अनोखी पहल : नागपुर देश का पहला शहर, जिसने बैरिकेड्स लगाकर तालाबों को बचाया

December 9th, 2021

डिजिटल डेस्क, नागपुर।  विदर्भ और देश का पहला ऐसा शहर बन गया है, जहां बैरिकेड्स लगाकर तालाबों को बचाने की मुहिम चलाई जा रही है। शहर में 10 प्रमुख तालाब हैं, जो प्राकृतिक जलस्रोत माने गए हैं। इनमें फुटाला, गांधीसागर, अंबाझरी, सक्करदरा, सोनेगांव, नाईक, लेंडी, बिनाकी, गोरेवाड़ा और पुलिस लाइन टाकली तालाब शामिल हैं। इन सभी के संवर्धन के प्रयासों के अलावा फुटाला तालाब में लगाए जाने वाले फव्वारे से आर्टिफिशियल आॅक्सीजन भी मिलेगी। इससे तालाब का पानी शुद्ध होगा। आगे अन्य तालाबों में भी ऐसी व्यवस्था की जाएगी।

फुटाला तालाब

नागपुर सुधार प्रन्यास द्वारा फुटाला तालाब का सौंदर्यीकरण किया जा रहा है। इस तालाब में सिग्नेचर टयून वाले फव्वारे लगाए जाने वाले हैं। फव्वारे का पानी हवा में उछलकर जब तालाब में गिरेगा तो हर बार अपने साथ ऑक्सीजन लेकर जाएगा। आर्टिफिशियल ऑक्सीजन मिलने से पानी शुद्ध होता जाएगा।  

गांधीसागर तालाब

गांधीसागर तालाब स्वच्छ करने के लिए सीवेज लाइनाें को बंद करने की योजना पर काम किया जाएगा। मलबा निकालकर जलस्तर बढ़ाया जाएगा। तालाब के बीच में अत्याधुनिक रंगीन फव्वारे लगाए जाएंगे। इससे आॅक्सीजन का स्तर बढ़ेगा और पानी शुद्ध होगा।

नाईक और लेंडी तालाब

नाईक व लेंडी तालाबों को पाटकर अतिक्रमणकारियों ने 2000 से अधिक कच्चे व पक्के मकान बना लिए हैं। उन्हें रोकने प्रशासन ने कमर कस ली है। तालाब को सुरक्षित करने के लिए नीरी के साथ मिलकर काम किया जाएगा। नीरी द्वारा तालाबों का पानी फायटॉराइट पद्धति से स्वच्छ किया जाएगा। बिनाकी तालाब के लिए भी ऐसी ही योजना पर काम किया जा सकता है। अंबाझरी, पुलिस लाइन टाकली व सोनेगांव तालाब इलाके में कुछ साल पहले सौंदर्यीकरण किया गया है। संवर्धन व सौंदर्यीकरण की योजनाएं बनाई जा रही हैं। सक्करदरा तालाब की सफाई व सौंदर्यीकरण योजना तैयार है। इनके आधार पर विदर्भ के अन्य तालाबों के संवर्धन और संरक्षण का काम किया जाएगा। 


 

 

 

 

 

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