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बयान पर बवाल: सुनेत्रा पवार को गूंगी गुड़िया कहने पर घमासान, राकांपा अजित गुट के कार्यकर्ताओं ने कांग्रेस के दफ्तर में घुसकर किया हंगामा

Mumbai News. महाराष्ट्र की राजनीति में उस समय नया विवाद खड़ा हो गया, जब प्रदेश कांग्रेस ने सोशल मीडिया पर राज्य की उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार को लेकर 'गूंगी गुड़िया' शब्द का इस्तेमाल किया। कांग्रेस की इस टिप्पणी के बाद महायुति में शामिल अजित गुट ने इसे महिलाओं का अपमान बताते हुए कड़ा विरोध दर्ज कराया। देखते ही देखते यह मामला यहां तक पहुंच गया कि राकांपा (अजित) के कार्यकर्ता कांग्रेस कार्यालय गांधी भवन में घुस गए और कांग्रेस के विरोध में नारेबाजी की। मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कांग्रेस द्वारा की गई इस टिप्पणी पर कहा कि खबरों में सुर्खियां पाने के लिए कांग्रेस के नेता इस हद तक पहुंच गए हैं। वहीं प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष हर्षवर्धन सपकाल ने गूंगी गुड़िया के पार्टी के बयान कायम रहते हुए कहा कि अगर सुनेत्रा दुर्गा हैं तो सिद्ध करें।
क्या है पूरा विवाद?
विवाद की शुरुआत प्रदेश कांग्रेस के एक सोशल मीडिया पोस्ट से हुई। कांग्रेस ने हाल ही में बीड दौरे का एक वीडियो साझा किया, जिसमें उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार विधायक धनंजय मुंडे के भाषण के दौरान शांत बैठी दिखाई दे रही थीं। इस वीडियो के साथ कांग्रेस ने सवाल किया कि सुनेत्रा पवार कब तक गूंगी गुड़िया बनी रहेंगी? कांग्रेस का आरोप था कि सरकार और पार्टी के महत्वपूर्ण मुद्दों पर सुनेत्रा पवार अपनी स्वतंत्र राय नहीं रख रही हैं और लगातार चुप रहती हैं। हालांकि कांग्रेस की इस टिप्पणी को राकांपा (अजित) ने महिलाओं का अपमान बताते हुए तीखी प्रतिक्रिया दी।
कांग्रेस कार्यालय के अंदर अजित गुट का प्रदर्शन
कांग्रेस की टिप्पणी के विरोध में राकांपा (अजित) प्रवक्ता सूरज चव्हाण अपने समर्थकों के साथ कोलाबा के कांग्रेस कार्यालय पहुंच गए। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने जोरदार नारेबाजी की और कांग्रेस नेतृत्व से जवाब मांगा। कुछ समय के लिए वहां तनावपूर्ण स्थिति भी बन गई। चव्हाण ने कहा कि कांग्रेस ने महिला उपमुख्यमंत्री का अपमान किया है और यदि तुरंत सार्वजनिक माफी नहीं मांगी गई तो राज्यभर में कांग्रेस कार्यालयों के बाहर प्रदर्शन किया जाएगा। उन्होंने कहा कि शायद कांग्रेस कार्यकर्ता इंदिरा गांधी को भूल गए हैं। हम हर कांग्रेस कार्यालय जाएंगे और पूछेंगे कि क्या महिलाओं को नीचा दिखाना कांग्रेस की राजनीति का हिस्सा है।
मुख्यमंत्री फडणवीस का कांग्रेस पर हमला
मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने भी कांग्रेस की आलोचना करते हुए कहा कि पार्टी राजनीतिक मर्यादा का स्तर लगातार गिरा रही है। उन्होंने कहा कांग्रेस को जनता का समर्थन नहीं मिल रहा है, इसलिए केवल सुर्खियों में बने रहने के लिए इस तरह की बयानबाजी की जा रही है। महाराष्ट्र की राजनीतिक संस्कृति में इतना निम्न स्तर पहली बार देखने को मिल रहा है।
एकनाथ शिंदे ने भी जताई नाराजगी
उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने कांग्रेस से तत्काल माफी मांगने की मांग की। उन्होंने कहा कि जनता ने कांग्रेस को उसकी जगह दिखा दी है। कांग्रेस को अपने बयान पर शर्म आनी चाहिए और सुनेत्रा पवार से सार्वजनिक रूप से माफी मांगनी चाहिए। सामाजिक कार्यकर्ता अंजलि दमानिया जो कई बार राकांपा राकांपा की आलोचना कर चुकी हैं, उन्होंने भी कांग्रेस की भाषा पर आपत्ति जताई। उन्होंने कहा कि मैंने कई मुद्दों पर राकांपा के खिलाफ लड़ाई लड़ी है, लेकिन सुनेत्रा पवार के लिए इस्तेमाल किए गए शब्द पूरी तरह गलत हैं। इसकी कड़ी निंदा होनी चाहिए।
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रोहित पवार का अलग नजरिया
दूसरी ओर शरद गुट के नेता रोहित पवार ने इस मुद्दे पर अलग राय रखी। उन्होंने कहा कि कांग्रेस की टिप्पणी का संदर्भ समझना जरूरी है। उनके अनुसार एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में पत्रकारों के सवाल पर धनंजय मुंडे ने हस्तक्षेप किया था, जबकि सुनेत्रा पवार को स्वयं जवाब देना चाहिए था। रोहित ने कहा कि 'गूंगी गुड़िया' शब्द अच्छा भी हो सकता है और बुरा भी। कभी इंदिरा गांधी को भी इसी नाम से पुकारा गया था, लेकिन बाद में उन्होंने अपने नेतृत्व से खुद को साबित किया।
सपकाल अपनी पार्टी की बात पर कायम
लगातार बढ़ते विवाद के बीच प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष हर्षवर्धन सपकाल ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर पार्टी का पक्ष रखा और अपने बयान से पीछे हटने से इनकार कर दिया। उन्होंने कहा कि अगर हमने उन्हें 'गूंगी गुड़िया' कहा है तो उन्हें साबित करना चाहिए कि वे दुर्गा हैं। उन्हें अपने अधिकारों का इस्तेमाल करना चाहिए।
क्यों प्रसिद्ध है ’गूंगी गुड़िया’ शब्द
गूंगी गुड़िया" भारतीय राजनीति में संसद के भीतर पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी के लिए इस्तेमाल किया गया एक राजनीतिक कटाक्ष था। यह शब्द समाजवादी नेता डॉ. राम मनोहर लोहिया ने 1960 के दशक के उत्तरार्ध में इंदिरा गांधी के कम बोलने और शुरुआती राजनीतिक फैसलों में दूसरों पर निर्भर दिखने के संदर्भ में कहा था।
Created On :   4 Aug 2026 9:30 PM IST
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