दैनिक भास्कर हिंदी: शिक्षक दिवस पर सुशांत सिंह राजपूत के प्रोफेसर दुखी, कहा- भगवान उनकी आत्मा को शांति दे

September 5th, 2020

हाईलाइट

  • शिक्षक दिवस पर सुशांत सिंह राजपूत के प्रोफेसर दुखी, कहा- भगवान उनकी आत्मा को शांति दे

नई दिल्ली, 5 सितम्बर (आईएएनएस)। शिक्षक दिवस के मौके पर सभी छात्र अपने गुरुओं को फोन और मैसेजेस के माध्यम से बधाई दे रहे हैं। ऐसे में सुशांत सिंह के प्रोफेसर को उनकी याद आ रही है।

प्रोफेसर ने कहा, मैं सोच रहा था कि, उससे मुलाकात हो सकती और वो मुझे अपने बारे में कुछ अधिक बता पाता, लेकिन कभी मौका नहीं मिल सका।

सुशांत सिंह राजपूत के निधन को करीब 3 महीने हो गए हैं। लेकिन अभी भी उनके प्रोफेसर को इस बात पर यकीन नहीं हो रहा है।

दिल्ली टेक्नोलॉजीकल यूनिवर्सिटी के प्रोफेसर आर सी सिंह सुशांत सिंह को काईनेमैटिक्स ऑफ मशीन पढ़ाते थे। प्रोफेसर शिक्षक दिवस के मौके पर सुशांत को याद कर दुखी हुए। प्रोफेसर ने सुशांत को याद करते हुए उनके बारे में कुछ बातें आईएएनएस के साथ साझा कीं। प्रोफेसर आर सी सिंह ने आईएएनएस को बताया, जिस क्लास में सुशांत सिंह राजपूत था, उस क्लास को मैंने पढ़ाया। मुझे अभी भी याद है वो एक शांत स्वभाव का छात्र था। जब भी मैं उससे क्लास में कुछ सवाल पूछता था, वो हमेशा उसका जवाब देता था।

सुशांत क्लास में तो अव्वल था ही लेकिन बाहर की एक्टिविटी में भी काफी सक्रिय था। हालांकि मैं उसकी बाहरी दुनिया ज्यादा नहीं देख सका। लेकिन उसके बारे में हर कोई बताता था और मैं उसके नाम से काफी प्रभावित भी था।

मैं कभी नहीं सोच सकता था कि वो सुसाइड करेगा, सुशांत ऐसा बच्चा नहीं था।

सुशांत बहुत नम्र स्वभाव का व्यक्ति था, उसने एक अच्छी रैंक हासिल कर दिल्ली यूनिवर्सिटी में एडमिशन लिया। वो पढ़ाई में भी अच्छा था। टीचर्स डे पर बस यही कहूंगा कि भगवान उसकी आत्मा की शांति दे और सुशांत को न्याय मिल सके।

दरअसल सुशांत सिंह राजपूत ने दिल्ली कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग के एंट्रेंस एग्जाम में 2003 में 7 वीं रैंक हासिल की थी। इसके बाद सुशांत सिंह ने दिल्ली कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग से मैकेनिकल इंजीनियरिंग की पढ़ाई शुरू की, लेकिन कोर्स के तीसरे साल उन्होंने पढ़ाई छोड़कर एक्टिंग शुरू कर दी। सुशांत अपने कॉलेज के दिनों में ही थिएटर और डांस पर ध्यान देने लग गए थे। इस कारण पढ़ाई का वक्त नहीं मिल पा रहा था।

एमएसके/एएनएम