दैनिक भास्कर हिंदी: राज्य सभा चुनाव : लगाना था खड़ा डंडा,लग गया आड़ा!  इसलिए हुआ बीजेपी विधायक का वोट निरस्त

June 20th, 2020

डिजिटल डेस्क सतना। जिले की  रैगांव विधानसभा सीट से भाजपा के पांचवी बार विधायक जुगुल किशोर बागरी से शुक्रवार को राज्यसभा के लिए मतदान के दौरान भूल हो गई। प्रदेश के पशुपालन मंत्री रह चुके 78 वर्षीय बुजुर्ग विधायक श्री बागरी एक बार फिर से विंध्य से मंत्री पद के दावेदार हैं। उनकी मानें तो मतपत्र पर खड़ा डंडा लगाना था मगर उसकी जगह पर आड़ा डंडा लगा लग गया। इसी वजह से वोट निरस्त हो गया। उन्होंने कहा कि पार्टी ने ज्योतिरादित्य सिंधिया को वोट देने के लिए व्हिप दिया था और मतपत्र में उनके नाम के सामने ही मुहर लगाई थी। विधायक जुगुल बागरी के मुताबिक उनसे इस संबंध में पार्टी ने कोई सफाई नहीं मांगी है। गलती जानबूझकर नहीं हुई है। बीजेपी के जिलाध्यक्ष नरेन्द्र त्रिपाठी भी इसे भूल ही मानते हैं।
 27 साल पहले पहली बार बने थे एमएलए 
जिले की इकलौती अनुसूचित जाति के लिए आरक्षित रैगांव विधान सभा सीट के लिए भाजपा की टिकट जुगुल किशोर बागरी वर्ष 1993 में पहली बार विधायक चुने गए थे। वर्ष 2008 तक वे लगातार 4 बार इसी विधानसभा क्षेत्र के लिए विधायक चुने गए। वर्ष 2013 में उनकी जगह उनके बेटे पुष्पराज बागरी को मौका मिला,मगर भाजपा की परंपरागत सीट पर बसपा खाता खोल ले गई,मगर वर्ष 2018 के चुनाव में जुगुल ने बसपा की ऊषा चौधरी को हरा कर बेटे की हार का बदला ले लिया।  
इनका कहना है
मतपत्र पर खड़ा डंडा लगाना था जिसकी जगह आड़ा डंडा लगा दिया। इस कारण हो सकता है कि वोट निरस्त हुआ है। पार्टी ने ज्योतिरादित्य सिंधिया को वोट देने के लिए व्हिप दिया था और मतपत्र में उनके नाम के सामने ही मुहर लगाई थी। फिलहाल पार्टी की तरफ से किसी ने कोई सफाई नहीं मांगी है। गलती जानबूझकर नहीं हुई है।  
- जुगल किशोर बागरी, विधायक, रैगांव