दैनिक भास्कर हिंदी: हाईकोर्ट में एजी ने कहा - जबलपुर-दमोह सहित प्रदेश की 29 सड़कों के सुधार के लिए उठाए जा रहे प्रभावी कदम

November 10th, 2020

 हाईकोर्ट में पेश की गई रिपोर्ट
डिजिटल डेस्क जबलपुर ।
मप्र हाईकोर्ट में सोमवार को जबलपुर-दमोह सहित प्रदेश की 29 सड़कों की रिपोर्ट पेश करते हुए एडवोकेट जनरल (एजी) पुरुषेन्द्र कौरव ने कहा कि राज्य सरकार प्रदेश की सभी सड़कों के सुधार के लिए प्रभावी कदम उठा रही है। सड़कों को मोटरेबल बना दिया गया है। एक्टिंग चीफ जस्टिस संजय यादव और जस्टिस विजय कुमार शुक्ला की डिवीजन बैंच ने रिपोर्ट को रिकॉर्ड पर लेने का निर्देश देते हुए याचिका की अगली सुनवाई 21 दिसंबर को नियत की है। 
दमोह हटा निवासी संदीप बजाज की ओर से जनहित याचिका दायर कर कहा गया कि एमपीआरडीसी ने वर्ष 2009 में जबलपुर-दमोह सड़क का निर्माण और मेंटेनेंस का ठेका मेसर्स एस्सल जबलपुर-दमोह टोल रोड प्राइवेट लिमिटेड को दिया था। निर्माण कार्य पूरा होने के बाद कंपनी इस सड़क से गुजरने वाले वाहनों से टोल टैक्स की वसूली कर रही है, लेकिन वह सड़क का मेंटेनेंस नहीं कर रही है। इसकी वजह से जबलपुर-दमोह सड़क जगह-जगह से बदहाल हो चुकी है। सुनवाई के दौरान डिवीजन बैंच ने सड़क के संबंध में रिपोर्ट मँगाई थी। सड़क बदहाल होने पर एसई को फटकार भी लगाई गई थी। कोर्ट मित्र अधिवक्ता नरिंदर पाल सिंह रूपराह ने पिछली सुनवाई के दौरान डिवीजन बैंच को बताया कि जबलपुर-दमोह के अलावा जबलपुर के आसपास से गुजरने वाली अधिकतर सड़कों की हालत खराब है। इस पर डिवीजन बैंच ने राज्य सरकार को सड़कों की रिपोर्ट पेश करने का निर्देश दिया था। सोमवार को राज्य सरकार की ओर से जबलपुर-दमोह सहित 29 सड़कों की रिपोर्ट पेश की गई। मामले की अगली सुनवाई 21 दिसंबर को नियत की गई है।