी मेहनत की कमाई को कोई चट ना कर सके। प्रॉपर्टी की कोई भी डील करने से पहले पूरा रिसर्च वर्क होना चाहिए। हर कागजात को सावधानी से चेक करने के बाद ही डील पर आगे बढ़ना चाहिए। हालांकि कई बार हमें मालूम नहीं होता कि सही और सटीक जानकारी कहा से मिलेगी। इसमें bhaskarproperty.com आपकी मदद कर सकता  है। 

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ध्यान रखें की प्रॉपर्टी RERA अप्रूव्ड हो 
कोई भी प्रॉपर्टी खरीदने से पहले इस बात का ध्यान रखे कि वो भारतीय रियल एस्टेट इंडस्ट्री के रेगुलेटर RERA से अप्रूव्ड हो। रियल एस्टेट रेगुलेशन एंड डेवेलपमेंट एक्ट, 2016 (RERA) को भारतीय संसद ने पास किया था। RERA का मकसद प्रॉपर्टी खरीदारों के हितों की रक्षा करना और रियल एस्टेट सेक्टर में निवेश को बढ़ावा देना है। राज्य सभा ने RERA को 10 मार्च और लोकसभा ने 15 मार्च, 2016 को किया था। 1 मई, 2016 को यह लागू हो गया। 92 में से 59 सेक्शंस 1 मई, 2016 और बाकी 1 मई, 2017 को अस्तित्व में आए। 6 महीने के भीतर केंद्र व राज्य सरकारों को अपने नियमों को केंद्रीय कानून के तहत नोटिफाई करना था।