विधान परिषद: पात्र किसानों को जुलाई के पहले सप्ताह से मिलेगी कर्ज माफी, प्रदेश में ई स्पोर्ट्स के लिए नीति बनाएगी सरकार

पात्र किसानों को जुलाई के पहले सप्ताह से मिलेगी कर्ज माफी, प्रदेश में ई स्पोर्ट्स के लिए नीति बनाएगी सरकार
  • किसानों के मोबाइल पर कर्ज मुक्त होने का आएगा मैसेज
  • प्रदेश में ई स्पोर्ट्स के लिए नीति बनाएगी सरकार

Mumbai News. प्रदेश सरकार की पुण्यश्लोक अहिल्यादेवी होलकर कर्ज मुक्ति योजना का लाभ किसानों को जुलाई महीने के पहले सप्ताह से मिलना शुरू हो जाएगी। बुधवार को विधान परिषद में प्रदेश के सहकारिता मंत्री बाबासाहेब पाटील ने सदन में कर्ज माफी योजना को लेकर हुई चर्चा का जवाब दिया। पाटील ने कहा कि राज्य के पात्र किसानों को जुलाई महीने के पहले सप्ताह में ही कर्ज माफी मिल जाएगी। किसानों को मोबाइल फोन पर कर्ज मुक्त होने का मैसेज आएगा। यदि तकनीकी कारणों से देरी हुई तो जुलाई के दूसरे सप्ताह में निश्चित रूप से कर्ज माफी मिल जाएगी। इससे किसान वर्तमान खरीफ फसल सीजन में नए कर्ज लेने के लिए पात्र हो जाएंगे। पाटील ने कहा कि राज्य में किसानों को 2 लाख रुपए तक की कर्ज माफी दी जाएगी। यदि किसी किसानों पर 4 लाख रुपए कर्ज बकाया है। वो किसान ओटीएस योजना का लाभ ले सकते हैं। एकमुश्त समाधान (ओटीएस) में 3 लाख रुपए की राशि तय हुई तो उस किसान को केवल 1 लाख रुपए देना होगा। जबकि 2 लाख रुपए कर्ज माफी का लाभ मिल सकेगा। पाटील ने कहा कि किसानों को ओटीएस के हिस्से की राशि भरने के लिए 31 मार्च 2027 तक का समय दिया जाएगा। पाटील ने कहा कि ओटीएस करने वाले किसान दोबारा नए कर्ज के लिए पात्र होंगे। वहीं नियमित कर्ज भरने वाले किसानों को 50 हजार रुपए का प्रोत्साहन अनुदान दिया जाएगा। राज्य में कर्ज माफी योजना का लाभ 56 लाख किसानों को मिलेगा। इसके लिए सरकार 36 हजार 500 करोड़ रुपए खर्च करेगी। पाटील ने कहा कि पूर्व की सरकार में कर्ज माफी योजना का लाभ नहीं पाने वाले 12 लाख 71 हजार किसानों को भी वर्तमान योजना में शामिल करने के लिए सरकार सकारात्मक है

प्रदेश में ई स्पोर्ट्स के लिए नीति बनाएगी सरकार, कैबिनेट मंत्री तटकरे ने दिया आश्वासन

प्रदेश में इलेक्ट्रॉनिक स्पोर्ट्स (ई- स्पोर्ट्स) के लिए राज्य सरकार नीति बनाएगी। राज्य की कैबिनेट मंत्री आदिति तटकरे ने यह आश्वासन दिया। बुधवार को सदन में भाजपा विधायक श्रीकांत भारतीय ने ध्यानाकर्षण प्रस्ताव के जरिए इलेक्ट्रॉनिक स्पोर्ट्स नीति बनाने की मांग की। इसके जवाब में तटकरे ने कहा कि केंद्रीय युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्रालय ने इलेक्ट्रॉनिक स्पोर्ट्स का समावेश मल्टी- स्पोर्ट्स इवेंट्स में शामिल किया है। मल्टी- स्पोर्ट्स इवेंट्स में पब्जी, वीडियो गेम्स समेत अन्य खेलों का समावेश है। केंद्र सरकार ने साल 2023 के एशियन गेम्स में इलेक्ट्रॉनिक स्पोर्ट्स को शामिल किया था। जिसमें महाराष्ट्र के पांच खिलाड़ी शामिल हुए थे। तटकरे ने कहा कि महाराष्ट्र का खेल विभाग उत्तर प्रदेश और राजस्थान के इलेक्ट्रॉनिक स्पोर्ट्स नीति का अध्ययन करेगा। क्योंकि महाराष्ट्र और राज्य सरकार ऑनलाइन गेमिंग के खिलाफ नीति बना रहा है। दूसरी तरफ इलेक्ट्रॉनिक स्पोर्ट्स के लिए नीति बनाने का विचार किया जा रहा है। इसलिए हमें बहुत बारिकी से अध्ययन करना पड़ेगा कि इलेक्ट्रॉनिक स्पोर्ट्स में किन खेलों को शामिल किया जाए।

Created On :   24 Jun 2026 9:42 PM IST

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