Maharashtra Politics: कम नहीं हो रहीं उद्धव गुट की मुश्किलें, सांसदों की बगावत के बाद छिनेगा संसद में ऑफिस!

डिजिटल डेस्क, दिल्ली। शिवसेना (यूबीटी) प्रमुख उद्धव ठाकरे की मुश्किलें कम होती नजर नहीं आ रही हैं। एक तरफ उसके 6 लोकसभा सांसद बगावत कर शिंदे गुट में शामिल हो गए, वहीं अब उन्हें एक और बड़ा झटका लग सकता है। उनकी पार्टी के हाथ से संसद परिसर में मिला ऑफिस (128A) छिन सकता है। अगर ऐसा हुआ तो उसके पास संसद में कोई ऑफिस नहीं होगा।
दरअसल, संसद भवन के नियमों के अनुसार परिसर में उसी पार्टी को ऑफिस मिलता है जिसके 5 या उससे ज्यादा सांसद हों। अगर उद्धव गुट से बागी हुए सांसदों को स्पीकर ओम बिरला शिंदे गुट में विलय होने की मान्यता देते हैं, तो फिर यूबीटी गुट के पास केवल 4 सांसद (3 लोकसभा और 1 राज्यसभा) ही रह जाएंगे। ऐसे में नियमों के मुताबिक पार्टी को अपना ऑफिस खाली करना पड़ सकता है।
इसके साथ ही शिवसेना (यूबीटी) अहम मुद्दों पर बुलाई जाने वाली सर्वदलीय बैठक का भी हिस्सा नहीं बन पाएगी। क्योंकि इन बैठकों में उन दलों को बुलाया जाता है जिनके संसद में कम से कम 5 सांसद हों।
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स्पीकर बिरला से मिले यूबीटी सांसद
इस बीच शिवसेना यूबीटी के दो सांसद अनिल देसाई और अरविंद सावंत ने बुधवार शाम लोकसभा स्पीकर ओम बिरला से मुलाकात की। मुलाकात के बाद उन्होंने बताया कि स्पीकर साहब से हमने कहा है कि यदि उनके पास बागी गुट का पत्र आया है तो हमें बताएं। पर अभी ऐसा कुछ नहीं आया है और हमें कोई कागज नहीं मिला।
बता दें कि 22 जून को शिवसेना यूबीटी के 9 में से 6 सांसदों ने बगावत कर शिंदे गुट का दामन थाम लिया था। यह बीते 4 साल में उद्धव गुट में हुई दूसरी टूट है। 22 जून 2022 को पार्टी के 55 विधायकों में से 40 ने एकनाथ शिंदे के नेतृत्व में बगावत कर अपना अलग गुट बना लिया था।
Created On :   24 Jun 2026 8:28 PM IST











